Kanpur Gangrape Case: कानपुर कमिश्नरेट पुलिस ने नाबालिग किशोरी से सामूहिक दुष्कर्म के मामले में फरार चल रहे 50 हजार रुपए के इनामी और निलंबित दारोगा अमित मौर्या को आखिरकार गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपी को सचेंडी थाना क्षेत्र के सोना गांव के पास से दबोचा। आरोपी पिछले पांच महीनों से फरार चल रहा था और पुलिस लगातार उसकी तलाश में जुटी थी। इस गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने राहत की सांस ली है।
जनवरी में दर्ज हुआ था मुकदमा
अपर पुलिस आयुक्त अपराध एवं मुख्यालय संकल्प शर्मा ने बताया कि जनवरी माह में थाना सचेंडी में एक नाबालिग लड़की के अपहरण और यौन उत्पीड़न से जुड़ा मामला दर्ज किया गया था। जांच के दौरान सामूहिक दुष्कर्म की बात सामने आई थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस की कई टीमें आरोपियों की तलाश में लगाई गई थीं।
इस मामले में पहले ही मुख्य आरोपी शिवबरन यादव को गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है। वहीं, दूसरा आरोपी अमित कुमार मौर्या लगातार पुलिस को चकमा देकर फरार चल रहा था। आरोपी के खिलाफ अदालत से वारंट जारी होने के बाद पुलिस ने उस पर 50 हजार रुपए का इनाम घोषित किया था।
निलंबित दारोगा की तलाश में लगी थीं कई टीमें
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, आरोपी अमित मौर्या पहले पुलिस विभाग में तैनात था। इमस मामले में नाम सामने आने के बाद उसे निलंबित कर दिया गया था। गिरफ्तारी से बचने के लिए वह लगातार ठिकाने बदल रहा था। पुलिस उसकी लोकेशन ट्रेस करने के लिए सर्विलांस और मुखबिर तंत्र की मदद ले रही थी।पांच महीने की तलाश के बाद पुलिस को सूचना मिली कि आरोपी सचेंडी क्षेत्र के सोना गांव के पास मौजूद है। इसके बाद पुलिस टीम ने घेराबंदी कर उसे गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के बाद आरोपी से पूछताछ की जा रही है।
पुलिस ने शुरू की आगे की कानूनी कार्रवाई
अपर पुलिस आयुक्त संकल्प शर्मा ने बताया कि गिरफ्तार आरोपी के खिलाफ अग्रिम विधिक कार्रवाई की जा रही है। पुलिस अब मामले से जुड़े अन्य तथ्यों की भी जांच कर रही है, ताकि पीड़िता को जल्द न्याय दिलाया जा सके। आरीपी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।


