सम्राट चौधरी की अध्यक्षता में आज शाम 5 बजे बिहार कैबिनेट की बैठक होगी। इसमें सरकार कई महत्वपूर्ण प्रस्तावों को मंजूरी दे सकती है। कैबिनेट बैठक में विभिन्न विभागों के मंत्री और वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहेंगे। बैठक खत्म होने के बाद शाम 6 बजे कैबिनेट ब्रीफिंग की जाएगी, जिसमें लिए गए फैसलों की जानकारी दी जाएगी। सरकार की इस बैठक में विकास योजनाओं, प्रशासनिक फैसलों और विभिन्न विभागों से जुड़े प्रस्तावों पर चर्चा होने की संभावना है। कई महत्वपूर्ण एजेंडों पर कैबिनेट की मंजूरी मिल सकती है। पिछली बैठक में 13 एजेंडों को मिली थी मंजूरी इससे पहले पिछले बुधवार को हुई कैबिनेट बैठक में कुल 13 एजेंडों पर मुहर लगी थी। बैठक में खेल, सुरक्षा और विमानन क्षेत्र से जुड़े कई बड़े फैसले लिए गए थे। सरकार ने अरवल में 6.81 एकड़ जमीन और औरंगाबाद में 13.09 एकड़ भूमि पर स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स बनाने को मंजूरी दी थी। वहीं, सलखुआ में 6.61 एकड़ जमीन पर आउटडोर स्टेडियम बनाया जाएगा। इन परियोजनाओं का निर्माण खेल विभाग करेगा। गया से बैंकॉक के बीच अंतरराष्ट्रीय उड़ान का प्रस्ताव सरकार ने गया से बैंकॉक के बीच सीधी अंतरराष्ट्रीय उड़ान शुरू करने के प्रस्ताव को भी मंजूरी दी थी। इसके लिए राज्य सरकार एयरलाइन कंपनी को आर्थिक सहायता देगी। पिछली बैठक में अंतरराष्ट्रीय और अंतरराज्यीय सीमाओं की सुरक्षा मजबूत करने के लिए IG बॉर्डर के नए पद के गठन को मंजूरी दी गई थी। सरकार का मानना है कि इससे सीमा सुरक्षा और खुफिया तंत्र और मजबूत होगा। कैबिनेट ने STF में 50 अनुभवी पुलिसकर्मियों को लंबे समय तक प्रतिनियुक्ति पर रखने की मंजूरी भी दी थी। सरकार का कहना है कि इससे उग्रवाद और अपराध नियंत्रण में मदद मिलेगी। सम्राट कैबिनेट की अबतक 5 बैठकें हो चुकी हैं पहली कैबिनेट में 11 आधुनिक शहरों का ऐलान बिहार में 11 नए आधुनिक शहर बसेंगे। सम्राट कैबिनेट की पहली मीटिंग में इन सेटेलाइट टाउनशिप के विकास को मंजूरी दी गई। इन 11 स्थानों पर जमीन की खरीद-बिक्री पर तत्काल प्रभाव से रोक लगा दी गई थी। मुजफ्फरपुर, सीतामढ़ी, भागलपुर और छपरा के पास ये रोक 30 जून 2027 तक लागू रहेगी। वहीं, पटना, सोनपुर, गया, दरभंगा, सहरसा, पूर्णिया और मुंगेर के पास यह पाबंदी 31 मार्च 2027 तक रहेगी। कैबिनेट की यह बैठक सीएम सम्राट चौधरी की अध्यक्षता में हुई। इस बैठक में कुल 22 एजेंडों पर मुहर लगी। इन सेटेलाइट टाउन का नामकरण प्राचीन सांस्कृतिक नामों पर होगा। पटना के पास ‘पाटलिपुत्र’ और सोनपुर के पास ‘हरिहरनाथपुर टाउनशिप विकसित होगी। इस बीच नगर विकास विभाग इन स्थानों का मास्टर