कानपुर में बारिश के बाद जलभराव की ऐसी तस्वीरें सामने आईं जब आम जनजीवन अस्त-व्यस्त दिखाई दिया। जलभराव की समस्या को लेकर गोविंद नगर विधायक सुरेंद्र मैथानी ने लखनऊ में नगर विकास मंत्री एके शर्मा से मुलाकात कर ज्ञापन सौंपा था। उन्होंने कानपुर के ड्रेनेज सिस्टम की कनेक्टिविटी दुरुस्त करने और बारिश से खराब हुई सड़कों के गड्ढे भरने की मांग की। विधायक ने कहा कि जलभराव कानपुर की पुरानी समस्या है, नगर निगम की लापरवाही से ऐसी स्थिति शहर में हुई, इसका स्थायी समाधान प्लानिंग से ही संभव है। सवाल: शहर के जलभराव समस्या को लेकर आपने क्या मांग रखी?
जवाब- हर साल जलभराव होता है। कई इलाकों में स्थिति ऐसी हो जाती है 7-8 घंटे तक जलभराव हो जाता है। बच्चे स्कूल नहीं जा पाते और एंबुलेंस तक जाम में फंस जाती हैं। लोग एक ही स्थान पर फंस कर रह जात हैं। नगर विकास मंत्री से इसके स्थायी समाधान की मांग की है। सवाल: जलभराव की मुख्य वजह क्या मानते हैं?
जवाब- पूरे शहर के ड्रेनेज सिस्टम की कनेक्टिविटी ठीक नहीं है। एक जगह पानी निकालने के बाद दूसरी जगह निकासी का रास्ता नहीं मिलता तो वहां जलभराव हो जाता है। इसलिए पूरे कानपुर के ड्रेनेज सिस्टम का नक्शा बनाकर पानी की निकासी के सभी रास्तों को आपस में जोड़ना जरूरी है। सवाल: क्या सिर्फ नालों की सफाई से समस्या हल हो सकती है?
जवाब- नहीं। नालों की सफाई के बाद किनारे छोड़ी गई सिल्ट समय पर नहीं उठती तो बारिश में वापस नाले में चली जाती है और पानी का फ्लो रुक जाता है। सफाई के साथ सिल्ट उठाना भी जरूरी है।
सवाल: लापरवाही कहां हो रही है?
जवाब- नगर निगम की जिम्मेदारी है कि कर्मचारी अपना काम ठीक से करें। इसके लिए कर्मचारियों को जरूरी संसाधन भी मिलने चाहिए। जहां समस्या हो, उसे अधिकारियों और जरूरत पड़ने पर जनप्रतिनिधियों के संज्ञान में लाया जाना चाहिए। सवाल: सड़कों के गड्ढों को लेकर क्या हुआ?
जवाब- बारिश से जगह-जगह गड्ढे हो गए हैं। नगर विकास मंत्री से मुलाकात के बाद ही मंडलायुक्त ने बैठक कर गड्ढे भरने के निर्देश दिए हैं और संबंधित विभागों की टीमें मौके पर जाकर नाप-जोख कर रही हैं।


