रेगिस्तानी बाड़मेर में धूलभरी आंधियों का दौर थमने के बाद अब तेज धूप और उमस ने लोगों का हाल बेहाल कर दिया है। दिन का तापमान बढ़कर 43 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। सोमवार को सुबह से उमस ने लोगों के पसीनें छूटा दिए है। मौसम विभाग ने 12 जून के बाद मौसम बदलाव की आंशका जताते हुए फिर आंधी चलने की संभावता जताई है। गर्मी से राहत 20 जून के बाद प्री-मानसून के साथ मिलने की उम्मीद है। दरअसल, बीते एक वीक में तूफान और आंधियां चलने से जन-जीवन अस्त व्यस्त कर दिया। इससे लाइट तंत्र भी प्रभावित हुआ है। इन दिनों में आंधियां रुक गई। लेकिन उमस बढ़ गई। इससे लोग परेशान नजर आ रहे है। वहीं रात का पारा भी 29 डिग्री पर बना हुआ है। सोमवार को सूरज के तीखे तेवरों का आलम यह है कि सुबह 10 बजे से ही गर्मी अपना प्रचंड असर दिखाने लगती है। आंधियां रुकने के कारण अब हवा में नमी बढ़ गई है, जिससे उमस भरी गर्मी ज्यादा परेशान कर रही है। 20 दिनों में मौसम के कई रंग मई महीने में भीषण लू के चलते पारा 48.3 डिग्री के रिकॉर्ड स्तर तक पहुंच गया था। हालांकि, इसके बाद पिछले 20 दिनों से अधिकतम तापमान ने 44 डिग्री का आंकड़ा पार नहीं किया है। इस दौरान मौसम में लगातार बदलाव देखने को मिला। कभी आंधी, कभी बवंडर तो कभी बारिश और ओलावृष्टि के कारण तापमान 40 से 43 डिग्री के बीच ही झूलता रहा। जून की शुरुआत में भी बारिश ने दस्तक दी और 25 एमएम बारिश दर्ज की गई। लेकिन इसके बाद से बादलों ने मुंह मोड़ लिया है और तापमान में फिर से तेज उछाल आया है। 12 जून के बाद फिर से चलेगी आंधियां मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार, 12 जून के बाद मौसम में एक बार फिर बदलाव देखने को मिल सकता है। इस दौरान आसमान में बादल छाए रहने और हल्की धूलभरी आंधी चलने की संभावना है। इससे तापमान में उतार-चढ़ाव बना रहेगा। हालांकि, गर्मी से असली राहत 20 जून के बाद ही मिलने की उम्मीद है। जब इलाके में प्री-मानसून बारिश दस्तक दे सकती है। पश्चिमी राजस्थान और बाड़मेर तक मानसून को पहुंचने में अमूमन थोड़ा समय लगता है।


