सहारनपुर में सीएम डैशबोर्ड पर विकास कार्यों की खराब रैंकिंग को लेकर मंडलायुक्त डॉ. रूपेश कुमार ने अधिकारियों को कड़ी फटकार लगाई। मंगलवार शाम 5 बजे वर्चुअल माध्यम से हुई मंडलीय समीक्षा बैठक में उन्होंने सी और डी श्रेणी में रहने वाले विभागों को कार्यशैली सुधारने और योजनाओं की प्रगति बढ़ाने के निर्देश दिए। जननी सुरक्षा योजना में खराब प्रदर्शन पर एडी हेल्थ को कारण बताओ नोटिस जारी करने और सहारनपुर के योजना नोडल अधिकारी का वेतन रोकने के निर्देश दिए। बैठक में फैमिली आईडी, राज्य योजना, ओडीओपी टूलकिट, विश्वकर्मा श्रम सम्मान और मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना की रैंकिंग की समीक्षा की गई। राज्य योजना में सहारनपुर और मुजफ्फरनगर डी श्रेणी में रहे। ओडीओपी टूलकिट, विश्वकर्मा श्रम सम्मान और मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना में भी डी श्रेणी मिलने पर मंडलायुक्त ने सुधार के निर्देश दिए। उन्होंने सभी विभागों से सीएम डैशबोर्ड पर रैंकिंग सुधारने के लिए ठोस प्रयास करने को कहा। आईजीआरएस शिकायतों का समय से करें निस्तारण मंडलायुक्त ने निर्देश दिए कि आईजीआरएस पोर्टल पर आने वाली शिकायतों का समय से और गुणवत्तापूर्ण निस्तारण किया जाए। कोई भी शिकायत डिफॉल्टर श्रेणी में नहीं जानी चाहिए। निस्तारण के बाद संबंधित अधिकारी शिकायतकर्ता से बात कर फीडबैक लें। शिकायतकर्ता संतुष्ट नहीं है तो अधिकारी खुद मौके पर जाकर जांच करें। लापरवाही मिलने पर कार्रवाई की जाएगी। खोदी गई सड़कों की मरम्मत कराएं जल जीवन मिशन की समीक्षा के दौरान मंडलायुक्त ने पाइपलाइन बिछाने के लिए खोदी गई सड़कों की मरम्मत कराने और उनकी फोटो उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। सीएमआईएस पोर्टल पर निर्माण कार्यों की जानकारी दर्ज नहीं करने वाले अधिकारियों को भी सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी। पांच साल से पुराने राजस्व वाद न रखें लंबित राजस्व मामलों की समीक्षा में मंडलायुक्त ने अवैध कब्जे करने वालों और भूमाफिया के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने को कहा। उन्होंने निर्देश दिए कि पांच साल से पुराना कोई राजस्व वाद लंबित नहीं रहना चाहिए। तीन से पांच साल पुराने मामलों का भी जल्द निस्तारण किया जाए। इसके अलावा 10 बड़े बकाएदारों से वसूली, अंश निर्धारण में तेजी और तहसीलों में बकाएदारों की नियमित समीक्षा करने के निर्देश दिए। बैठक में डीएम अरविंद कुमार चौहान, नगर आयुक्त शिपू गिरि, सीडीओ डॉ. सुनील कुमार वर्मा समेत मंडल और जिला स्तरीय अधिकारी मौजूद रहे।

