शादी के 150 दिन और अनगिनत ज़ख्म… क्यों सुसाइड के लिए मजबूर हुई ट्विशा शर्मा? CBI की 1,000 पन्नों की चार्जशीट में पति और पूर्व जज सास पर गंभीर आरोप

शादी के 150 दिन और अनगिनत ज़ख्म… क्यों सुसाइड के लिए मजबूर हुई ट्विशा शर्मा? CBI की 1,000 पन्नों की चार्जशीट में पति और पूर्व जज सास पर गंभीर आरोप

सेंट्रल ब्यूरो ऑफ़ इन्वेस्टिगेशन (CBI) ने अपनी चार्जशीट में आरोप लगाया है कि ट्विशा शर्मा के पति समर्थ सिंह और सास गिरिबाला सिंह द्वारा लगातार मानसिक प्रताड़ना के कारण मॉडल-एक्ट्रेस ने आत्महत्या कर ली, क्योंकि उनके पास “अपनी जान देने के अलावा कोई विकल्प नहीं बचा था।” चार्जशीट में जांच के दौरान इकट्ठा किए गए सबूतों में काउंसलिंग रिकॉर्ड, व्हाट्सएप मैसेज और गवाहों के बयान शामिल हैं। अधिकारियों ने सोमवार को यह जानकारी दी।
समर्थ से शादी के पांच महीने बाद त्विषा 12 मई को भोपाल स्थित अपने ससुराल में संदिग्ध परिस्थितियों में मृत पायी गयी थीं।

भोपाल में न्यायाधीश शोभना भलावी की विशेष अदालत के समक्ष दायर लगभग 1,000 पन्नों के आरोपपत्र में सीबीआई ने दहेज की मांग और कथित दहेज हत्या के दावों की जांच को खुला रखते हुए गिरिबाला और उनके बेटे समर्थ पर आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप लगाए।

अधिकारियों ने बताया कि इस हाई-प्रोफाइल मामले की जांच करने वाली केंद्रीय एजेंसी ने आरोप लगाया कि समर्थ और उसकी मां गिरिबाला, दोनों ने त्विषा पर मानसिक अत्याचार किया, जिससे उसके पास अपनी जान देने के अलावा कोई विकल्प नहीं बचा था।
त्विषा के भाई आशीष शर्मा ने संवाददाताओं से कहा कि सीबीआई ने त्विषा के साथ की गई प्रताड़ना के अलावा इस बात की भी तथ्यात्मक जानकारी दी है कि पीड़िता के साथ किसने क्या किया। इसमें त्विषा को दी गई मानसिक प्रताड़ना का भी उल्लेख है।

आशीष ने कहा कि इन सभी बातों से यह स्पष्ट हो गया कि त्विषा के सामने कोई दूसरा विकल्प नहीं बचा था।
त्विषा के परिवार ने समर्थ और गिरिबाला पर मानसिक शोषण, शारीरिक हिंसा और दहेज से संबंधित प्रताड़ना का आरोप लगाया था।
त्विषा के परिवार के वकील अंकुर पांडे के अनुसार, सीबीआई ने आरोप पत्र के साथ पर्याप्त सबूत पेश किए हैं।
त्विषा के परिवार के एक अन्य वकील अनुराग श्रीवास्तव ने कहा कि जांच आगे बढ़ने पर सबूतों से छेड़छाड़ समेत और भी आरोप जोड़े जा सकते हैं और आरोपियों की संख्या भी बढ़ सकती है।

इसे भी पढ़ें: Global Warming से बुजुर्गों को कम तापमान पर है बड़ा खतरा, Lancet Study

 

त्विषा के पिता नवनिधि शर्मा ने पीटीआई-को बताया कि चालान (आरोपपत्र) में लगाए गए आरोप लगभग वही हैं जो प्राथमिकी में लगाए गए हैं।
उन्होंने कहा कि एफएसएल (फॉरेंसिक विज्ञान प्रयोगशाला) की कुछ रिपोर्टों के नतीजों का इंतजार किया जा रहा है।
त्विषा ने पिछले साल दिसंबर में समर्थ से शादी की थी और 12 मई को वह अपने ससुराल में फंदे से लटकी हुई मिली थीं।
प्राथमिकी में आरोप लगाया गया है कि समर्थ उन्हें अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स), भोपाल ले गए थे। उन्होंने दावा किया था कि त्विषा ने रात करीब 10 बजकर 20 मिनट पर घर में फांसी लगा ली थी।

प्राथमिकी के अनुसार, एम्स के डॉक्टरों ने पुलिस को बताया कि अस्पताल तक पहुंचने से पहले ही त्विषा की मौत हो चुकी थी। इसके बाद चिकित्सकीय-कानूनी मामला दर्ज किया गया।
प्रारंभिक पुलिस जांच के बाद मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय ने मामले में महत्वपूर्ण संदेह दूर करने और एम्स, भोपाल द्वारा किए गए पहले पोस्टमार्टम में कथित खामियों से जुड़े परिवार के आरोपों की जांच के लिए दूसरे पोस्टमार्टम का आदेश दिया था।

इसे भी पढ़ें: Donald Trump ने भारत के चुनावी मॉडल की तारीफ कर America में फोटो ID अनिवार्य करने की वकालत की

इसके बाद सीबीआई ने जांच अपने हाथ में ली और समर्थ तथा गिरिबाला को गिरफ्तार किया।
दूसरा पोस्टमार्टम एम्स-दिल्ली के चार-सदस्यीय चिकित्सकीय दल ने 24 मई को भोपाल में ही किया था।
परिवार ने अपने बयानों में आरोप लगाया कि त्विषा के ससुराल वाले उन्हें प्रताड़ित करते थे और नौ दिसंबर, 2025 को हुई शादी में दिए गए दहेज से संतुष्ट नहीं थे।
परिवार ने मानसिक प्रताड़ना और घरेलू हिंसा के भी आरोप लगाए। उनका कहना है कि कथित प्रताड़ना के कारण 33-वर्षीय त्विषा ने यह कदम उठाया।

Read Latest
National News in Hindi
only on Prabhasakshi  

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *