मुंगेर में शारदीय नवरात्र की अष्टमी पर बरियारपुर प्रखंड के कल्याणपुर दुर्गा स्थान में आस्था, भक्ति और भोजपुरी संगीत का अनूठा संगम देखने को मिला। भव्य पूजा पंडाल में आयोजित सांस्कृतिक कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश के गोरखपुर से सांसद एवं भोजपुरी अभिनेता रवि किशन और भोजपुरी सुपरस्टार गायक पवन सिंह के पहुंचते ही उत्साह चरम पर पहुंच गया। दोनों कलाकारों की एक झलक पाने और उनकी प्रस्तुति देखने के लिए हजारों की संख्या में लोग उमड़ पड़े। देर रात तक पूरा दुर्गा स्थान परिसर दर्शकों से भरा रहा। पवन सिंह के मंच पर पहुंचते ही लोगों का उत्साह और बढ़ गया। हालांकि, बढ़ती भीड़ और बैरिकेडिंग पर बढ़ते दबाव के कारण स्थिति को नियंत्रित करना मुश्किल हो गया। गंगा महाआरती में भाग लिया सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए आयोजक समिति और जिला प्रशासन को पवन सिंह का कार्यक्रम बीच में ही रोकना पड़ा। इसके बाद परिसर में मौजूद लोगों को धीरे-धीरे बाहर निकाला गया। कल्याणपुर दुर्गा स्थान परिसर में आयोजित सांस्कृतिक कार्यक्रम की शुरुआत भव्य गंगा महाआरती से हुई। इस अवसर पर केंद्रीय कोयला एवं खान मंत्री सतीश चंद्र दुबे और बिहार सरकार के मंत्री बुलो मंडल सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे। महाआरती के दौरान पूरा परिसर भक्तिमय वातावरण में डूबा रहा। श्रद्धालुओं ने मां दुर्गा की आराधना के साथ गंगा महाआरती में भाग लिया। धार्मिक अनुष्ठान के बाद सांस्कृतिक कार्यक्रम का सिलसिला शुरू हुआ। रवि किशन के मंच पर पहुंचते ही गूंजने लगीं तालियां सांसद रवि किशन के मंच पर पहुंचते ही दर्शकों ने तालियों की गड़गड़ाहट के साथ उनका स्वागत किया। उनके फिल्मी सफर और अभिनय से जुड़ी झलकियां बड़ी स्क्रीन पर दिखाई गईं। इसके बाद रवि किशन ने ‘ओम नमः शिवाय’ गीत प्रस्तुत कर दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। उनकी प्रस्तुति पर लोगों ने जमकर तालियां बजाईं और पूरा परिसर उत्साह से गूंज उठा। अपने संबोधन में रवि किशन ने कल्याणपुर जैसे छोटे से गांव में इतने भव्य स्तर पर दुर्गापूजा के आयोजन की सराहना की। उन्होंने कहा कि यहां तैयार किया गया पूजा पंडाल अपनी भव्यता और कलात्मकता के कारण विशेष आकर्षण का केंद्र बना हुआ है। स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर मलेशिया के ट्विन टावर और ब्रिटिश पार्लियामेंट की तर्ज पर बनाई गई संरचनाएं लोगों को आकर्षित कर रही हैं। इनके साथ भगवान भोलेनाथ के शिवलिंग का स्वरूप भी दर्शाया गया है, जो श्रद्धालुओं के लिए आस्था और आकर्षण का केंद्र है। रवि किशन ने कहा कि इस तरह के आयोजन केवल धार्मिक आस्था तक सीमित नहीं हैं, बल्कि स्थानीय कारीगरों के हुनर को प्रदर्शित करने और उन्हें रोजगार उपलब्ध कराने का भी माध्यम हैं। पंडाल निर्माण में कारीगरों की मेहनत, कला और रचनात्मकता दिखाई देती है। ऐसे आयोजनों से स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर पैदा होते हैं और लोगों की प्रतिभा को पहचान मिलती है। धार्मिक और सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित करना सराहनीय उन्होंने कहा कि यदि बिहार में इसी तरह रोजगार के अवसर बढ़ें और स्थानीय स्तर पर लोगों को काम मिले, तो युवाओं को रोजगार की तलाश में दिल्ली और मुंबई जैसे बड़े शहरों की ओर पलायन करने की जरूरत नहीं पड़ेगी। सांसद ने आयोजन समिति के प्रमुख डॉ. नीतीश दुबे और उनकी पूरी टीम की सराहना करते हुए कहा कि स्थानीय लोगों तथा कारीगरों के सहयोग से इतने बड़े स्तर पर धार्मिक और सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित करना सराहनीय प्रयास है। पवन सिंह के भक्ति गीतों पर झूम उठा पूरा परिसर देर रात भोजपुरी सुपरस्टार गायक पवन सिंह के मंच पर पहुंचते ही दर्शकों का उत्साह चरम पर पहुंच