मुंगेर पुलिस ने तीन वर्षीय अभिराज के अपहरण मामले में एक और आरोपी को गिरफ्तार किया है। नौलखा निवासी संगीता देवी को बच्चे के अपहरण की साजिश में कथित तौर पर बिचौलिया की भूमिका निभाने के आरोप में शनिवार को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया। संगीता, अनिल यादव की पत्नी हैं। अब तक 8 लोगों की गिरफ्तारी संगीता की गिरफ्तारी के साथ पुलिस के अनुसार इस मामले में अब तक आठ लोगों की गिरफ्तारी हो चुकी है। इनमें एक नाबालिग लड़की भी शामिल है, जिसे पुलिस ने पहले हिरासत में लिया था। पुलिस अब अपहरण नेटवर्क से जुड़े गीडो यादव और पवन कुमार समेत अन्य संदिग्धों की तलाश में जुटी है। मुंगेर से बेगूसराय और पंजाब तक जुड़ा नेटवर्क पुलिस की जांच में मुंगेर से बेगूसराय और पंजाब तक फैले कथित अपहरण नेटवर्क का खुलासा हुआ है। जांच में सामने आया कि पंजाब के जालंधर निवासी हरजिंदर कुमार अपनी पत्नी के लिए बच्चा चाहता था। इसी सिलसिले में उसका संपर्क बेगूसराय की नीलम देवी से हुआ। आरोप है कि नीलम देवी ने पंजाब के पवन कुमार और सिंघिया निवासी गीडो यादव को इस योजना में शामिल किया। बच्चे के अपहरण के लिए एक लाख रुपये का लालच जांच के अनुसार, गीडो यादव और संगीता देवी ने लाल दरवाजा निवासी नीरज यादव से संपर्क किया। पुलिस के मुताबिक, नीरज को बच्चे के अपहरण के लिए एक लाख रुपये का लालच दिया गया था। इसके बाद बच्चे को पंजाब ले जाने के लिए नीलम देवी के साथ तीन लाख रुपये में सौदा तय होने की बात सामने आई है। संगीता की गिरफ्तारी से मिले सुराग पुलिस संगीता की गिरफ्तारी को मामले में महत्वपूर्ण कड़ी मान रही है। कोतवाली थानाध्यक्ष राजीव कुमार तिवारी ने बताया कि संगीता से पूछताछ के बाद मिले सुरागों के आधार पर गीडो यादव और पवन कुमार की गिरफ्तारी के लिए कार्रवाई की जा रही है। गीडो की गिरफ्तारी के लिए स्थानीय स्तर पर छापेमारी जारी है। वहीं, पवन कुमार को पकड़ने के लिए पुलिस की एक विशेष टीम को पंजाब भेजने की तैयारी की जा रही है। छह आरोपियों को पहले ही भेजा जा चुका है जेल इस मामले में पुलिस पंजाब के जालंधर निवासी हरजिंदर कुमार, रमनजीत कौर, निर्मला और चालक राजकुमार, बेगूसराय की नीलम देवी तथा मुंगेर के नीरज यादव को पहले ही गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है। पुलिस का कहना है कि फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद बच्चे के अपहरण की पूरी साजिश और इसमें शामिल अन्य लोगों की भूमिका और स्पष्ट हो सकेगी। क्या पहले भी बच्चों को निशाना बनाया गया? पुलिस के मुताबिक, मामला सिर्फ एक बच्चे के अपहरण तक सीमित नहीं है। इसके पीछे जुड़े लोगों और पैसों के लेन-देन की भी जांच की जा रही है। पुलिस यह भी पता लगाने में जुटी है कि इस नेटवर्क ने इससे पहले भी किसी बच्चे को निशाना बनाया था या नहीं। थानाध्यक्ष बोले- जांच जारी है कोतवाली थानाध्यक्ष राजीव कुमार तिवारी ने बताया कि मासूम के अपहरण मामले में अब तक आठ लोगों की गिरफ्तारी हो चुकी है। एक नाबालिग लड़की को भी पूर्व में पकड़ा गया था। उन्होंने कहा कि मामले में आगे भी पुलिस की कार्रवाई जारी है। सफलता मिलने पर इसकी जानकारी दी जाएगी। मुंगेर