मथुरा के थाना बरसाना में देर रात हाई वोल्टेज ड्रामा देखने को मिला। यहां पुलिस द्वारा अमृत सरोवर की खुदाई कर रहे एक एक व्यक्ति को उठा लिया। जिसकी जानकारी मिलते ही कैबिनेट मंत्री के प्रतिनिधि बरसाना थाना पहुंच गए और वहां जमकर हंगामा किया। इस दौरान मंत्री प्रतिनिधि की थाना प्रभारी से बहस भी हुई। करीब आधा घंटे चले हंगामे के बाद पुलिस ने हिरासत में लिए व्यक्ति को छोड़ दिया। कमई गांव का मामला बरसाना थाना क्षेत्र के कमई गांव में अमृत सरोवर की खुदाई का काम चल रहा है। गांव का रहने वाला सूरजपाल इस कुंड की खुदाई करा रहा था। JCB से चल रही खुदाई की जानकारी मिलने पर बरसाना थाना में तैनात उप निरीक्षक मदन सिंह मौके पर पहुंच गए और सूरजपाल को उठा कर थाना ले आए। मंत्री प्रतिनिधि को बताये नियम सूरजपाल को पुलिस द्वारा उठा लेने की जानकारी मिलते ही कैबिनेट मंत्री चौधरी लक्ष्मी नारायण के प्रतिनिधि और उनके भतीजे नरदेव चौधरी ने थाना बरसाना प्रभारी अश्वनी कुमार को फोन किया। सूरजपाल मंत्री प्रतिनिधि नरदेव चौधरी का बेहद नजदीकी समर्थक है। मंत्री प्रतिनिधि के फोन करने पर थाना प्रभारी कानून और नियमों का पाठ पढ़ाने लगे। जिससे दोनों में कुछ देर के लिए तकरार हो गई। थाना पहुंच कर किया हंगामा फोन पर हुई तकरार के बाद मंत्री प्रतिनिधि अपने समर्थकों के साथ बरसाना थाना पहुंच गए। जहां उनकी थाना पर मौजूद पुलिस कर्मियों से तीखी बहस हुई। इस दौरान थाना प्रभारी अश्वनी कुमार भी मौके पर पहुंच गए। थाना प्रभारी अश्वनी कुमार थाना में मंत्री प्रभारी को समझाते हुए नजर आए। मंत्री प्रतिनिधि ने कहा कि सूरजपाल अपना व्यक्तिगत नहीं बल्कि सरकारी योजना का काम करा रहा था,इस पर थाना प्रभारी ने कहा कि मिट्टी निकाली जा रही थी,जिस पर मंत्री प्रतिनिधि ने कहा कुंड से मिट्टी निकालकर बाहर ही डाली जाएगी या वापस कुंड में। जिसके बाद पुलिस कोई जवाब नहीं दे सकी। आधा घंटे चला हंगामा बरसाना थाना में करीब आधा घंटे तक ड्रामा चलता रहा। जिसके बाद पुलिस ने सूरजपाल को छोड़ दिया। सूरजपाल को मंत्री प्रतिनिधि अपने साथ ले गए। इस मामले को लेकर अब बरसाना पुलिस कुछ भी बोलने को तैयार नहीं है। हालांकि बताया जा रहा है कि पुलिस सूरजपाल की खनन के शक में पकड़ कर थाना ले आई थी। लेकिन जब पुलिस की किरकिरी हुई तो वह मामले को सुलझाने में जुट गए। पुलिस ने दर्ज किया मुकद्दमा इस मामले में पुलिस ने दरोगा मदन सिंह की तहरीर पर सूरजपाल, लाखन सिंह सहित 7 अज्ञात लोगों के खिलाफ धारा 121(1),132,190,191(2),351(2) और 352 में मुकद्दमा दर्ज करा दिया। दर्ज मुक़दमे में आरोप लगाया कि मौके पर एक जेसीबी मशीन और 4 ट्रैक्टर ट्रॉली थे। इनको जब लाया जा रहा था तो सूरजपाल और लाखन ने अपने साथियों के साथ छुड़ाने का प्रयास किया। सीओ गोवर्धन अनिल कुमार ने बताया मुकद्दमा दर्ज कर लिया है मामले की जांच की जा रही है। पुलिस पर लगाए मारपीट के आरोप इस मामले को लेकर सूरजपाल का एक वीडियो सामने आया है जिसमें वह कह रहे हैं कि यह ट्रेक्टर और जेसीबी ले जा रहे थे,हमने पूछा क्यों ले जा रहे हैं,इस पर दरोगा जी ने धक्का मारा और गाड़ी में डाल दिया। गाड़ी में भी मुक्का मारे। तलाब का काम चल रहा है कोई खनन नहीं हो रहा इसलिए हमने कहा था। वीडियो में बैठे अन्य लोग आरोप लगा रहे हैं वह भाजपा के कार्यकर्ता हैं,पुलिस ने मारपीट की पुलिस कंट्रोल से बाहर है।


