मधुबनी नगर निगम के मौजूदा मेयर और भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय परिषद सदस्य अरुण राय ने अगला मेयर चुनाव नहीं लड़ने का ऐलान किया है। उन्होंने अपने बेटे प्रशांत राय को आगामी मेयर चुनाव में उम्मीदवार बनाने की घोषणा की है। इस घोषणा से राजनीतिक गलियारों में नई चर्चा शुरू हो गई है। गुरुवार सुबह पत्रकारों से बात करते हुए अरुण राय ने साफ तौर पर कहा कि वह अब मधुबनी नगर निगम के मेयर पद के लिए चुनाव नहीं लड़ेंगे। उन्होंने कहा कि उनके बेटे प्रशांत राय मेयर पद के लिए चुनाव लड़ेंगे। अरुण राय ने बताया कि मधुबनी नगर निगम बनने के बाद हुए पहले चुनाव में जनता के आशीर्वाद से उन्हें मेयर चुना गया था। उन्होंने कहा कि जनता ही लोकतंत्र की असली मालिक है और उनके किए गए कामों का हिसाब जनता खुद कर सकती है। मेयर अरुण राय ने कहा कि अपने करीब तीन साल के कार्यकाल में उन्होंने मधुबनी नगर निगम क्षेत्र के विकास और लोगों के हित से जुड़े कई काम किए हैं। उनके काम आज जनता के सामने हैं। उन्होंने भरोसा जताया कि बचे हुए करीब दो सालों में नगर निगम क्षेत्र के विकास से जुड़े बाकी कामों को भी पूरा करने की कोशिश की जाएगी। अपने राजनीतिक भविष्य को लेकर अरुण राय ने कहा कि अब उनकी जिम्मेदारियां सिर्फ मधुबनी तक ही नहीं रहेंगी। उन्होंने बताया कि वह भविष्य में पटना और दिल्ली की राजनीति में भी अपनी भूमिका निभाना चाहते हैं। अरुण राय ने विश्वास जताया कि जिस तरह मधुबनी की जनता ने उन्हें मेयर पद तक पहुंचाया, उसी तरह जनता का प्यार और आशीर्वाद उन्हें आगे भी मिलेगा। उन्होंने यह भी बताया कि अगले दो से चार दिनों के भीतर वह भारतीय जनता पार्टी के बड़े नेताओं से मिलने दिल्ली जाएंगे। पार्टी नेतृत्व की ओर से जो भी निर्देश मिलेगा, उसका पूरी ईमानदारी से पालन किया जाएगा। अरुण राय ने कहा कि दिल्ली से वापस आने के बाद वह पार्टी नेतृत्व से हुई बातचीत और अपनी भविष्य की राजनीतिक योजनाओं की पूरी जानकारी मधुबनी की जनता के सामने रखेंगे। मधुबनी नगर निगम के मौजूदा मेयर और भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय परिषद सदस्य अरुण राय ने अगला मेयर चुनाव नहीं लड़ने का ऐलान किया है। उन्होंने अपने बेटे प्रशांत राय को आगामी मेयर चुनाव में उम्मीदवार बनाने की घोषणा की है। इस घोषणा से राजनीतिक गलियारों में नई चर्चा शुरू हो गई है। गुरुवार सुबह पत्रकारों से बात करते हुए अरुण राय ने साफ तौर पर कहा कि वह अब मधुबनी नगर निगम के मेयर पद के लिए चुनाव नहीं लड़ेंगे। उन्होंने कहा कि उनके बेटे प्रशांत राय मेयर पद के लिए चुनाव लड़ेंगे। अरुण राय ने बताया कि मधुबनी नगर निगम बनने के बाद हुए पहले चुनाव में जनता के आशीर्वाद से उन्हें मेयर चुना गया था। उन्होंने कहा कि जनता ही लोकतंत्र की असली मालिक है और उनके किए गए कामों का हिसाब जनता खुद कर सकती है। मेयर अरुण राय ने कहा कि अपने करीब तीन साल के कार्यकाल में उन्होंने मधुबनी नगर निगम क्षेत्र के विकास और लोगों के हित से जुड़े कई काम किए हैं। उनके काम आज जनता के सामने हैं। उन्होंने भरोसा जताया कि बचे हुए करीब दो सालों में नगर निगम क्षेत्र के विकास से जुड़े बाकी कामों को भी पूरा करने की कोशिश की जाएगी। अपने राजनीतिक भविष्य को लेकर अरुण राय ने कहा कि अब उनकी जिम्मेदारियां सिर्फ मधुबनी तक ही नहीं रहेंगी। उन्होंने बताया कि वह भविष्य में पटना और दिल्ली की राजनीति में भी अपनी भूमिका निभाना चाहते हैं। अरुण राय ने विश्वास जताया कि जिस तरह मधुबनी की जनता ने उन्हें मेयर पद तक पहुंचाया, उसी तरह जनता का प्यार और आशीर्वाद उन्हें आगे भी मिलेगा। उन्होंने यह भी बताया कि अगले दो से चार दिनों के भीतर वह भारतीय जनता पार्टी के बड़े नेताओं से मिलने दिल्ली जाएंगे। पार्टी नेतृत्व की ओर से जो भी निर्देश मिलेगा, उसका पूरी ईमानदारी से पालन किया जाएगा। अरुण राय ने कहा कि दिल्ली से वापस आने के बाद वह पार्टी नेतृत्व से हुई बातचीत और अपनी भविष्य की राजनीतिक योजनाओं की पूरी जानकारी मधुबनी की जनता के सामने रखेंगे।

