Bangladesh India Relations: भारत के साथ रिश्तों को लेकर बांग्लादेश ने एक ऐसा बयान दिया है, जिसने नई चर्चा छेड़ दी है। बांग्लादेश के विदेश राज्य मंत्री हुमायूं कबीर ने कहा कि ढाका अब भारत के साथ अपने संबंधों को रीसेट करना चाहता है। उन्होंने यहां तक कहा कि भारत में नाश्ता, भारत में लंच और भारत में डिनर… फिर अपना खाना कब खाएंगे? हुमायूं कबीर ने कहा कि बांग्लादेश भारत के साथ आपसी हितों के आधार पर एक नया द्विपक्षीय रिश्ता बनाना चाहता है। उनके अनुसार, यह काम किसी बहुपक्षीय मंच के बजाय दोनों देशों के बीच सीधे बातचीत से होना चाहिए।
भारत के मोह से बाहर आने की बात कही
बांग्लादेश के अखबार प्रथम आलो की रिपोर्ट के अनुसार, जब एक पत्रकार ने उनसे पूछा कि क्या प्रधानमंत्री तारिक रहमान सितंबर में संयुक्त राष्ट्र महासभा के दौरान भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मिलेंगे तो हुमायूं कबीर ने उनसे हर समय भारत के बारे में सोचने से मना किया। उन्होंने कहा कि आप भारत के प्रति अपने मोह से बाहर निकलिए। भारत हमारा सिर्फ एक पड़ोसी देश है, जिसके साथ हम अच्छे संबंध चाहते हैं।
BRICS समिट में नहीं गए प्रधानमंत्री रहमान
यह बयान BRICS समिट को लेकर हालिया घटनाक्रम के बाद आया है। बांग्लादेश ने कहा था कि प्रधानमंत्री तारिक रहमान BRICS समिट में शामिल नहीं हुए क्योंकि उन्हें व्यक्तिगत तौर पर निमंत्रण नहीं मिला था। भारत ने उन्हें BIMSTEC के अध्यक्ष के रूप में आमंत्रित किया था। अब बांग्लादेश का कहना है कि उसका तत्काल ध्यान आने वाले कूटनीतिक कार्यक्रमों पर है और वह भारत के साथ नए द्विपक्षीय संबंधों की दिशा में आगे बढ़ना चाहता है।
शेख हसीना के दौर के रिश्तों को बताया असहज
इसी दौरान मंत्री ने कहा कि अपदस्थ प्रधानमंत्री शेख हसीना के कार्यकाल के दौरान भारत के साथ संबंध असहज थे। अब ढाका नई दिल्ली के साथ बातचीत के जरिए एक नया ढांचा तैयार करना चाहता है। भारत और बांग्लादेश के रिश्तों में उस समय तनाव बढ़ा था, जब अगस्त 2024 में युवा आंदोलन के बाद सत्ता से हटने पर शेख हसीना भारत चली गई और नई दिल्ली ने उन्हें शरण दी थी।


State Minister for Foreign Affairs Humayun Kabir calls for a shift to interest-driven diplomacy.