Aligarh Police Encounter : महिलाओं को दिनदहाड़े लूटने वाले दो बदमाशों को अलीगढ़ पुलिस ने रविवार देर शाम मुठभेड़ में मार गिराया। दोनों आरोपी रजा मोहम्मद और मोमीन (मुबीन) कई-कई दर्जन आपराधिक मामलों में वांछित थे। मुठभेड़ में दो पुलिसकर्मी भी घायल हुए हैं।
रविवार दोपहर अतरौली थाना क्षेत्र के गांव खेड़ा में पुष्पा देवी नाम की महिला जानवर चराकर घर लौट रही थीं। गोधा रोड पर बाइक सवार दो बदमाशों ने तमंचा दिखाकर उनके कुंडल लूट लिए।
इससे पहले 17 मई को भकरोला गांव में कई महिलाएं (सीमा देवी, कुंती देवी, सुनीता, गुड़िया आदि) खेतों में काम कर रही थीं। उसी दौरान दो बदमाश बाइक पर पहुंचे और तमंचा दिखाकर महिलाओं के कुंडल, पाजेब समेत जेवर लूट लिए। विरोध करने पर जान से मारने की धमकी भी दी। इन दोनों घटनाओं के बाद पुलिस ने बदमाशों की तलाश शुरू कर दी थी।
एनकाउंटर कैसे हुआ?
पुलिस की लगातार नाकेबंदी और कॉम्बिंग के दौरान रविवार सुबह खैर थाना क्षेत्र में दोनों बदमाशों ने पुलिस टीम पर फायरिंग की और भाग निकले। दोपहर की लूट की घटना के बाद पुलिस ने यूपी-112 के जरिए पूरे इलाके की घेराबंदी कर दी।
देर शाम बदमाश मढौली गांव के पास फंस गए। पुलिस ने उन्हें सरेंडर करने का आदेश दिया, लेकिन उन्होंने ताबड़तोड़ फायरिंग शुरू कर दी। गोली पुलिस वाहन और दो अधिकारियों की बुलेटप्रूफ जैकेट पर भी लगी। जवाबी कार्रवाई में दोनों बदमाश मौके पर ढेर हो गए। मुठभेड़ में दो सिपाही घायल भी हुए हैं।
- रजा मोहम्मद: हापुड़ के रजापुर गांव (सिंभावली थाना क्षेत्र) का निवासी। उसके खिलाफ करीब 40 मुकदमे दर्ज हैं। महिलाओं से लूट की 27 से ज्यादा घटनाएं उसके नाम हैं। अप्रैल के अंत में जेल से छूटा था और फिर से गैंग बनाकर लूट शुरू कर दी थी। एक महिला से बलात्कार का मामला भी दर्ज है।
- मोमीन बुलंदशहर का रहने वाला। उसके खिलाफ 27 मुकदमे दर्ज हैं।
एसएसपी नीरज कुमार जादौन ने बताया कि दोनों बदमाश लंबे समय से महिलाओं को निशाना बना रहे थे। पुलिस कई दिनों से उनकी तलाश में सक्रिय थी। गांवों-खेतों में काम करने वाली महिलाओं को अब डरने की जरूरत नहीं है। अलीगढ़ पुलिस अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रखेगी।