प्लान तैयार कर लेगा। इन मास्टर प्लान में कोर एरिया और स्पेशल एरिया तय किए जाएंगे। इसके बाद लैंडयूज और निर्माण की प्लानिंग इसी मास्टर प्लान के मुताबिक होगी। बुजुर्गों को राहत: 80 साल से अधिक उम्र के बुजुर्गों के घर जाकर जमीन रजिस्ट्री की औपचारिकताएं सरकारी कर्मचारियों की ओर से पूरी की जाएंगी। दूसरी कैबिनेट मीटिंग में 63 एजेंडों पर लगी थी मुहर सम्राट सरकार की दूसरी कैबिनेट बैठक 29 अप्रैल को हुई थी, जिसमें कुल 63 एजेंडों पर मुहर लगी थी। इस बैठक का सबसे बड़ा फैसला रोजगार और नियुक्तियों से जुड़ा रहा। बिहार पुलिस में 20,937 पदों पर भर्ती को मंजूरी दी गई, जिसमें आधे पद प्रोमोशन के जरिए और बाकी सीधे भर्ती से भरे जाएंगे। शिक्षा विभाग में 9,152 पदों, ट्रैफिक पुलिस में 485 पदों और वन एवं पर्यावरण विभाग में 313 पदों की बहाली को भी स्वीकृति दी गई। इसी बैठक में संजय गांधी जैविक उद्यान का नाम बदलकर “पटना जू” करने का निर्णय भी लिया गया। तीसरी कैबिनेट मीटिंग- सीतामढ़ी मेडिकल कॉलेज का नाम बदला तीसरी कैबिनेट मीटिंग में 20 एजेंडों पर मुहर लगी। सीतामढ़ी के मेडिकल कॉलेज का नाम बदलकर अब ‘माता सीता मेडिकल कॉलेज’ किया जाएगा। वहीं अरवल, शेखपुरा समेत राज्य के कई जिलों में सरकार ने केंद्रीय विद्यालय खोलने का फैसला लिया। इन विद्यालयों के लिए कई जिलों में जमीन उपलब्ध कराई जाएगी, जो एक रुपए के टोकन पर 30 साल की लीज पर दी जाएगी। इसके अलावा, शहरों के विकास के लिए सरकार विश्व बैंक से 500 मिलियन डॉलर (भारतीय रुपए में लगभग 4,700 करोड़ रुपए) का लोन लेगी। वहीं, बिहार की 19,300Km सड़कों के रखरखाव पर करीब 15,967 करोड़ रुपए खर्च किए जाएंगे। सड़कों की निगरानी के लिए AI तकनीक का भी उपयोग किया जाएगा। चौथी कैबिनेट- 19 एजेंडों पर लगी थी मुहर 13 मई को हुई कैबिनेट की बैठक में कुल 19 एजेंडों पर मुहर लगी थी। उस बैठक में बिहार के करीब 9 लाख सरकारी कर्मचारियों और अधिकारियों को बड़ी राहत दी गई थी। राज्य सरकार ने केंद्र सरकार की तर्ज पर महंगाई भत्ता (DA) बढ़ाने का फैसला लिया था। वित्त विभाग ने DA को 58 प्रतिशत से बढ़ाकर 60 प्रतिशत कर दिया था। यह फैसला 1 जनवरी 2026 से प्रभावी माना जाएगा। इसके अलावा बिहार में बढ़ते क्राइम को लेकर 5 जिलों में रूरल SP की पोस्ट को मंजूरी दी गई थी। पूर्वी चंपारण, समस्तीपुर, वैशाली, मधुबनी और सीवान में ग्रामीण SP तैनात होंगे। महिलाओं को इलेक्ट्रिक वाहन खरीदने पर मिलेगा लाभ बैठक में महिलाओं को प्रोत्साहित करने के लिए बड़ा फैसला लिया गया था। सरकार ने महिलाओं द्वारा चारपहिया इलेक्ट्रिक वाहन खरीदने पर एक लाख रुपए तक की सहायता राशि देने की मंजूरी दी