नई दिल्ली। ईरान के विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराघची ने एक बार फिर अमेरिका प्रशासन पर निशाना साधते हुए अमेरिका की खुफिया जानकारी पर सवाल खड़े किए। मौजूदा हालातों के लिए अराघची ने अमेरिका की खुफिया जानकारी की गलतियों को जिम्मेदार ठहराया।
‘फर्जी खुफिया जानकारी से सावधान रहें’
अराघची ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पोस्ट में लिखा, ‘अमेरिका लंबे समय से खुफिया जानकारी से जुड़ी गलतियों के कारण गलत आकलन करता रहा है। इसका एक उदाहरण ईरान के खिलाफ युद्ध है। अब होर्मुज स्ट्रेट को लेकर उससे भी बड़ी गलत गणना की जा रही है। फर्जी खबरों से भी ज्यादा खतरनाक चीज फर्जी खुफिया जानकारी होती है। सावधान रहें। अल्लाह महान है, और धरती की किसी भी ताकत से बड़ा है। हमें अल्लाह पर भरोसा है।’
ट्रंप का दावा: होर्मुज स्ट्रेट पर अमेरिका का ‘पूरा नियंत्रण’
कहा जा सकता है कि अराघची ने यह बात होर्मुज स्ट्रेट में अमेरिका के नियंत्रण वाले दावे को लेकर कही है। अमेरिका लगातार होर्मुज स्ट्रेट में में अपने दावे की बात कर रहा है, जबकि ईरान हर बार उसके इस दावे को नकार देता है। बुधवार को भी अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने होर्मुज स्ट्रेट पर अमेरिका के ‘पूरा नियंत्रण’ का दावा किया। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने संकेत दिया है कि वॉशिंगटन इस रणनीतिक जलमार्ग पर अपनी पकड़ बनाए रखना चाहता है।
अमेरिकी नौसेना की नाकाबंदी बनी ‘स्टील की दीवार’
ट्रंप ने ‘ट्रुथ सोशल’ पर एक पोस्ट में कहा था कि होर्मुज स्ट्रेट पर अमेरिका का पूरा कंट्रोल है। मुझे लगता है कि हम इसे बनाए रखेंगे। अमेरिकी राष्ट्रपति ने नौसैनिक घेराबंदी का जिक्र करते हुए कहा कि ईरान इसे चुनौती देने के लिए कुछ नहीं कर सकता। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के मुताबिक, हर कोई हमारी नौसैनिक घेराबंदी को ‘स्टील की दीवार’ कह रहा है और ईरान इसके बारे में कुछ नहीं कर सकता।
ईरान जाने वाले जहाजों पर सख्त रोक
इससे पहले भी अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने संकेत दिया है कि ईरान के खिलाफ सैन्य कार्रवाई को और बड़े स्तर तक बढ़ाने की संभावना अभी भी मौजूद है। ट्रंप ने कहा कि होर्मुज स्ट्रेट खुला हुआ है, लेकिन उनका दावा था कि इस रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण समुद्री मार्ग से गुजरने वाले जहाजों पर अमेरिकी नौसेना का नियंत्रण है।
उन्होंने कहा कि इस समय होर्मुज स्ट्रेट पर नियंत्रण रखने वाला एकमात्र पक्ष अमेरिकी नौसेना है। हमारी नाकाबंदी पूरी तरह प्रभावी रही है। यह एक मजबूत स्टील की दीवार की तरह है। हम उन्हीं लोगों को अंदर आने देते हैं जिन्हें हम आने देना चाहते हैं, और वही लोग अंदर आते हैं और बाहर जाते हैं। राष्ट्रपति ने कहा कि जहाजों को होर्मुज स्ट्रेट से गुजरने की अनुमति दी जा रही है, लेकिन उन्हें ईरान जाने की इजाजत नहीं है।


