शहडोल जिले में गुरुवार से जारी तेज बारिश के कारण कई शहरी इलाकों में जलभराव की स्थिति बन गई है। वहीं, ग्रामीण क्षेत्रों में नदी-नाले उफान पर आ गए हैं और पुल-पुलियों के ऊपर से पानी बह रहा है। बिगड़ते हालात और बढ़ते जलस्तर को देखते हुए जिला प्रशासन ने अलर्ट जारी कर नागरिकों से सतर्कता बरतने की अपील की है। जलभराव वाले इलाकों में न जाने की सलाह कलेक्टर पार्थ जायसवाल ने लोगों से जलमग्न रास्तों, उफनते नदी-नालों और पुल-पुलियों से दूर रहने का आग्रह किया है। उन्होंने विशेष रूप से बच्चों और बुजुर्गों को जोखिम भरे स्थानों से दूर रखने और जान-जोखिम में डालकर फोटो या सेल्फी न लेने की सख्त हिदायत दी है। तेज बहाव में वाहन निकालने पर रोक प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि उफान वाले पुल-पुलियों से वाहन निकालना जानलेवा साबित हो सकता है। संवेदनशील और निचले इलाकों में किसी भी संभावित खतरे को रोकने के लिए निगरानी बढ़ा दी गई है। सीजन में अब तक 739.1 मिमी औसत बारिश भू-संसाधन प्रबंधन कार्यालय की रिपोर्ट के अनुसार, 20 अगस्त तक जिले में औसतन 739.1 मिमी बारिश दर्ज हो चुकी है। बुढार में सबसे अधिक 914 मिमी और जयसिंहनगर में 825 मिमी बारिश हुई है, जबकि सोहागपुर में 549 मिमी और शहडोल शहर में 570 मिमी बारिश दर्ज की गई है।

