मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR को लेकर इंडिया गठबंधन ने मैनपुरी में समाजवादी पार्टी कार्यालय पर बैठक कर विरोध जताया। बैठक में समाजवादी पार्टी के जिलाध्यक्ष आलोक शाक्य और कांग्रेस जिलाध्यक्ष गोपाल कुलश्रेष्ठ समेत गठबंधन से जुड़े नेता शामिल हुए। सपा जिलाध्यक्ष ने आरोप लगाया कि SIR की प्रक्रिया के नाम पर पात्र मतदाताओं को वोटर बनने से रोका जा रहा है। उन्होंने निर्वाचन आयोग के मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार को पद से हटाने की मांग की। साथ ही कहा कि इस मुद्दे को ब्लॉक और विधानसभा स्तर तक जनता के बीच ले जाया जाएगा। आलोक शाक्य ने कहा कि इंडिया गठबंधन के कार्यक्रम के तहत पूरे जनपद में SIR के विरोध में अभियान चलाया जा रहा है। उनका आरोप है कि निर्वाचन आयोग की ओर से अपनाई जा रही प्रक्रिया में बड़ी संख्या में पात्र लोगों के नाम मतदाता सूची में शामिल होने से प्रभावित हो रहे हैं। उन्होंने मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर भाजपा के एजेंट के रूप में काम करने का आरोप लगाया। कहा कि विपक्षी दलों से जुड़े मतदाताओं के वोट बनने से रोकने का प्रयास किया जा रहा है। सपा जिलाध्यक्ष ने कहा कि संविधान में 18 वर्ष की आयु पूरी करने वाले नागरिक को मतदान का अधिकार दिया गया है। इसके बावजूद SIR में 2003 की मतदाता सूची से माता-पिता के नाम तलाशने और विवाहित महिलाओं को मायके की सूची से जोड़ने जैसी प्रक्रिया अपनाई जा रही है। उन्होंने सवाल उठाया कि आखिर यह किस नियम और कानून के तहत किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि संविधान और लोकतंत्र को बचाने के लिए इंडिया गठबंधन इस मुद्दे को जनता के बीच लेकर जाएगा।
आलोक शाक्य ने मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार को तत्काल पद से बर्खास्त करने की मांग दोहराई। उन्होंने कहा कि एक तरफ सरकार शत-प्रतिशत मतदान की बात करती है, वहीं दूसरी तरफ पात्र मतदाताओं के वोट बनने में बाधाएं खड़ी की जा रही हैं। उन्होंने कहा कि विपक्षी दल इस प्रक्रिया के खिलाफ एकजुट हैं और आंदोलन को आगे बढ़ाया जाएगा। मुंबई में चल रहे धरने के सवाल पर सपा जिलाध्यक्ष ने कहा कि संविधान शांतिपूर्ण तरीके से धरना-प्रदर्शन करने का अधिकार देता है। समाजवादी पार्टी लोकतांत्रिक तरीके से चल रहे ऐसे आंदोलनों का समर्थन करती है। उन्होंने जंतर-मंतर पर छात्र-छात्राओं के प्रदर्शन का जिक्र करते हुए कहा कि मैनपुरी की सांसद डिंपल यादव ने भी छात्रों के बीच पहुंचकर उनकी समस्याएं सुनी थीं और सरकार को छात्रों की मांगों पर गंभीरता से विचार करने की बात कही थी।
उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी छात्रों के साथ खड़ी है। साथ ही दावा किया कि वर्ष 2027 के विधानसभा चुनाव में इंडिया गठबंधन की सरकार बनेगी और अखिलेश यादव मुख्यमंत्री होंगे।

