दरधा नदी की स्वच्छता और संरक्षण के लिए नमामि गंगे अभियान के तहत विशेष सफाई एवं जन-जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। जिला पदाधिकारी सह जिला गंगा समिति की अध्यक्ष अलंकृता पाण्डेय के निर्देश पर नगर परिषद द्वारा प्रत्येक शनिवार को नदी तट पर विशेष सफाई अभियान संचालित किया जाता है। लाल मंदिर के पीछे नदी तट की हुई सफाई इसी क्रम में रविवार को लाल मंदिर के पीछे स्थित दरधा नदी तट पर व्यापक सफाई अभियान चलाया गया। सफाई निरीक्षक के नेतृत्व में नगर परिषद की टीम ने नदी किनारे जमा कूड़ा-कचरा एवं अन्य अपशिष्ट पदार्थों को हटाकर क्षेत्र की साफ-सफाई की। नदी किनारे फेंके जा रहे बायो-मेडिकल वेस्ट पर चिंता जिला गंगा समिति, नमामि गंगे के जिला परियोजना पदाधिकारी अमित कुमार ने बताया कि पहले लोग खुले में नदी किनारे कचरा फेंकते थे, लेकिन अब प्लास्टिक के बोरों में गोबर, एक्सपायरी खाद्य सामग्री, घरेलू कचरा और बायो-मेडिकल वेस्ट भी फेंका जा रहा है। उन्होंने कहा कि बार-बार मना करने के बावजूद ऐसी गतिविधियां जारी रहने पर संबंधित लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। सिविल सर्जन को भी दी गई जानकारी अमित कुमार ने बताया कि बायो-मेडिकल वेस्ट मिलने के मामले में सिविल सर्जन को भी आवश्यक कार्रवाई के लिए सूचित किया गया है। प्रशासन इस मामले को गंभीरता से लेते हुए निगरानी बढ़ा रहा है। सहयोग की अपील अभियान के दौरान स्थानीय निवासियों और दुकानदारों को नदी को स्वच्छ एवं प्रदूषणमुक्त बनाए रखने के लिए जागरूक किया गया। प्रशासन ने स्पष्ट किया कि भविष्य में नदी किनारे कूड़ा, प्लास्टिक या अन्य अपशिष्ट फेंकते पाए जाने पर नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी। साथ ही लोगों से दरधा नदी की स्वच्छता एवं संरक्षण के लिए चलाए जा रहे अभियान को जन-आंदोलन का रूप देने में सहयोग करने की अपील की गई। दरधा नदी की स्वच्छता और संरक्षण के लिए नमामि गंगे अभियान के तहत विशेष सफाई एवं जन-जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। जिला पदाधिकारी सह जिला गंगा समिति की अध्यक्ष अलंकृता पाण्डेय के निर्देश पर नगर परिषद द्वारा प्रत्येक शनिवार को नदी तट पर विशेष सफाई अभियान संचालित किया जाता है। लाल मंदिर के पीछे नदी तट की हुई सफाई इसी क्रम में रविवार को लाल मंदिर के पीछे स्थित दरधा नदी तट पर व्यापक सफाई अभियान चलाया गया। सफाई निरीक्षक के नेतृत्व में नगर परिषद की टीम ने नदी किनारे जमा कूड़ा-कचरा एवं अन्य अपशिष्ट पदार्थों को हटाकर क्षेत्र की साफ-सफाई की। नदी किनारे फेंके जा रहे बायो-मेडिकल वेस्ट पर चिंता जिला गंगा समिति, नमामि गंगे के जिला परियोजना पदाधिकारी अमित कुमार ने बताया कि पहले लोग खुले में नदी किनारे कचरा फेंकते थे, लेकिन अब प्लास्टिक के बोरों में गोबर, एक्सपायरी खाद्य सामग्री, घरेलू कचरा और बायो-मेडिकल वेस्ट भी फेंका जा रहा है। उन्होंने कहा कि बार-बार मना करने के बावजूद ऐसी गतिविधियां जारी रहने पर संबंधित लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। सिविल सर्जन को भी दी गई जानकारी अमित कुमार ने बताया कि बायो-मेडिकल वेस्ट मिलने के मामले में सिविल सर्जन को भी आवश्यक कार्रवाई के लिए सूचित किया गया है। प्रशासन इस मामले को गंभीरता से लेते हुए निगरानी बढ़ा रहा है। सहयोग की अपील अभियान के दौरान स्थानीय निवासियों और दुकानदारों को नदी को स्वच्छ एवं प्रदूषणमुक्त बनाए रखने के लिए जागरूक किया गया। प्रशासन ने स्पष्ट किया कि भविष्य में नदी किनारे कूड़ा, प्लास्टिक या अन्य अपशिष्ट फेंकते पाए जाने पर नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी। साथ ही लोगों से दरधा नदी की स्वच्छता एवं संरक्षण के लिए चलाए जा रहे अभियान को जन-आंदोलन का रूप देने में सहयोग करने की अपील की गई।


