रक्षाबंधन के मद्देनजर बीकानेर जिले में मिलावट और खराब खाद्य पदार्थों के खिलाफ विशेष अभियान चलाया गया। खाद्य सुरक्षा एवं औषधि नियंत्रण आयुक्तालय के निर्देश पर 18 से 21 अगस्त तक विभाग ने जांच की। इस दौरान 16 खाद्य पदार्थों के सैंपल लिए गए, जबकि 14,992 किलो आयोडाइज्ड नमक और 1,103 किलो बादाम जांच रिपोर्ट आने तक सीज किए गए। इसके अलावा करीब 510 किलो मिठाई और अन्य दूषित खाद्य सामग्री मौके पर ही नष्ट करवाई गई। चार दिन में 16 खाद्य पदार्थों के सैंपल लिए खाद्य सुरक्षा एवं औषधि नियंत्रण आयुक्तालय के निर्देश पर बीकानेर जिले में 18 से 21 अगस्त तक विशेष अभियान चलाया गया। इस दौरान खाद्य पदार्थों की जांच की गई और अलग-अलग जगहों से 16 सैंपल लिए गए। इनमें सोहन पपड़ी, रसगुल्ला, नमकीन, बेसन लड्डू, काजू डोडा बर्फी, गुलाब जामुन, आयोडाइज्ड नमक, आलू की सब्जी, यूज्ड कुकिंग ऑयल, चिड़ावा पेड़े, बादाम और काजू सहित अलग-अलग खाद्य पदार्थों के सैंपल शामिल हैं। सभी सैंपल जांच के लिए जन स्वास्थ्य प्रयोगशाला भेजे गए हैं। जांच रिपोर्ट आने के बाद संबंधित खाद्य पदार्थों के बारे में नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी। 14,992 किलो नमक जांच तक सीज अभिहित अधिकारी एवं सीएमएचओ डॉ. पुखराज साध ने बताया कि मैसर्स श्री श्याम ट्रेडर्स पर आयोडाइज्ड नमक के ‘महाभोग’ और ‘राधे राधे’ ब्रांड की कुल 14,992 किलोग्राम मात्रा सीज की गई। नमक की जांच रिपोर्ट आने तक इसे बिक्री या इस्तेमाल के लिए नहीं छोड़ा गया है। 1,103 किलो बादाम भी सीज मैसर्स चित्रा आइस फैक्ट्री एंड कोल्ड स्टोर पर भी कार्रवाई की गई। यहां 1,103 किलोग्राम बादाम को जांच रिपोर्ट आने तक सीज किया गया। विभाग के अनुसार प्रयोगशाला से जांच रिपोर्ट मिलने के बाद खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के तहत आगे की कार्रवाई की जाएगी। 510 किलो मिठाई और दूसरी सामग्री नष्ट अभियान के दौरान करीब 510 किलोग्राम मिठाई और अन्य दूषित खाद्य सामग्री मौके पर ही नष्ट करवाई गई। विभाग ने बताया कि त्योहारों के सीजन में खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और शुद्धता बनाए रखने के लिए जांच और कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी। इन अधिकारियों ने की कार्रवाई यह कार्रवाई खाद्य सुरक्षा अधिकारियों श्रवण कुमार वर्मा, भानू प्रताप सिंह गहलोत, सुरेंद्र कुमार और राकेश गोदारा ने की। विभाग की ओर से लिए गए खाद्य पदार्थों के सैंपल की जांच रिपोर्ट आने के बाद संबंधित खाद्य पदार्थों के मामले में नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।

