पटना के जानीपुर थाना की पुलिस ने 8 साल से फरार जमीन जालसाज पप्पू शर्मा को शनिवार को गिरफ्तार कर लिया है। वह जमीन रजिस्ट्री के नाम पर फर्जीवाड़ा करने के आरोप में वांछित था। पप्पू शर्मा के खिलाफ 25 से ज्यादा मामले दर्ज हैं। गिरफ्तार आरोपी की पहचान जानीपुर थाना क्षेत्र के गाजाचक निवासी पप्पू शर्मा, पिता गजेंद्र शर्मा के रूप में हुई है। पुलिस के मुताबिक, पप्पू शर्मा पर जमीन से जुड़े धोखाधड़ी और जालसाजी के 25 से अधिक मामले दर्ज हैं। पुलिस लंबे समय से उसकी तलाश कर रही थी। पुलिस के अनुसार, पप्पू शर्मा जमीन की रजिस्ट्री कराने के नाम पर फर्जी कागजात और जाली दस्तावेज तैयार करता था। वह लोगों को जमीन बेचने का काम करता था। कई मामलों में उसने एक ही जमीन को अलग-अलग लोगों को बेचा और फर्जी कागजात के आधार पर जमीन की खरीद-बिक्री की शिकायतें सामने आई थीं। पीड़ितों ने थानों में प्राथमिकी दर्ज कराई थी। आरोपी पर 25 मामले दर्ज हैं जमीन से जुड़े मामलों में नाम सामने आने के बाद पुलिस ने पप्पू शर्मा की गिरफ्तारी के लिए कई संभावित ठिकानों पर छापेमारी की थी। लेकिन, वह पुलिस की पकड़ में नहीं आ रहा था। करीब आठ साल से फरार रहने के दौरान वह लगातार अपना ठिकाना बदल रहा था। इसी बीच, पुलिस को गुप्त सूचना मिली कि पप्पू शर्मा अपने गांव गाजाचक पहुंचा हुआ है। सूचना मिलते ही पुलिस अधिकारियों ने एक विशेष टीम बनाई। टीम ने सूचना की पुष्टि करने के बाद गाजाचक में घेराबंदी कर छापेमारी की और पप्पू शर्मा को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के बाद पुलिस उससे जमीन से जुड़े पुराने मामलों के संबंध में पूछताछ कर रही है। फुलवारी शरीफ पुलिस अनुमंडल पदाधिकारी-2 उमेश्वर चौधरी ने बताया कि गिरफ्तार पप्पू शर्मा के खिलाफ फुलवारी शरीफ और जानीपुर थाना में 25 से अधिक मामले दर्ज हैं। पुलिस लंबे समय से उसकी तलाश कर रही थी। पटना के जानीपुर थाना की पुलिस ने 8 साल से फरार जमीन जालसाज पप्पू शर्मा को शनिवार को गिरफ्तार कर लिया है। वह जमीन रजिस्ट्री के नाम पर फर्जीवाड़ा करने के आरोप में वांछित था। पप्पू शर्मा के खिलाफ 25 से ज्यादा मामले दर्ज हैं। गिरफ्तार आरोपी की पहचान जानीपुर थाना क्षेत्र के गाजाचक निवासी पप्पू शर्मा, पिता गजेंद्र शर्मा के रूप में हुई है। पुलिस के मुताबिक, पप्पू शर्मा पर जमीन से जुड़े धोखाधड़ी और जालसाजी के 25 से अधिक मामले दर्ज हैं। पुलिस लंबे समय से उसकी तलाश कर रही थी। पुलिस के अनुसार, पप्पू शर्मा जमीन की रजिस्ट्री कराने के नाम पर फर्जी कागजात और जाली दस्तावेज तैयार करता था। वह लोगों को जमीन बेचने का काम करता था। कई मामलों में उसने एक ही जमीन को अलग-अलग लोगों को बेचा और फर्जी कागजात के आधार पर जमीन की खरीद-बिक्री की शिकायतें सामने आई थीं। पीड़ितों ने थानों में प्राथमिकी दर्ज कराई थी। आरोपी पर 25 मामले दर्ज हैं जमीन से जुड़े मामलों में नाम सामने आने के बाद पुलिस ने पप्पू शर्मा की गिरफ्तारी के लिए कई संभावित ठिकानों पर छापेमारी की थी। लेकिन, वह पुलिस की पकड़ में नहीं आ रहा था। करीब आठ साल से फरार रहने के दौरान वह लगातार अपना ठिकाना बदल रहा था। इसी बीच, पुलिस को गुप्त सूचना मिली कि पप्पू शर्मा अपने गांव गाजाचक पहुंचा हुआ है। सूचना मिलते ही पुलिस अधिकारियों ने एक विशेष टीम बनाई। टीम ने सूचना की पुष्टि करने के बाद गाजाचक में घेराबंदी कर छापेमारी की और पप्पू शर्मा को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के बाद पुलिस उससे जमीन से जुड़े पुराने मामलों के संबंध में पूछताछ कर रही है। फुलवारी शरीफ पुलिस अनुमंडल पदाधिकारी-2 उमेश्वर चौधरी ने बताया कि गिरफ्तार पप्पू शर्मा के खिलाफ फुलवारी शरीफ और जानीपुर थाना में 25 से अधिक मामले दर्ज हैं। पुलिस लंबे समय से उसकी तलाश कर रही थी।