पुलिस ने तीन वर्षीय अभिराज के अपहरण मामले में एक और आरोपी को गिरफ्तार किया है। नौलखा निवासी संगीता देवी को बच्चे के अपहरण की साजिश में कथित तौर पर बिचौलिया की भूमिका निभाने के आरोप में शनिवार को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया। संगीता, अनिल यादव की पत्नी हैं। अब तक 8 लोगों की गिरफ्तारी संगीता की गिरफ्तारी के साथ पुलिस के अनुसार इस मामले में अब तक आठ लोगों की गिरफ्तारी हो चुकी है। इनमें एक नाबालिग लड़की भी शामिल है, जिसे पुलिस ने पहले हिरासत में लिया था। पुलिस अब अपहरण नेटवर्क से जुड़े गीडो यादव और पवन कुमार समेत अन्य संदिग्धों की तलाश में जुटी है। मुंगेर से बेगूसराय और पंजाब तक जुड़ा नेटवर्क पुलिस की जांच में मुंगेर से बेगूसराय और पंजाब तक फैले कथित अपहरण नेटवर्क का खुलासा हुआ है। जांच में सामने आया कि पंजाब के जालंधर निवासी हरजिंदर कुमार अपनी पत्नी के लिए बच्चा चाहता था। इसी सिलसिले में उसका संपर्क बेगूसराय की नीलम देवी से हुआ। आरोप है कि नीलम देवी ने पंजाब के पवन कुमार और सिंघिया निवासी गीडो यादव को इस योजना में शामिल किया। बच्चे के अपहरण के लिए एक लाख रुपये का लालच जांच के अनुसार, गीडो यादव और संगीता देवी ने लाल दरवाजा निवासी नीरज यादव से संपर्क किया। पुलिस के मुताबिक, नीरज को बच्चे के अपहरण के लिए एक लाख रुपये का लालच दिया गया था। इसके बाद बच्चे को पंजाब ले जाने के लिए नीलम देवी के साथ तीन लाख रुपये में सौदा तय होने की बात सामने आई है। संगीता की गिरफ्तारी से मिले सुराग पुलिस संगीता की गिरफ्तारी को मामले में महत्वपूर्ण कड़ी मान रही है। कोतवाली थानाध्यक्ष राजीव कुमार तिवारी ने बताया कि संगीता से पूछताछ के बाद मिले सुरागों के आधार पर गीडो यादव और पवन कुमार की गिरफ्तारी के लिए कार्रवाई की जा रही है। गीडो की गिरफ्तारी के लिए स्थानीय स्तर पर छापेमारी जारी है। वहीं, पवन कुमार को पकड़ने के लिए पुलिस की एक विशेष टीम को पंजाब भेजने की तैयारी की जा रही है। छह आरोपियों को पहले ही भेजा जा चुका है जेल इस मामले में पुलिस पंजाब के जालंधर निवासी हरजिंदर कुमार, रमनजीत कौर, निर्मला और चालक राजकुमार, बेगूसराय की नीलम देवी तथा मुंगेर के नीरज यादव को पहले ही गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है। पुलिस का कहना है कि फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद बच्चे के अपहरण की पूरी साजिश और इसमें शामिल अन्य लोगों की भूमिका और स्पष्ट हो सकेगी। क्या पहले भी बच्चों को निशाना बनाया गया? पुलिस के मुताबिक, मामला सिर्फ एक बच्चे के अपहरण तक सीमित नहीं है। इसके पीछे जुड़े लोगों और पैसों के लेन-देन की भी जांच की जा रही है। पुलिस यह भी पता लगाने में जुटी है कि इस नेटवर्क ने इससे पहले भी किसी बच्चे को निशाना बनाया था या नहीं। थानाध्यक्ष बोले- जांच जारी है कोतवाली थानाध्यक्ष राजीव कुमार तिवारी ने बताया कि मासूम के अपहरण मामले में अब तक आठ लोगों की गिरफ्तारी हो चुकी है। एक नाबालिग लड़की को भी पूर्व में पकड़ा गया था। उन्होंने कहा कि मामले में आगे भी पुलिस की कार्रवाई जारी है। सफलता मिलने पर इसकी जानकारी दी जाएगी।


