समस्तीपुर में शनिवार सुबह पेंट कारोबारी संजय साथालिया के घर में आग लग गी। देखते ही देखते लपटें चारों ओर फैल गई। सूचना मिलने के बाद फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची। आधे घंटे की मशक्कत के बाद काबू पाया। करीब डेढ़ लाख का नुकसान हुआ है। घटना गोला रोड की है। स्थानीय भोला अग्रवाल ने बताया कि सुबह घर के टॉप फ्लोर से धुआं उठता देखकर लोगों ने शोर मचाया। उस समय घर में सिर्फ दो महिलाएं थीं। शोर होने पर आसपास के लोगों की भीड़ जुट गई। तुरंत नगर पुलिस को जानकारी दी गई। पुलिस के साथ दमकल की छोटी गाड़ी भी पहुंची। स्थिति बिगड़ने पर बड़ी गाड़ी को बुलाया गया। इस दौरान भारी मात्रा में पेंट और एक एसी जलकर राख गई। बिजली के शॉर्ट सर्किट से आग लगने की आशंका है। एक दिन पहले ही ऊपर के फ्लोर पर वायरिंग हुआ था। जिसमें कुछ फॉल्ट बताया जा रहा है।
सूचना मिलने पर टीम को भेजा गया वहीं, इस संबंध में नगर थानाध्यक्ष अजीत कुमार ने बताया कि सीताराम विश्वनाथ प्रतिष्ठान में आग लगने की सूचना पर फायर ब्रिगेड की टीम को भेजा गया था। फिलहाल सबकुछ नियंत्रण में है। आग लगने का कारण बिजली का शॉर्ट सर्किट बताया जा रहा है। छानबीन की जा रही है। नुकसान का आकलन किया जा रहा है। समस्तीपुर में शनिवार सुबह पेंट कारोबारी संजय साथालिया के घर में आग लग गी। देखते ही देखते लपटें चारों ओर फैल गई। सूचना मिलने के बाद फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची। आधे घंटे की मशक्कत के बाद काबू पाया। करीब डेढ़ लाख का नुकसान हुआ है। घटना गोला रोड की है। स्थानीय भोला अग्रवाल ने बताया कि सुबह घर के टॉप फ्लोर से धुआं उठता देखकर लोगों ने शोर मचाया। उस समय घर में सिर्फ दो महिलाएं थीं। शोर होने पर आसपास के लोगों की भीड़ जुट गई। तुरंत नगर पुलिस को जानकारी दी गई। पुलिस के साथ दमकल की छोटी गाड़ी भी पहुंची। स्थिति बिगड़ने पर बड़ी गाड़ी को बुलाया गया। इस दौरान भारी मात्रा में पेंट और एक एसी जलकर राख गई। बिजली के शॉर्ट सर्किट से आग लगने की आशंका है। एक दिन पहले ही ऊपर के फ्लोर पर वायरिंग हुआ था। जिसमें कुछ फॉल्ट बताया जा रहा है।
सूचना मिलने पर टीम को भेजा गया वहीं, इस संबंध में नगर थानाध्यक्ष अजीत कुमार ने बताया कि सीताराम विश्वनाथ प्रतिष्ठान में आग लगने की सूचना पर फायर ब्रिगेड की टीम को भेजा गया था। फिलहाल सबकुछ नियंत्रण में है। आग लगने का कारण बिजली का शॉर्ट सर्किट बताया जा रहा है। छानबीन की जा रही है। नुकसान का आकलन किया जा रहा है।


