चित्तौड़गढ़ जिले में मानसून की रफ्तार अब लगभग थम गई है। पिछले कई दिनों से जिले में बारिश नहीं हुई है और अब लोगों को तेज धूप, बढ़ती गर्मी और उमस का सामना करना पड़ रहा है। सुबह से ही धूप का असर महसूस होने लगता है, जबकि दोपहर तक गर्मी लोगों को परेशान कर रही है। शाम के समय भी मौसम में ज्यादा राहत नहीं मिल रही। बारिश नहीं होने से हवा में नमी बनी हुई है, जिससे उमस लगातार बढ़ रही है। मौसम विभाग ने भी अगले एक सप्ताह तक जिले में अच्छी बारिश की संभावना नहीं जताई है। ऐसे में फिलहाल लोगों को गर्म और शुष्क मौसम का ही सामना करना पड़ेगा। औसत से काफी पीछे चल रही जिले की बारिश इस बार मानसून की शुरुआत भले ही ठीक रही, लेकिन बाद में बारिश की रफ्तार धीमी पड़ गई। 1 जून से अब तक पूरे जिले में कुल 493.17 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई है। यह जिले की औसत बारिश का केवल 65.76 प्रतिशत है। यानी अब तक सामान्य से काफी कम बारिश हुई है। जिले के अलग-अलग इलाकों में भी बारिश का अंतर साफ दिखाई दे रहा है। सबसे ज्यादा 621 मिलीमीटर बारिश बस्सी क्षेत्र में दर्ज की गई है, जबकि सबसे कम 306 मिलीमीटर बारिश रावतभाटा में हुई है। कई इलाकों में खेतों में नमी कम होने लगी है और लोगों की नजर अब अगली बारिश पर टिकी हुई है। अगर आने वाले दिनों में भी बारिश नहीं होती है तो जिले की कुल बारिश का आंकड़ा औसत से और पीछे रह सकता है। तापमान बढ़ा, मौसम विभाग ने फिलहाल राहत की उम्मीद नहीं जताई बारिश का दौर रुकने के साथ ही तापमान में भी लगातार बढ़ोतरी हो रही है। चित्तौड़गढ़ में अधिकतम तापमान 33 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 25.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। दिन में तेज धूप और रात में हवा में नमी रहने से उमस का असर ज्यादा महसूस हो रहा है। मौसम विभाग के अनुसार पूर्वी राजस्थान के उदयपुर संभाग में अगले एक सप्ताह तक मानसून कमजोर रहने की संभावना है। अधिकांश क्षेत्रों में मौसम शुष्क रहेगा और कहीं भी अच्छी बारिश के संकेत नहीं हैं। चित्तौड़गढ़ जिले में भी इसी दौरान बारिश होने की संभावना बहुत कम बताई गई है। ऐसे में फिलहाल लोगों को बारिश का इंतजार करना होगा, जबकि बढ़ती गर्मी और उमस से राहत मिलने के आसार भी फिलहाल नजर नहीं आ रहे हैं।

