कोरबा में लगातार बारिश के कारण हसदेव नदी उफान पर है। इसी बीच देवपहरी जलप्रपात में तीन युवक पानी के बीच एक टापू पर फंस गए। तीनों एक छतरी के नीचे रुके हुए हैं और रेस्क्यू टीम से वीडियो कॉल के जरिए संपर्क में हैं। फंसे युवकों की पहचान गुरमा श्यांग निवासी धनेश्वर सारथी, घनश्याम महंत और सूरज सारथी के रूप में हुई है। तीनों दोस्त सतरेंगा घूमने गए थे। वहां फोटो खींचने के बाद वे देवपहरी जलप्रपात पहुंचे थे। युवक जलप्रपात में फोटो खींचने के बाद वापस लौटने वाले थे, तभी अचानक पानी का स्तर बढ़ गया। इसके कारण तीनों बीच में फंस गए। युवकों ने रेस्क्यू टीम को बताया कि अंधेरा होने के कारण उन्हें ज्यादा दिखाई नहीं दे रहा है और टॉर्च की रोशनी से ही काम चल रहा है। पानी बढ़े तो खंभे से खुद को बांधकर रखें घटना की जानकारी मिलते ही रेस्क्यू टीम के प्रमुख जितेन सारथी ने वीडियो कॉल पर युवकों से बात की और उन्हें हिम्मत रखने को कहा। उन्होंने बताया कि जिला प्रशासन, NDRF और गोताखोरों की टीम मौके पर पहुंच रही है। युवकों को सलाह दी गई है कि पानी का बहाव बढ़ने पर वे खुद को खंभे से बांधकर रखें। रेस्क्यू टीम टॉर्च की रोशनी की मदद से युवकों की लोकेशन पता करने की कोशिश कर रही है। हालांकि, अंधेरा और तेज बहाव बचाव कार्य में परेशानी पैदा कर रहा है। युवकों ने बताया कि उनके पास फिलहाल सिर्फ रेनकोट है। कोरबा एसपी सिद्धार्थ तिवारी ने बताया कि सूचना मिलते ही लेमरू और घटकेसर थाना प्रभारी मौके के लिए रवाना हो गए हैं। SDRF की टीम को भी बुलाया गया है। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि बारिश के दौरान जलप्रपात, नदी और नालों के पास जाने से बचें, क्योंकि पानी का स्तर अचानक बढ़ सकता है।

