हुब्बल्ली की तोलंकेरे झील पार्क उपेक्षा का शिकार: शहर के लोकप्रिय पिकनिक स्थल की चमक फीकी, गंदगी, खरपतवार और टूटी सुविधाओं से परेशान लोग

हुब्बल्ली की तोलंकेरे झील पार्क उपेक्षा का शिकार: शहर के लोकप्रिय पिकनिक स्थल की चमक फीकी, गंदगी, खरपतवार और टूटी सुविधाओं से परेशान लोग

स्मार्ट सिटी परियोजना के तहत हुआ था विकास
तोलंकेरे झील को स्मार्ट सिटी परियोजना के तहत एक मॉडल झील के रूप में विकसित किया गया था। यहां बच्चों, बुजुर्गों, दिव्यांगजनों और आम लोगों के लिए कई सुविधाएं तैयार की गई थीं। पार्क में वॉकिंग ट्रैक, ओपन जिम, बच्चों के खेलने का क्षेत्र, बैठने की व्यवस्था, पेर्गोला और ओपन-एयर थिएटर जैसी सुविधाएं विकसित की गई थीं। करीब दो वर्ष पहले पार्क के संचालन और प्रबंधन की जिम्मेदारी एक निजी कंपनी को सौंपी गई थी, ताकि बेहतर रखरखाव के साथ लोगों को गुणवत्तापूर्ण सुविधाएं मिल सकें।

झील के आसपास फैली गंदगी और बढ़े खरपतवार
स्थानीय लोगों के अनुसार झील के आसपास बड़ी मात्रा में खरपतवार उग आए हैं, जिससे झील की सुंदरता प्रभावित हो रही है। इतना ही नहीं, झील के बाहर फुटपाथों पर कूड़े का ढेर जमा है, जो आने वाले लोगों को परेशान कर रहा है। लोगों का कहना है कि पार्क और उसके आसपास की साफ-सफाई पर पर्याप्त ध्यान नहीं दिया गया। इससे एक समय में आकर्षण का केंद्र रहा यह स्थल धीरे-धीरे बदहाली की ओर बढ़ रहा है।

बारिश का पानी बना बड़ी समस्या
जानकारी के अनुसार भारी बारिश के दौरान नाले से आने वाला तूफानी पानी (स्टॉर्म वाटर) सीधे झील में प्रवेश करता है। इसके साथ प्लास्टिक और अन्य कचरा भी झील में पहुंच रहा है, जिससे जल गुणवत्ता और पर्यावरण दोनों प्रभावित हो रहे हैं। पार्क के रखरखाव से जुड़े लोगों ने भी स्वीकार किया है कि यह एक बड़ी समस्या है और इसके समाधान के लिए स्थानीय निकाय के साथ बातचीत की जा रही है।

बच्चों के उपकरण और सुविधाएं भी खराब
आगंतुकों का कहना है कि पार्क के कई हिस्सों में पेवर ब्लॉक असमान हो गए हैं, जिससे लोगों की सुरक्षा को खतरा पैदा हो रहा है। बच्चों के खेलने के उपकरण और ओपन जिम की सुविधाएं भी कई जगह खराब हो चुकी हैं। नियमित रूप से मॉर्निंग वॉक करने वाले लोगों का कहना है कि चाहे यह लापरवाही हो या रखरखाव में कमी, लेकिन इसका असर सीधे आने वाले लोगों की सुरक्षा और अनुभव पर पड़ रहा है।

प्रशासन से कार्रवाई की मांग
स्थानीय निवासियों और आगंतुकों ने संबंधित विभाग और हुब्बल्ली-धारवाड़ नगर निगम से जल्द कार्रवाई की मांग की है। उनका कहना है कि यदि समय रहते पार्क का रखरखाव नहीं किया गया तो यह शहर की एक महत्वपूर्ण सार्वजनिक संपत्ति अपनी पहचान खो सकती है। लोगों की मांग है कि पार्क की सफाई, खरपतवार हटाने, टूटी सुविधाओं की मरम्मत और झील में गंदगी पहुंचने की समस्या का स्थायी समाधान जल्द निकाला जाए, ताकि तोलंकेरे झील पार्क फिर से अपनी पुरानी पहचान हासिल कर सके।

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