मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के राज्यसभा जाने की चर्चाओं के बीच पार्टी कार्यकर्ताओं में असमंजस और निराशा का माहौल देखने को मिल रहा है। इसी मुद्दे को लेकर लौरिया क्षेत्र के बिसुनपुरवा गांव में जदयू कार्यकर्ताओं की एक बैठक आयोजित की गई, जिसमें मुख्यमंत्री के स्थान पर उनके बेटे निशांत कुमार को बिहार का मुख्यमंत्री बनाए जाने की मांग उठाई गई। बैठक की अध्यक्षता जदयू जिला अध्यक्ष कन्हैया कुशवाहा ने की। इस मौके पर जदयू युवा जिलाध्यक्ष मनीष गुप्ता, पूर्व जिला अध्यक्ष अताउल्लाह खान समेत बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ता मौजूद रहे। विकास की नीतियों को आगे बढ़ाने की बात बैठक में कार्यकर्ताओं ने कहा कि नीतीश कुमार के नेतृत्व में बिहार ने विकास की नई दिशा प्राप्त की है। सड़क, शिक्षा, स्वास्थ्य और कानून व्यवस्था के क्षेत्र में कई महत्वपूर्ण काम हुए हैं। ऐसे में यदि वे राज्यसभा जाते हैं तो उनकी नीतियों और विकास कार्यों की निरंतरता बनाए रखना जरूरी होगा। कार्यकर्ताओं ने कहा कि इसी कारण पार्टी नेतृत्व को निशांत कुमार को मुख्यमंत्री बनाने पर विचार करना चाहिए, ताकि विकास की यह प्रक्रिया आगे भी जारी रह सके। नेतृत्व क्षमता का जताया भरोसा बैठक में मौजूद नेताओं और कार्यकर्ताओं ने कहा कि निशांत कुमार में नेतृत्व की क्षमता है और वे अपने पिता के पदचिह्नों पर चलते हुए बिहार के विकास को आगे बढ़ा सकते हैं। उनका मानना था कि पार्टी को ऐसे नेतृत्व की जरूरत है जो मुख्यमंत्री की नीतियों को समझता हो और उन्हें आगे ले जाने की क्षमता रखता हो। युवाओं को अवसर देने की मांग बैठक के दौरान कई स्थानीय कार्यकर्ताओं ने भी अपनी राय रखी। उन्होंने कहा कि पार्टी को युवाओं को नेतृत्व का अवसर देना चाहिए। इससे संगठन को नई ऊर्जा मिलेगी और पार्टी और अधिक मजबूत होगी। बैठक में मौजूद सभी कार्यकर्ताओं ने एकजुट होकर पार्टी के शीर्ष नेतृत्व से इस मांग पर गंभीरता से विचार करने की अपील की। साथ ही कहा कि कार्यकर्ताओं की भावनाओं को भी महत्व दिया जाना चाहिए। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के राज्यसभा जाने की चर्चाओं के बीच पार्टी कार्यकर्ताओं में असमंजस और निराशा का माहौल देखने को मिल रहा है। इसी मुद्दे को लेकर लौरिया क्षेत्र के बिसुनपुरवा गांव में जदयू कार्यकर्ताओं की एक बैठक आयोजित की गई, जिसमें मुख्यमंत्री के स्थान पर उनके बेटे निशांत कुमार को बिहार का मुख्यमंत्री बनाए जाने की मांग उठाई गई। बैठक की अध्यक्षता जदयू जिला अध्यक्ष कन्हैया कुशवाहा ने की। इस मौके पर जदयू युवा जिलाध्यक्ष मनीष गुप्ता, पूर्व जिला अध्यक्ष अताउल्लाह खान समेत बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ता मौजूद रहे। विकास की नीतियों को आगे बढ़ाने की बात बैठक में कार्यकर्ताओं ने कहा कि नीतीश कुमार के नेतृत्व में बिहार ने विकास की नई दिशा प्राप्त की है। सड़क, शिक्षा, स्वास्थ्य और कानून व्यवस्था के क्षेत्र में कई महत्वपूर्ण काम हुए हैं। ऐसे में यदि वे राज्यसभा जाते हैं तो उनकी नीतियों और विकास कार्यों की निरंतरता बनाए रखना जरूरी होगा। कार्यकर्ताओं ने कहा कि इसी कारण पार्टी नेतृत्व को निशांत कुमार को मुख्यमंत्री बनाने पर विचार करना चाहिए, ताकि विकास की यह प्रक्रिया आगे भी जारी रह सके। नेतृत्व क्षमता का जताया भरोसा बैठक में मौजूद नेताओं और कार्यकर्ताओं ने कहा कि निशांत कुमार में नेतृत्व की क्षमता है और वे अपने पिता के पदचिह्नों पर चलते हुए बिहार के विकास को आगे बढ़ा सकते हैं। उनका मानना था कि पार्टी को ऐसे नेतृत्व की जरूरत है जो मुख्यमंत्री की नीतियों को समझता हो और उन्हें आगे ले जाने की क्षमता रखता हो। युवाओं को अवसर देने की मांग बैठक के दौरान कई स्थानीय कार्यकर्ताओं ने भी अपनी राय रखी। उन्होंने कहा कि पार्टी को युवाओं को नेतृत्व का अवसर देना चाहिए। इससे संगठन को नई ऊर्जा मिलेगी और पार्टी और अधिक मजबूत होगी। बैठक में मौजूद सभी कार्यकर्ताओं ने एकजुट होकर पार्टी के शीर्ष नेतृत्व से इस मांग पर गंभीरता से विचार करने की अपील की। साथ ही कहा कि कार्यकर्ताओं की भावनाओं को भी महत्व दिया जाना चाहिए।


