वोटर लिस्ट के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) और चुनाव प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं के विरोध में कांग्रेस समेत INDIA गठबंधन के घटक दल आज (सोमवार को) दिल्ली में सुप्रीम कोर्ट तक मार्च निकालेंगे। हिमाचल के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू भी इसमें शामिल होने के लिए आज दिल्ली जाएंगे। डिप्टी सीएम मुकेश अग्निहोत्री, कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष विनय कुमार, कैबिनेट मंत्री, विधायक और पार्टी के पदाधिकारी रविवार शाम को ही दिल्ली पहुंच गए हैं। विपक्षी दलों के इस मार्च का मुख्य उद्देश्य मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग उठाना और SIR प्रक्रिया पर अपना विरोध दर्ज कराना है। कांग्रेस का आरोप है कि मतदाता सूची के पुनरीक्षण और चुनाव प्रक्रिया में गड़बड़ियों को लेकर गंभीर सवाल हैं। पार्टी इसे लोकतांत्रिक व्यवस्था और निष्पक्ष चुनाव से जुड़ा मुद्दा बता रही है। हालांकि, ये विपक्ष के आरोप हैं; इन्हें चुनावी अनियमितताओं का प्रमाणित निष्कर्ष नहीं माना जा सकता। क्यों निकाला जा रहा है मार्च SIR यानी स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन के तहत मतदाता सूचियों का विशेष गहन पुनरीक्षण किया जाता है। इसमें मतदाताओं के विवरण का सत्यापन और सूची में आवश्यक संशोधन शामिल होते हैं। कांग्रेस और उसके सहयोगी दल इस प्रक्रिया को लेकर सवाल उठा रहे हैं। विपक्ष की चिंता है कि पुनरीक्षण के दौरान किसी पात्र मतदाता का नाम गलत तरीके से सूची से न कटे और सभी योग्य मतदाताओं के मतदान के अधिकार सुरक्षित रहें। इसी मुद्दे को लेकर विपक्ष ने चुनाव आयोग के प्रति जवाबदेही तय करने की मांग उठाई है। कांग्रेस की प्रमुख मांगों में मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार का इस्तीफा, SIR प्रक्रिया पर रोक और कथित वोट चोरी के आरोपों पर कार्रवाई शामिल हैं। विपक्ष चुनाव प्रक्रिया में पारदर्शिता और मतदाता सूची की विश्वसनीयता सुनिश्चित करने की मांग भी कर रहा है। सुप्रीम कोर्ट की ओर मार्च का कार्यक्रम कांग्रेस नेता राहुल गांधी और पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के नेतृत्व में INDIA गठबंधन के नेताओं ने सोमवार को सुप्रीम कोर्ट की ओर मार्च करने का कार्यक्रम बनाया है। मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, मार्च दोपहर करीब 1:30 बजे कनॉट प्लेस और बाराखंभा रोड के जंक्शन से शुरू होना प्रस्तावित है। विपक्षी नेता इस मुद्दे को न्यायपालिका के समक्ष उठाना चाहते हैं। राहुल गांधी और खड़गे ने भारत के मुख्य न्यायाधीश (CJI) न्यायमूर्ति सूर्यकांत से मिलने का समय भी मांगा था, ताकि उन्हें ज्ञापन सौंपा जा सके। हिमाचल कांग्रेस के नेता INDIA गठबंधन के अन्य घटक दलों के साथ मार्च में शामिल होकर चुनाव आयोग के खिलाफ विपक्ष की मांगों को उठाएंगे। पार्टी का जोर SIR प्रक्रिया पर सवाल, मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे और निष्पक्ष चुनाव सुनिश्चित करने की मांग पर रहेगा।