थी। सम्राट चौधरी की अध्यक्षता में आज शाम 5 बजे बिहार कैबिनेट की बैठक होगी। इसमें सरकार कई महत्वपूर्ण प्रस्तावों को मंजूरी दे सकती है। कैबिनेट बैठक में विभिन्न विभागों के मंत्री और वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहेंगे। बैठक खत्म होने के बाद शाम 6 बजे कैबिनेट ब्रीफिंग की जाएगी, जिसमें लिए गए फैसलों की जानकारी दी जाएगी। सरकार की इस बैठक में विकास योजनाओं, प्रशासनिक फैसलों और विभिन्न विभागों से जुड़े प्रस्तावों पर चर्चा होने की संभावना है। कई महत्वपूर्ण एजेंडों पर कैबिनेट की मंजूरी मिल सकती है। पिछली बैठक में 13 एजेंडों को मिली थी मंजूरी इससे पहले पिछले बुधवार को हुई कैबिनेट बैठक में कुल 13 एजेंडों पर मुहर लगी थी। बैठक में खेल, सुरक्षा और विमानन क्षेत्र से जुड़े कई बड़े फैसले लिए गए थे। सरकार ने अरवल में 6.81 एकड़ जमीन और औरंगाबाद में 13.09 एकड़ भूमि पर स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स बनाने को मंजूरी दी थी। वहीं, सलखुआ में 6.61 एकड़ जमीन पर आउटडोर स्टेडियम बनाया जाएगा। इन परियोजनाओं का निर्माण खेल विभाग करेगा। गया से बैंकॉक के बीच अंतरराष्ट्रीय उड़ान का प्रस्ताव सरकार ने गया से बैंकॉक के बीच सीधी अंतरराष्ट्रीय उड़ान शुरू करने के प्रस्ताव को भी मंजूरी दी थी। इसके लिए राज्य सरकार एयरलाइन कंपनी को आर्थिक सहायता देगी। पिछली बैठक में अंतरराष्ट्रीय और अंतरराज्यीय सीमाओं की सुरक्षा मजबूत करने के लिए IG बॉर्डर के नए पद के गठन को मंजूरी दी गई थी। सरकार का मानना है कि इससे सीमा सुरक्षा और खुफिया तंत्र और मजबूत होगा। कैबिनेट ने STF में 50 अनुभवी पुलिसकर्मियों को लंबे समय तक प्रतिनियुक्ति पर रखने की मंजूरी भी दी थी। सरकार का कहना है कि इससे उग्रवाद और अपराध नियंत्रण में मदद मिलेगी। सम्राट कैबिनेट की अबतक 5 बैठकें हो चुकी हैं पहली कैबिनेट में 11 आधुनिक शहरों का ऐलान बिहार में 11 नए आधुनिक शहर बसेंगे। सम्राट कैबिनेट की पहली मीटिंग में इन सेटेलाइट टाउनशिप के विकास को मंजूरी दी गई। इन 11 स्थानों पर जमीन की खरीद-बिक्री पर तत्काल प्रभाव से रोक लगा दी गई थी। मुजफ्फरपुर, सीतामढ़ी, भागलपुर और छपरा के पास ये रोक 30 जून 2027 तक लागू रहेगी। वहीं, पटना, सोनपुर, गया, दरभंगा, सहरसा, पूर्णिया और मुंगेर के पास यह पाबंदी 31 मार्च 2027 तक रहेगी। कैबिनेट की यह बैठक सीएम सम्राट चौधरी की अध्यक्षता में हुई। इस बैठक में कुल 22 एजेंडों पर मुहर लगी। इन सेटेलाइट टाउन का नामकरण प्राचीन सांस्कृतिक नामों पर होगा। पटना के पास ‘पाटलिपुत्र’ और सोनपुर के पास ‘हरिहरनाथपुर टाउनशिप विकसित होगी। इस बीच नगर विकास विभाग इन स्थानों का मास्टर