दानापुर-पंडित दीनदयाल उपाध्याय (पीडीडीयू) रेलखंड पर ट्रेन की चपेट में आने से एक युवक की मौत हो गई। घर से सब्जी खरीदने के लिए निकले थे। मृतक की पहचान शाहपुर के साहोडीह निवासी अलगू राम के पुत्र राजेंद्र राम(40) के तौर पर हुई है। घटना सिकरिया हॉल्ट के पास की है। रिश्तेदार हरेराम राम ने राजेंद्र बनाही बाजार गए थे। सब्जी लेने के बाद वापस घर लौट रहे थे। रास्ते में ट्रन की चपेट में आ गए। टक्कर इतनी जोरदार थी कि घटनास्थल पर ही दम तोड़ दिया। रेल पुलिस से जानकारी मिलने के बाद परिवार के सदस्य मौके पर पहुंचे। गुजरात में रहकर एक प्राइवेट कंपनी में काम करते थे। बुझ गया घर का इकलौता चिराग इस दर्दनाक हादसे ने एक हंसते-खेलते परिवार को उजाड़ दिया है। राजेंद्र तीन बहनों में इकलौता भाई था। अपने बूढ़े मां-बाप का एकमात्र सहारा (इकलौता चिराग) था। परिवार में पत्नी सुनीता देवी, दो बेटियां अंजलि, पम्मी और एक बेटा सचिन है। मौत की खबर मिलते ही घर में कोहराम मच गया। परिवार के सदस्यों का रो-रोकर बुरा हाल है। दानापुर-पंडित दीनदयाल उपाध्याय (पीडीडीयू) रेलखंड पर ट्रेन की चपेट में आने से एक युवक की मौत हो गई। घर से सब्जी खरीदने के लिए निकले थे। मृतक की पहचान शाहपुर के साहोडीह निवासी अलगू राम के पुत्र राजेंद्र राम(40) के तौर पर हुई है। घटना सिकरिया हॉल्ट के पास की है। रिश्तेदार हरेराम राम ने राजेंद्र बनाही बाजार गए थे। सब्जी लेने के बाद वापस घर लौट रहे थे। रास्ते में ट्रन की चपेट में आ गए। टक्कर इतनी जोरदार थी कि घटनास्थल पर ही दम तोड़ दिया। रेल पुलिस से जानकारी मिलने के बाद परिवार के सदस्य मौके पर पहुंचे। गुजरात में रहकर एक प्राइवेट कंपनी में काम करते थे। बुझ गया घर का इकलौता चिराग इस दर्दनाक हादसे ने एक हंसते-खेलते परिवार को उजाड़ दिया है। राजेंद्र तीन बहनों में इकलौता भाई था। अपने बूढ़े मां-बाप का एकमात्र सहारा (इकलौता चिराग) था। परिवार में पत्नी सुनीता देवी, दो बेटियां अंजलि, पम्मी और एक बेटा सचिन है। मौत की खबर मिलते ही घर में कोहराम मच गया। परिवार के सदस्यों का रो-रोकर बुरा हाल है।


