बरेली के नवाबगंज के कचनारी गांव में सोमवार को 22 वर्षीय बीएससी फाइनल की छात्रा सुधा गंगवार की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। परिजन जब शव का अंतिम संस्कार करने श्मशान घाट पहुंचे, तभी मृतका की बड़ी बहन ने पुलिस को फोन कर परिजनों पर ही हत्या का आरोप लगा दिया। सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची पुलिस ने जलती चिता से पहले ही अंतिम संस्कार रुकवा दिया और शव को कब्जे में ले लिया। महेंद्रपाल की 22 वर्षीय पुत्री सुधा का शव घर में संदिग्ध हालत में मिला था। परिजन बिना पुलिस को सूचना दिए अंतिम संस्कार की तैयारी कर श्मशान घाट पहुंच गए। इसी बीच मृतका की बड़ी बहन संध्या ने पुलिस को सूचना दी और आरोप लगाया कि उसकी बहन की मौत स्वाभाविक नहीं है, बल्कि परिजनों ने ही उसकी हत्या की है। सूचना मिलते ही सीओ नीलेश मिश्र, थाना प्रभारी अरुण कुमार श्रीवास्तव और चौकी इंचार्ज नीतीश चौधरी पुलिस बल के साथ श्मशान घाट पहुंचे। पुलिस ने तुरंत अंतिम संस्कार रुकवाया और शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए बरेली भेज दिया। पुलिस के अनुसार, शुरुआती जांच में छात्रा के शरीर पर किसी तरह की चोट के निशान नहीं पाए गए हैं। चौकी इंचार्ज नीतीश चौधरी ने बताया कि शिकायत के आधार पर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत का सही कारण स्पष्ट हो सकेगा। पुलिस मामले की गहराई से जांच कर रही है।

