बांग्लादेश में अल-कायदा से जुड़े नेता हारुन इजहार का हिंदुओं को लेकर विवादित बयान सामने आया है। सोशल मीडिया पर वायरल एक वीडियो में वह कहता नजर आ रहा है कि हिंदुओं को आसानी से मारा जा सकता है। यह वीडियो चटगांव में आयोजित एक कार्यक्रम का है। इसमें इजहार यह भी कहता सुनाई दे रहा है कि उसे खुद कुछ करने की जरूरत नहीं पड़ेगी, क्योंकि उसके समर्थक ही ऐसा करने के लिए काफी हैं। शेख हसीना के सत्ता से हटने के बाद बांग्लादेश में हिंदुओं और दूसरे अल्पसंख्यक समुदायों पर हमलों और भेदभाव के कई आरोप लग चुके हैं। हारुन इजहार कौन है? हारुन इजहार बांग्लादेश के चटगांव का कट्टरपंथी इस्लामी नेता है और हिफाजत-ए-इस्लाम से जुड़ा रहा है। उसके पिता मुफ्ती इजहारुल इस्लाम भी चटगांव के एक चर्चित इस्लामी नेता और मदरसा संचालक रहे हैं। हारुन का नाम लंबे समय से कट्टरपंथ और हिंसक गतिविधियों से जुड़े मामलों में सामने आता रहा है। 2013 में चटगांव के लालखान बाजार स्थित मदरसे में विस्फोट हुआ था। इस घटना में तीन लोगों की मौत हुई थी। जांच के दौरान पुलिस ने विस्फोटक बनाने की सामग्री, तेजाब और बिना फटे ग्रेनेड बरामद किए थे। इस मामले में हारुन और उसके पिता समेत कई लोगों पर केस दर्ज हुआ था। अल-कायदा से कनेक्शन का क्या मामला है? 2021 में भी हिंसा के मामले में नाम आया मार्च 2021: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बांग्लादेश दौरे के खिलाफ हुए प्रदर्शनों के दौरान चटगांव और दूसरे इलाकों में हिंसा हुई थी। हारुन इजहार को इन हिंसक घटनाओं से जुड़े मामलों में गिरफ्तार किया गया था। पुलिस के मुताबिक, उसने पूछताछ के दौरान हिंसा में अपनी भूमिका मानी और उन लोगों के नाम भी बताए, जिन्होंने हिंसा भड़काने में कथित तौर पर भूमिका निभाई थी। उसके खिलाफ ढाका, चटगांव और राजशाही में कई मामले दर्ज थे। 2023: हारुन इजहार चटगांव सेंट्रल जेल से जमानत पर बाहर आया। पुलिस के मुताबिक, इजहार के खिलाफ दर्ज 11 मामलों में उसे जमानत मिल गई थी और पुलिस ने कहा था कि वह निगरानी में रहेगा। 2025: दिसंबर में भारत विरोधी हिंसक प्रदर्शनों के दौरान भी हारुन इजहार का नाम सामने आया था। रिपोर्ट के मुताबिक, चटगांव में भारतीय हितों के खिलाफ प्रदर्शन के बाद वह एक पुलिस स्टेशन पहुंचा था। वहां वह भारतीय राजनयिक मिशन पर हमले के आरोपियों के मामले में दखल देता नजर आया। अल-कायदा बांग्लादेश में अपने आतंकी सेल बनाने की कोशिश कर रहा UNSC की 10 अगस्त को जारी रिपोर्ट कहा गया है कि अल-कायदा इन द इंडियन सबकॉन्टिनेंट (AQIS) अब बिखरे हुए छोटे आतंकी संगठन की बजाय एक क्षेत्रीय आतंकी नेटवर्क के रूप में विकसित हो चुका है। संगठन ने अपना लॉजिस्टिक्स और फाइनेंशियल नेटवर्क तैयार कर लिया है और अब बड़े समूहों के बजाय छोटे-छोटे, अलग-अलग सेल के जरिए काम कर रहा है। इस रिपोर्ट में कहा गया है कि AQIS बांग्लादेश में भी अपने आतंकी सेल बनाने की कोशिश कर रहा है। रिपोर्ट में इसे क्षेत्रीय सुरक्षा के लिए गंभीर चिंता का विषय बताया गया है। —————- यह खबर भी पढ़ें… बांग्लादेश बोला- भारत से गंगा जल समझौते में गारंटी मांगेंगे:जरूरत पड़ी तो अंतरराष्ट्रीय मंच पर जाएंगे; 1996 का समझौता दिसंबर में खत्म होगा बांग्लादेश, भारत के साथ गंगा जल संधि में ‘गारंटी क्लॉज’ शामिल करना चाहता है। बांग्लादेश के जल संसाधन मंत्री शाहिदुद्दीन चौधरी एनी ने मंगलवार को ढाका में एक कार्यक्रम के दौरान यह बात कही। पूरी खबर पढ़ें…
बांग्लादेशी नेता बोला- हिंदुओं को आसानी से मार सकते हैं:अल-कायदा से जुड़े हारून इजहार का बयान सोशल मीडिया पर वायरल

