गयाजी जिले के फतेहपुर थाना क्षेत्र के चरोखरी पंचायत के रघुनाथपुर गांव में गुरुवार को दर्दनाक हादसा हुआ। बिजली करंट की चपेट में आने से मां-बेटे की मौत हो गयी। घटना के बाद गांव में मातम पसर गया। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए मगध मेडिकल कालेज अस्पताल भेजा गया है। वहीं रघुनाथपुर के ग्रामीण इस घटना से काफी आक्रोशित हैं। उनका आरोप है कि बिजली विभाग की लापरवाही की वजह से हादसा हुआ है। मोटर पंप चालू करने के दौरान चपेट में आया युवक जानकारी के अनुसार, रघुनाथपुर गांव के रहने वाले जगदीश यादव का लड़का लाला यादव 36 वर्ष धान की फसल की पटवन करने खेत गए थे। खेत में मोटर पंप लगा हुआ था। वह मोटर पंप चालू करने पहुंचे ही थे कि वह बिजली के करंट की चपेट में आ गए। बेटे को करंट से छटपटाता देख मां भी पहुंची, छुड़ाने में चपेट में आई करंट लगने के बाद लाला यादव मौके पर छटपटाने लगे। उन्हें करंट की चपेट में आया देख उनकी मां सुंदरी देवी 62 वर्ष भी वहां पहुंच गयीं। उन्होंने बेटे को करंट से छुड़ाने का प्रयास किया। इसी दौरान वह भी बिजली की चपेट में आ गईं। हादसे में मां-बेटे दोनों की मौके पर ही मौत हो गई। घटना की जानकारी मिलते ही आसपास के लोग और परिजन खेत की ओर दौड़े। ग्रामीणों ने दोनों को बचाने का प्रयास किया ल लेकिन तब तक काफी देर हो चुकी थी। एक साथ दो मौतों से गांव में चीख-पुकार व अफरातफरी मच गयी। परिजनों के विलाप से माहौल गमगीन हो गया। ग्रामीणों ने बताया कि मां अपने बेटे को बचाने के लिए पहुंची थी। लेकिन बेटे को बचाने के प्रयास में उसकी भी जान चली जाएगी। ग्रामीणों ने घटना की सूचना पुलिस को दी। इसके बाद फतेहपुर थाना की पुलिस मौके पर पहुंची। एसआइ अंबुज कुमार के नेतृत्व में पुलिस टीम ने घटनास्थल की जांच की। पुलिस ने दोनों शवों को कब्जे में लेकर आवश्यक कार्रवाई शुरू कर दी। हादसे के बाद लोगों में बिजली विभाग के प्रति नाराजगी हादसे के बाद ग्रामीणों में बिजली विभाग के प्रति भी नाराजगी है। स्थानीय लोगों का कहना है कि खेतों में मोटर पंप चलाने के दौरान बिजली से जुड़े उपकरण और तार कई बार खतरा पैदा करते हैं। ऐसे स्थानों पर सुरक्षा व्यवस्था की नियमित जांच जरूरी है। ग्रामीणों ने बिजली विभाग से खेतों में लगे मोटर पंप, बिजली तार और कनेक्शन की जांच कराने की मांग की है। एक ही परिवार के मां-बेटे की मौत से रघुनाथपुर गांव में शोक की लहर है। हादसे ने पूरे गांव को झकझोर कर रख दिया है। इधर, एसआई अंबुज कुमार ने कहा कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। पीड़ित परिवार की ओर से कोई आवेदन नहीं दिया गया है। आवेदन आने पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। गयाजी जिले के फतेहपुर थाना क्षेत्र के चरोखरी पंचायत के रघुनाथपुर गांव में गुरुवार को दर्दनाक हादसा हुआ। बिजली करंट की चपेट में आने से मां-बेटे की मौत हो गयी। घटना के बाद गांव में मातम पसर गया। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए मगध मेडिकल कालेज अस्पताल भेजा गया है। वहीं रघुनाथपुर के ग्रामीण इस घटना से काफी आक्रोशित हैं। उनका आरोप है कि बिजली विभाग की लापरवाही की वजह से हादसा हुआ है। मोटर पंप चालू करने के दौरान चपेट में आया युवक जानकारी के अनुसार, रघुनाथपुर गांव के रहने वाले जगदीश यादव का लड़का लाला यादव 36 वर्ष धान की फसल की पटवन करने खेत गए थे। खेत में मोटर पंप लगा हुआ था। वह मोटर पंप चालू करने पहुंचे ही थे कि वह बिजली के करंट की चपेट में आ गए। बेटे को करंट से छटपटाता देख मां भी पहुंची, छुड़ाने में चपेट में आई करंट लगने के बाद लाला यादव मौके पर छटपटाने लगे। उन्हें करंट की चपेट में आया देख उनकी मां सुंदरी देवी 62 वर्ष भी वहां पहुंच गयीं। उन्होंने बेटे को करंट से छुड़ाने का प्रयास किया। इसी दौरान वह भी बिजली की चपेट में आ गईं। हादसे में मां-बेटे दोनों की मौके पर ही मौत हो गई। घटना की जानकारी मिलते ही आसपास के लोग और परिजन खेत की ओर दौड़े। ग्रामीणों ने दोनों को बचाने का प्रयास किया ल लेकिन तब तक काफी देर हो चुकी थी। एक साथ दो मौतों से गांव में चीख-पुकार व अफरातफरी मच गयी। परिजनों के विलाप से माहौल गमगीन हो गया। ग्रामीणों ने बताया कि मां अपने बेटे को बचाने के लिए पहुंची थी। लेकिन बेटे को बचाने के प्रयास में उसकी भी जान चली जाएगी। ग्रामीणों ने घटना की सूचना पुलिस को दी। इसके बाद फतेहपुर थाना की पुलिस मौके पर पहुंची। एसआइ अंबुज कुमार के नेतृत्व में पुलिस टीम ने घटनास्थल की जांच की। पुलिस ने दोनों शवों को कब्जे में लेकर आवश्यक कार्रवाई शुरू कर दी। हादसे के बाद लोगों में बिजली विभाग के प्रति नाराजगी हादसे के बाद ग्रामीणों में बिजली विभाग के प्रति भी नाराजगी है। स्थानीय लोगों का कहना है कि खेतों में मोटर पंप चलाने के दौरान बिजली से जुड़े उपकरण और तार कई बार खतरा पैदा करते हैं। ऐसे स्थानों पर सुरक्षा व्यवस्था की नियमित जांच जरूरी है। ग्रामीणों ने बिजली विभाग से खेतों में लगे मोटर पंप, बिजली तार और कनेक्शन की जांच कराने की मांग की है। एक ही परिवार के मां-बेटे की मौत से रघुनाथपुर गांव में शोक की लहर है। हादसे ने पूरे गांव को झकझोर कर रख दिया है। इधर, एसआई अंबुज कुमार ने कहा कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। पीड़ित परिवार की ओर से कोई आवेदन नहीं दिया गया है। आवेदन आने पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

