रोहतक जिले की महम नगर पालिका के पार्षदों के एक दल ने शनिवार को मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी से मुलाकात की। उन्होंने नगर पालिका में चल रहे विकास कार्यों, टेंडर प्रक्रिया, भुगतान और प्रशासनिक कामकाज को लेकर शिकायतें और जनहित के मुद्दे उनके सामने रखे। पार्षदों ने मुख्यमंत्री को एक शिकायत पत्र सौंपा। इसमें नगर पालिका के विकास कार्यों में गड़बड़ी, टेंडर, सरकारी पैसे का इस्तेमाल, अधूरे कामों का भुगतान, सफाई व्यवस्था और कथित फर्जी हस्ताक्षर जैसे करीब 20 मुद्दों पर जांच की मांग की गई। प्रतिनिध मंडल ने खास तौर पर डोर-टू-डोर कूड़ा कलेक्शन, सड़कों और नालों की सफाई, शौचालय और पार्कों की सफाई, हुड्डा पार्क के काम, तालाबों को सुंदर बनाने, नगर पालिका की जमीन पर कथित अवैध कब्जे, सफाई कर्मचारियों के इंतजाम और अलग-अलग विकास कार्यों में हुए भुगतान की जांच की मांग की। पार्षद बोले- साफ-सुथरा हो जनता के पैसे का इस्तेमाल पार्षदों ने कहा कि जनता के पैसे का सही और साफ-सुथरा इस्तेमाल होना चाहिए। हर विकास कार्य की तकनीकी गुणवत्ता, टेंडर प्रक्रिया, माप पुस्तिका, बिल और भुगतान की जांच होनी चाहिए। इससे अगर कहीं कोई गड़बड़ी हुई है, तो जिम्मेदार अधिकारियों, कर्मचारियों या ठेकेदारों की जवाबदेही तय हो सकेगी। इसके साथ ही, महम शहर के रुके हुए विकास कार्यों को जल्दी शुरू करवाने और जनता से जुड़े जरूरी कामों में तेजी लाने की भी मुख्यमंत्री से मांग की गई। पार्षदों ने कहा कि महम के विकास में किसी भी तरह की लापरवाही या भ्रष्टाचार बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उनका मकसद राजनीति नहीं, बल्कि साफ-सुथरी व्यवस्था और महम का पूरा विकास है।

