कासगंज के अमांपुर में बुधवार की रात पुलिस और गौ-तस्करों के बीच हुई मुठभेड़ में तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। रानामऊ गांव के जंगल में पुलिस की जवाबी कार्रवाई में एक आरोपी जाविद के पैर में गोली लगी, जिसे अस्पताल भेजा गया। पुलिस ने उसके दो साथियों को भी दबोच लिया। आरोपियों के कब्जे से तीन अवैध तमंचे, कारतूस, मोटरसाइकिल, करीब एक कुंतल गौमांस और मांस काटने के उपकरण बरामद किए गए हैं। पुलिस ने तीनों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है। देखिए घटना की तस्वीरें… अब पढ़िए पूरा घटनाक्रम मुखबिर की सूचना पर जंगल की घेराबंदी अमांपुर पुलिस टीम बुधवार रात क्षेत्र में संदिग्ध व्यक्तियों और वाहनों की चेकिंग के साथ गश्त कर रही थी। इसी दौरान मुखबिर से सूचना मिली कि मोहनपुर रोड स्थित रानामऊ गांव के जंगल में कुछ लोग गोकशी कर रहे हैं। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर जंगल की घेराबंदी की और तलाशी अभियान शुरू कर दिया। पुलिस पर फायरिंग कर भागने का किया प्रयास तलाशी के दौरान संदिग्धों ने पुलिस टीम को देखकर कथित तौर पर जान से मारने की नीयत से फायरिंग कर मौके से भागने का प्रयास किया। पुलिस ने आत्मरक्षा में जवाबी कार्रवाई की, जिसमें एक आरोपी जाविद के पैर में गोली लगी। इसके बाद पुलिस ने घायल जाविद समेत उसके दो साथियों आलेहसन और मशरूम को भी मौके से गिरफ्तार कर लिया। तमंचे, कारतूस और करीब एक कुंतल गौमांस बरामद पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार आरोपियों के कब्जे से तीन अवैध तमंचे, तीन जिंदा कारतूस और तीन खोखा कारतूस बरामद किए गए हैं। इसके अलावा एक मोटरसाइकिल, करीब एक कुंतल गौमांस और मांस काटने के उपकरण भी मिले हैं। बरामद सामान में दो छुरी, एक बांका और रस्सी भी शामिल है। एसपी के निर्देशन में हुई कार्रवाई गिरफ्तार आरोपियों की पहचान जाविद पुत्र मफूल निवासी इंद्रानगर, आलेहसन पुत्र बरकत और मशरूम पुत्र सत्तार, दोनों निवासी राजीवनगर अमांपुर के रूप में हुई है। यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक ओपी सिंह के निर्देशन, अपर पुलिस अधीक्षक सुशील कुमार के पर्यवेक्षण और क्षेत्राधिकारी सहावर दुर्गेश कुमार मिश्र के नेतृत्व में की गई। प्रभारी निरीक्षक विकास सक्सैना भी पुलिस टीम के साथ मौजूद रहे। पुलिस आरोपियों के आपराधिक इतिहास की भी जानकारी जुटा रही है।