प्लान तैयार कर लेगा। इन मास्टर प्लान में कोर एरिया और स्पेशल एरिया तय किए जाएंगे। इसके बाद लैंडयूज और निर्माण की प्लानिंग इसी मास्टर प्लान के मुताबिक होगी। बुजुर्गों को राहत: 80 साल से अधिक उम्र के बुजुर्गों के घर जाकर जमीन रजिस्ट्री की औपचारिकताएं सरकारी कर्मचारियों की ओर से पूरी की जाएंगी। दूसरी कैबिनेट मीटिंग में 63 एजेंडों पर लगी थी मुहर सम्राट सरकार की दूसरी कैबिनेट बैठक 29 अप्रैल को हुई थी, जिसमें कुल 63 एजेंडों पर मुहर लगी थी। इस बैठक का सबसे बड़ा फैसला रोजगार और नियुक्तियों से जुड़ा रहा। बिहार पुलिस में 20,937 पदों पर भर्ती को मंजूरी दी गई, जिसमें आधे पद प्रोमोशन के जरिए और बाकी सीधे भर्ती से भरे जाएंगे। शिक्षा विभाग में 9,152 पदों, ट्रैफिक पुलिस में 485 पदों और वन एवं पर्यावरण विभाग में 313 पदों की बहाली को भी स्वीकृति दी गई। इसी बैठक में संजय गांधी जैविक उद्यान का नाम बदलकर “पटना जू” करने का निर्णय भी लिया गया। तीसरी कैबिनेट मीटिंग- सीतामढ़ी मेडिकल कॉलेज का नाम बदला तीसरी कैबिनेट मीटिंग में 20 एजेंडों पर मुहर लगी। सीतामढ़ी के मेडिकल कॉलेज का नाम बदलकर अब ‘माता सीता मेडिकल कॉलेज’ किया जाएगा। वहीं अरवल, शेखपुरा समेत राज्य के कई जिलों में सरकार ने केंद्रीय विद्यालय खोलने का फैसला लिया। इन विद्यालयों के लिए कई जिलों में जमीन उपलब्ध कराई जाएगी, जो एक रुपए के टोकन पर 30 साल की लीज पर दी जाएगी। इसके अलावा, शहरों के विकास के लिए सरकार विश्व बैंक से 500 मिलियन डॉलर (भारतीय रुपए में लगभग 4,700 करोड़ रुपए) का लोन लेगी। वहीं, बिहार की 19,300Km सड़कों के रखरखाव पर करीब 15,967 करोड़ रुपए खर्च किए जाएंगे। सड़कों की निगरानी के लिए AI तकनीक का भी उपयोग किया जाएगा। चौथी कैबिनेट- 19 एजेंडों पर लगी थी मुहर 13 मई को हुई कैबिनेट की बैठक में कुल 19 एजेंडों पर मुहर लगी थी। उस बैठक में बिहार के करीब 9 लाख सरकारी कर्मचारियों और अधिकारियों को बड़ी राहत दी गई थी। राज्य सरकार ने केंद्र सरकार की तर्ज पर महंगाई भत्ता (DA) बढ़ाने का फैसला लिया था। वित्त विभाग ने DA को 58 प्रतिशत से बढ़ाकर 60 प्रतिशत कर दिया था। यह फैसला 1 जनवरी 2026 से प्रभावी माना जाएगा। इसके अलावा बिहार में बढ़ते क्राइम को लेकर 5 जिलों में रूरल SP की पोस्ट को मंजूरी दी गई थी। पूर्वी चंपारण, समस्तीपुर, वैशाली, मधुबनी और सीवान में ग्रामीण SP तैनात होंगे। महिलाओं को इलेक्ट्रिक वाहन खरीदने पर मिलेगा लाभ बैठक में महिलाओं को प्रोत्साहित करने के लिए बड़ा फैसला लिया गया था। सरकार ने महिलाओं द्वारा चारपहिया इलेक्ट्रिक वाहन खरीदने पर एक लाख रुपए तक की सहायता राशि देने की मंजूरी दी थी।


