दक्षिण-पूर्व रेलवे ने ट्रेनों में सफर करने वाले यात्रियों को हाईजेनिक खानपान उपलब्ध कराने के लिए चूहों और कॉकरोचों पर एआई कैमरे से निगरानी रखने की योजना बनाई है। इस पर दपू रेलवे ने एक बड़ा कदम उठाया है। इस योजना के तहत चक्रधरपुर रेल मंडल के टाटानगर, चक्रधरपुर, राउरकेला, झारसुगुड़ा समेत प्रमुख स्टेशनों की पैंट्री कारों, कैंटीनों, जनआहार, फूड प्लाजा में मार्च 2027 तक एआई (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) कैमरे लगाने की योजना पर तेजी से काम चल रहा है। अक्सर ट्रेनों की पैंट्री कारों और स्टेशनों के फूड प्लाजा, जनआहार में चूहों की आवाजाही देखी जाती है। कॉकरोच भी मंडराते रहते हैं। ऐसे में यात्रियों को परेशानी होती है। यात्रियों की सेहत पर असर पड़ने की संभावना भी बनी रहती है। हावड़ा-पुणे दुरंतो, हावड़ा-मुंबई दुरंतो, गीतांजलि एक्सप्रेस, हावड़ा-मुंबई मेल समेत कई ट्रेनों की पैंट्री में भी ये कैमरे लगाए जा रहे हैं। जिससे पता सके। ये एडवांस कैमरे रसोई या पैंट्री में चूहों और कॉकरोच की मौजूदगी का पता लगाकर तुरंत अलार्म बजाएंगे। जिसका अलर्ट सीधे जोनल और डिवीजन मुख्यालय तक पहुंचेगा। जिस स्थान पर कीट या गंदगी मिलेगी। वहां संबंधित एजेंसी और अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। इसके अलावे लापरवाही मिलने पर वेंडर या एजेंसी का लाइसेंस तक रद्द किया जा सकता है। बता दें कि दक्षिण पूर्व रेलवे में खड़गपुर, टाटानगर, चक्रधरपुर, राउरकेला, आद्रा और हटिया समेत अन्य स्टेशनों पर सर्वे का काम चल रहा है। लोगों को स्वच्छ खाना उपलब्ध कराने के लिए एआई का भी उपयोग किया जा रहा है। एआई आधारित कैमरे लगाने की योजना पर तेजी से काम चल रहा है। आदित्य कुमार चौधरी, सीनियर डीसीएम, चक्रधरपुर रेल डिवीजन दक्षिण-पूर्व रेलवे ने ट्रेनों में सफर करने वाले यात्रियों को हाईजेनिक खानपान उपलब्ध कराने के लिए चूहों और कॉकरोचों पर एआई कैमरे से निगरानी रखने की योजना बनाई है। इस पर दपू रेलवे ने एक बड़ा कदम उठाया है। इस योजना के तहत चक्रधरपुर रेल मंडल के टाटानगर, चक्रधरपुर, राउरकेला, झारसुगुड़ा समेत प्रमुख स्टेशनों की पैंट्री कारों, कैंटीनों, जनआहार, फूड प्लाजा में मार्च 2027 तक एआई (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) कैमरे लगाने की योजना पर तेजी से काम चल रहा है। अक्सर ट्रेनों की पैंट्री कारों और स्टेशनों के फूड प्लाजा, जनआहार में चूहों की आवाजाही देखी जाती है। कॉकरोच भी मंडराते रहते हैं। ऐसे में यात्रियों को परेशानी होती है। यात्रियों की सेहत पर असर पड़ने की संभावना भी बनी रहती है। हावड़ा-पुणे दुरंतो, हावड़ा-मुंबई दुरंतो, गीतांजलि एक्सप्रेस, हावड़ा-मुंबई मेल समेत कई ट्रेनों की पैंट्री में भी ये कैमरे लगाए जा रहे हैं। जिससे पता सके। ये एडवांस कैमरे रसोई या पैंट्री में चूहों और कॉकरोच की मौजूदगी का पता लगाकर तुरंत अलार्म बजाएंगे। जिसका अलर्ट सीधे जोनल और डिवीजन मुख्यालय तक पहुंचेगा। जिस स्थान पर कीट या गंदगी मिलेगी। वहां संबंधित एजेंसी और अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। इसके अलावे लापरवाही मिलने पर वेंडर या एजेंसी का लाइसेंस तक रद्द किया जा सकता है। बता दें कि दक्षिण पूर्व रेलवे में खड़गपुर, टाटानगर, चक्रधरपुर, राउरकेला, आद्रा और हटिया समेत अन्य स्टेशनों पर सर्वे का काम चल रहा है। लोगों को स्वच्छ खाना उपलब्ध कराने के लिए एआई का भी उपयोग किया जा रहा है। एआई आधारित कैमरे लगाने की योजना पर तेजी से काम चल रहा है। आदित्य कुमार चौधरी, सीनियर डीसीएम, चक्रधरपुर रेल डिवीजन

