जिले में मध्याह्न भोजन योजना में अनियमितताओं को लेकर शिक्षा विभाग ने सख्त रुख अपनाते हुए बड़ी कार्रवाई की है। सोनबरसा प्रखंड के मध्य विद्यालय चक्की महरुवा में जांच के दौरान गड़बड़ी मिलने पर प्रधानाध्यापक से 24 घंटे के भीतर स्पष्टीकरण मांगा गया है। समय पर संतोषजनक जवाब नहीं मिलने पर विभागीय कार्रवाई की चेतावनी दी गई है। निरीक्षण में सामने आया कि 484 नामांकित छात्रों के मुकाबले मौके पर केवल 253 छात्र ही उपस्थित थे, जबकि पिछले छह कार्य दिवसों में औसत उपस्थिति 289 दर्ज की गई थी। जांच के दौरान छात्र उपस्थिति अद्यतन नहीं पाई गई और मिड-डे मील पंजी भी उपलब्ध नहीं था। खाद्यान्न के भंडारण और उपयोग में भी अनियमितता उजागर हुई। डीपीओ मध्याह्न भोजन योजना आयुष कुमार ने प्रधानाध्यापक को छात्र उपस्थिति पंजी, पोषाहार पंजी, चखना पंजी सहित सभी अभिलेखों की स्व-अभिप्रमाणित प्रतियां प्रस्तुत करने का निर्देश दिया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि योजना में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। वहीं, बथनाहा प्रखंड के मध्य विद्यालय सहियारा में फर्जी उपस्थिति दिखाकर राशि निकासी के मामले में भी बड़ा एक्शन लिया गया है। जांच के आधार पर प्रधानाध्यापक पर कुल 5 लाख 26 हजार 10 रुपये का आर्थिक दंड लगाया गया है। इसमें पहले से लंबित 1.73 लाख रुपये का दंड भी शामिल है, जो अब तक जमा नहीं किया गया था। डीपीओ ने संबंधित प्रधानाध्यापक को सात दिनों के भीतर पूरी राशि जमा करने का निर्देश दिया है। तय समय सीमा में राशि जमा नहीं करने पर वेतन से वसूली की जाएगी। साथ ही कमजोर अनुश्रवण के लिए संबंधित प्रखंड साधन सेवी के मानदेय में 10 प्रतिशत कटौती का आदेश दिया गया है। जिले में मध्याह्न भोजन योजना में अनियमितताओं को लेकर शिक्षा विभाग ने सख्त रुख अपनाते हुए बड़ी कार्रवाई की है। सोनबरसा प्रखंड के मध्य विद्यालय चक्की महरुवा में जांच के दौरान गड़बड़ी मिलने पर प्रधानाध्यापक से 24 घंटे के भीतर स्पष्टीकरण मांगा गया है। समय पर संतोषजनक जवाब नहीं मिलने पर विभागीय कार्रवाई की चेतावनी दी गई है। निरीक्षण में सामने आया कि 484 नामांकित छात्रों के मुकाबले मौके पर केवल 253 छात्र ही उपस्थित थे, जबकि पिछले छह कार्य दिवसों में औसत उपस्थिति 289 दर्ज की गई थी। जांच के दौरान छात्र उपस्थिति अद्यतन नहीं पाई गई और मिड-डे मील पंजी भी उपलब्ध नहीं था। खाद्यान्न के भंडारण और उपयोग में भी अनियमितता उजागर हुई। डीपीओ मध्याह्न भोजन योजना आयुष कुमार ने प्रधानाध्यापक को छात्र उपस्थिति पंजी, पोषाहार पंजी, चखना पंजी सहित सभी अभिलेखों की स्व-अभिप्रमाणित प्रतियां प्रस्तुत करने का निर्देश दिया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि योजना में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। वहीं, बथनाहा प्रखंड के मध्य विद्यालय सहियारा में फर्जी उपस्थिति दिखाकर राशि निकासी के मामले में भी बड़ा एक्शन लिया गया है। जांच के आधार पर प्रधानाध्यापक पर कुल 5 लाख 26 हजार 10 रुपये का आर्थिक दंड लगाया गया है। इसमें पहले से लंबित 1.73 लाख रुपये का दंड भी शामिल है, जो अब तक जमा नहीं किया गया था। डीपीओ ने संबंधित प्रधानाध्यापक को सात दिनों के भीतर पूरी राशि जमा करने का निर्देश दिया है। तय समय सीमा में राशि जमा नहीं करने पर वेतन से वसूली की जाएगी। साथ ही कमजोर अनुश्रवण के लिए संबंधित प्रखंड साधन सेवी के मानदेय में 10 प्रतिशत कटौती का आदेश दिया गया है।


