पूर्वी चंपारण जिले के मोतिहारी प्रखंड स्थित राजकीय उत्क्रमित मध्य विद्यालय भरौलिया लक्ष्मीपुर में एडमिशन के नाम पर अभिभावकों से पैसे वसूलने का मामला सामने आया है। आरोप है कि पैसे न देने पर छात्रों का दाखिला नहीं लिया जाता। एक वीडियो वायरल होने के बाद ग्रामीणों ने स्कूल पहुंचकर जमकर हंगामा किया। सोशल मीडिया पर वायरल एक वीडियो में विद्यालय की प्रधानाध्यापिका उषा रानी नए एडमिशन के लिए 500 रुपये की मांग करती दिख रही हैं। वीडियो में वह यह भी कहती हैं कि इससे कम में दाखिला नहीं होगा। हालांकि, अभिभावक के आग्रह के बाद वह 100 रुपये लेकर एडमिशन कर देती हैं। बताया जा रहा है कि यह वीडियो पुराना है। पूरे मामले की जांच के लिए एक टीम गठित – DEO ग्रामीणों का आरोप है कि इस मामले की शिकायत पहले भी शिक्षा विभाग से की गई थी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। इसके बाद छह दिन पहले बड़ी संख्या में ग्रामीण स्कूल पहुंचे और हंगामा किया। ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया कि विद्यालय में कार्यरत एक शिक्षिका के पति बबलू यादव का स्कूल में लगातार हस्तक्षेप रहता है और उन्हीं के इशारे पर यह वसूली का खेल चल रहा है। वायरल वीडियो में भी प्रधानाध्यापिका के पैसे लेते समय बबलू यादव मौके पर मौजूद दिखाई देते हैं। हंगामे की सूचना मिलने के बाद मुफस्सिल थाना की पुलिस मौके पर पहुंची और ग्रामीणों को समझाकर स्थिति को नियंत्रण में किया। जिला शिक्षा पदाधिकारी राजन गिरी ने बताया कि पूरे मामले की जांच के लिए एक टीम गठित की गई है। जांच रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। पूर्वी चंपारण जिले के मोतिहारी प्रखंड स्थित राजकीय उत्क्रमित मध्य विद्यालय भरौलिया लक्ष्मीपुर में एडमिशन के नाम पर अभिभावकों से पैसे वसूलने का मामला सामने आया है। आरोप है कि पैसे न देने पर छात्रों का दाखिला नहीं लिया जाता। एक वीडियो वायरल होने के बाद ग्रामीणों ने स्कूल पहुंचकर जमकर हंगामा किया। सोशल मीडिया पर वायरल एक वीडियो में विद्यालय की प्रधानाध्यापिका उषा रानी नए एडमिशन के लिए 500 रुपये की मांग करती दिख रही हैं। वीडियो में वह यह भी कहती हैं कि इससे कम में दाखिला नहीं होगा। हालांकि, अभिभावक के आग्रह के बाद वह 100 रुपये लेकर एडमिशन कर देती हैं। बताया जा रहा है कि यह वीडियो पुराना है। पूरे मामले की जांच के लिए एक टीम गठित – DEO ग्रामीणों का आरोप है कि इस मामले की शिकायत पहले भी शिक्षा विभाग से की गई थी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। इसके बाद छह दिन पहले बड़ी संख्या में ग्रामीण स्कूल पहुंचे और हंगामा किया। ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया कि विद्यालय में कार्यरत एक शिक्षिका के पति बबलू यादव का स्कूल में लगातार हस्तक्षेप रहता है और उन्हीं के इशारे पर यह वसूली का खेल चल रहा है। वायरल वीडियो में भी प्रधानाध्यापिका के पैसे लेते समय बबलू यादव मौके पर मौजूद दिखाई देते हैं। हंगामे की सूचना मिलने के बाद मुफस्सिल थाना की पुलिस मौके पर पहुंची और ग्रामीणों को समझाकर स्थिति को नियंत्रण में किया। जिला शिक्षा पदाधिकारी राजन गिरी ने बताया कि पूरे मामले की जांच के लिए एक टीम गठित की गई है। जांच रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।


