मुंगेर में प्रसिद्ध ऋषिकुंड मलमास मेला शुरू होने के बाद मंगलवार को जिलाधिकारी निखिल धनराज निप्पाणीकर ने मेला क्षेत्र का स्थलीय निरीक्षण किया। उन्होंने तैयारियों और श्रद्धालुओं के लिए उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने अधिकारियों को आवश्यक व्यवस्थाएं जल्द पूरा करने के निर्देश दिए। श्रद्धालुओं की सुविधा को प्राथमिकता देते हुए जिलाधिकारी ने 21 मई तक 20 अस्थायी शौचालय और 10 चेंजिंग रूम तैयार कराने का निर्देश दिया। 2 दिन में पूरा होगा निर्माण कार्य उन्होंने बताया कि निर्माण कार्य शुरू हो चुका है और अगले दो दिनों में इसे पूरा कर लिया जाएगा। इसके अतिरिक्त, नियमित विद्युत आपूर्ति, नियंत्रण कक्ष, हेल्प डेस्क, मेडिकल कैंप और एसडीआरएफ टीम की तैनाती सुनिश्चित करने को भी कहा गया है। निरीक्षण के दौरान पार्किंग व्यवस्था पर भी विशेष जोर दिया गया। जिलाधिकारी ने बताया कि मेले में आने वाले श्रद्धालुओं के वाहनों के लिए समुचित पार्किंग की व्यवस्था की जा रही है, जहां निर्धारित शुल्क पर वाहन खड़े किए जा सकेंगे। वहीं, खाद्य सुरक्षा को लेकर फूड इंस्पेक्टर को नियमित रूप से मेले में लगे फूड स्टॉलों की जांच करने का निर्देश दिया गया, ताकि श्रद्धालुओं को गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री मिल सके। अधिकारियों को दिए आवश्यक दिशा-निर्देश जिलाधिकारी ने कहा कि ऋषिकुंड का मलमास मेला जिले का प्रसिद्ध धार्मिक आयोजन है, जहां मुंगेर समेत आसपास के कई जिलों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचते हैं। ऐसे में प्रशासन की प्राथमिकता है कि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की परेशानी न हो। इसके लिए सभी संबंधित विभागों के अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए हैं। इस दौरान जिलाधिकारी ने पर्यटन विभाग द्वारा ऋषिकुंड परिसर में बनाए जा रहे भवन निर्माण कार्य का भी निरीक्षण किया। निर्माण की गुणवत्ता खराब पाए जाने पर उन्होंने नाराजगी व्यक्त की और संबंधित अभियंता को तत्काल सुधार करने का निर्देश दिया। उन्होंने स्पष्ट कहा कि निर्माण कार्य में किसी प्रकार की अनियमितता या लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। मुंगेर में प्रसिद्ध ऋषिकुंड मलमास मेला शुरू होने के बाद मंगलवार को जिलाधिकारी निखिल धनराज निप्पाणीकर ने मेला क्षेत्र का स्थलीय निरीक्षण किया। उन्होंने तैयारियों और श्रद्धालुओं के लिए उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने अधिकारियों को आवश्यक व्यवस्थाएं जल्द पूरा करने के निर्देश दिए। श्रद्धालुओं की सुविधा को प्राथमिकता देते हुए जिलाधिकारी ने 21 मई तक 20 अस्थायी शौचालय और 10 चेंजिंग रूम तैयार कराने का निर्देश दिया। 2 दिन में पूरा होगा निर्माण कार्य उन्होंने बताया कि निर्माण कार्य शुरू हो चुका है और अगले दो दिनों में इसे पूरा कर लिया जाएगा। इसके अतिरिक्त, नियमित विद्युत आपूर्ति, नियंत्रण कक्ष, हेल्प डेस्क, मेडिकल कैंप और एसडीआरएफ टीम की तैनाती सुनिश्चित करने को भी कहा गया है। निरीक्षण के दौरान पार्किंग व्यवस्था पर भी विशेष जोर दिया गया। जिलाधिकारी ने बताया कि मेले में आने वाले श्रद्धालुओं के वाहनों के लिए समुचित पार्किंग की व्यवस्था की जा रही है, जहां निर्धारित शुल्क पर वाहन खड़े किए जा सकेंगे। वहीं, खाद्य सुरक्षा को लेकर फूड इंस्पेक्टर को नियमित रूप से मेले में लगे फूड स्टॉलों की जांच करने का निर्देश दिया गया, ताकि श्रद्धालुओं को गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री मिल सके। अधिकारियों को दिए आवश्यक दिशा-निर्देश जिलाधिकारी ने कहा कि ऋषिकुंड का मलमास मेला जिले का प्रसिद्ध धार्मिक आयोजन है, जहां मुंगेर समेत आसपास के कई जिलों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचते हैं। ऐसे में प्रशासन की प्राथमिकता है कि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की परेशानी न हो। इसके लिए सभी संबंधित विभागों के अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए हैं। इस दौरान जिलाधिकारी ने पर्यटन विभाग द्वारा ऋषिकुंड परिसर में बनाए जा रहे भवन निर्माण कार्य का भी निरीक्षण किया। निर्माण की गुणवत्ता खराब पाए जाने पर उन्होंने नाराजगी व्यक्त की और संबंधित अभियंता को तत्काल सुधार करने का निर्देश दिया। उन्होंने स्पष्ट कहा कि निर्माण कार्य में किसी प्रकार की अनियमितता या लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।


