देश की पहली सोलर सिटी घोषित सांची में रखरखाव के अभाव में परियोजना दम तोड़ रही है। शहर की 285 सोलर स्ट्रीट लाइटों में से करीब 70% बंद पड़ी हैं और 20% चोरी हो चुकी हैं। नगर परिषद के बार-बार पत्र लिखने के बावजूद ऊर्जा विभाग ने सुध नहीं ली। 3 सितंबर 2023 को तत्कालीन मुख्यमंत्री शिवराजसिंह चौहान ने इसका लोकार्पण कर प्रति वर्ष 14,000 से 14,300 टन $CO_2$ उत्सर्जन घटाने का दावा किया था, लेकिन जमीनी हकीकत अलग है। शहर के 2400 घरों में से केवल 17 पर ही सोलर पैनल लगे हैं। बांटे गए किट के उपकरण खराब हो चुके हैं और सोलर प्याऊ से गर्म पानी आ रहा है। नागौरी की पहाड़ी पर 3 मेगावाट और गुलगांव में 5 मेगावाट के प्लांट से बिजली ग्रिड में जा रही है। विधायक डॉ. प्रभुराम चौधरी ने व्यवस्थाएं सुधरवाने की बात कही है। खंभे और सोलर प्लेटें चोरी होने की शिकायत सांची थाने में की, लेकिन सुनवाई नहीं हो पाई। इसी तरह ऊर्जा विभाग को भी कई बार पत्र लिखे कि इनका मेंटेनेंस करवा दीजिए, लेकिन वहां से भी जवाब नहीं मिला।’ – रामलाल कुशवाह, सीएमओ, नगर परिषद