गया। उन्हें देखने के लिए लोग बेताब नजर आए। पवन सिंह ने मां दुर्गा की आराधना से जुड़े भक्ति गीतों की प्रस्तुति शुरू की, तो पूरा वातावरण भक्तिमय हो गया। दर्शक तालियां बजाकर और जयकारे लगाकर उनका उत्साह बढ़ाने लगे। पवन सिंह की लोकप्रियता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि उनकी प्रस्तुति शुरू होते ही परिसर में मौजूद भीड़ और अधिक उत्साहित हो गई। उन्हें करीब से देखने और उनकी आवाज में गीत सुनने के लिए दर्शक मंच की ओर बढ़ने लगे। इस दौरान भीड़ का दबाव बढ़ने से बैरिकेडिंग टूटने की स्थिति उत्पन्न हो गई। बेकाबू भीड़ के कारण बीच में रोकना पड़ा कार्यक्रम कार्यक्रम के दौरान लगातार बढ़ती भीड़ को देखते हुए आयोजक समिति के सदस्यों और जिला प्रशासन की टीम ने लोगों को नियंत्रित करने का प्रयास किया। हालांकि, बड़ी संख्या में लोगों के एक साथ मंच की ओर बढ़ने के कारण स्थिति संभालना मुश्किल होने लगा। बैरिकेडिंग पर बढ़ते दबाव और सुरक्षा संबंधी चुनौतियों को देखते हुए पवन सिंह की प्रस्तुति बीच में ही रोकने का निर्णय लिया गया। कार्यक्रम रोके जाने के बाद परिसर में मौजूद लोगों को धीरे-धीरे बाहर निकाला गया। सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने की चुनौती कल्याणपुर में इस वर्ष तैयार किया गया भव्य पूजा पंडाल भी लोगों के बीच चर्चा का विषय बना रहा। मलेशिया के ट्विन टावर और ब्रिटिश पार्लियामेंट की तर्ज पर बनाई गई संरचनाओं को देखने के लिए मुंगेर के अलावा भागलपुर, बांका, जमुई और खगड़िया सहित आसपास के कई जिलों से लोग पहुंचे थे। कल्याणपुर में आयोजित इस कार्यक्रम ने एक ओर जहां श्रद्धालुओं की आस्था और स्थानीय कारीगरों की कलात्मक प्रतिभा को प्रदर्शित किया, वहीं दूसरी ओर भारी भीड़ के कारण सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने की चुनौती भी सामने आई। मुंगेर में शारदीय नवरात्र की अष्टमी पर बरियारपुर प्रखंड के कल्याणपुर दुर्गा स्थान में आस्था, भक्ति और भोजपुरी संगीत का अनूठा संगम देखने को मिला। भव्य पूजा पंडाल में आयोजित सांस्कृतिक कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश के गोरखपुर से सांसद एवं भोजपुरी अभिनेता रवि किशन और भोजपुरी सुपरस्टार गायक पवन सिंह के पहुंचते ही उत्साह चरम पर पहुंच गया। दोनों कलाकारों की एक झलक पाने और उनकी प्रस्तुति देखने के लिए हजारों की संख्या में लोग उमड़ पड़े। देर रात तक पूरा दुर्गा स्थान परिसर दर्शकों से भरा रहा। पवन सिंह के मंच पर पहुंचते ही लोगों का उत्साह और बढ़ गया। हालांकि, बढ़ती भीड़ और बैरिकेडिंग पर बढ़ते दबाव के कारण स्थिति को नियंत्रित करना मुश्किल हो गया। गंगा महाआरती में भाग लिया सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए आयोजक समिति और जिला प्रशासन को पवन सिंह का कार्यक्रम बीच में ही रोकना पड़ा। इसके बाद परिसर में मौजूद लोगों को धीरे-धीरे बाहर निकाला गया। कल्याणपुर दुर्गा स्थान परिसर में आयोजित सांस्कृतिक कार्यक्रम की शुरुआत भव्य गंगा महाआरती से हुई। इस अवसर पर केंद्रीय कोयला एवं खान मंत्री सतीश चंद्र दुबे और बिहार सरकार के मंत्री बुलो मंडल सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे। महाआरती के दौरान पूरा परिसर भक्तिमय वातावरण में डूबा रहा। श्रद्धालुओं ने मां दुर्गा की आराधना के साथ गंगा महाआरती में भाग लिया। धार्मिक अनुष्ठान के बाद सांस्कृतिक कार्यक्रम का सिलसिला शुरू हुआ। रवि किशन के मंच पर पहुंचते ही गूंजने लगीं तालियां सांसद रवि किशन के मंच पर पहुंचते ही दर्शकों ने तालियों की गड़गड़ाहट के साथ उनका स्वागत किया। उनके फिल्मी सफर और अभिनय से जुड़ी झलकियां बड़ी स्क्रीन पर दिखाई गईं। इसके बाद रवि किशन ने ‘ओम नमः शिवाय’ गीत प्रस्तुत कर दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। उनकी प्रस्तुति पर लोगों ने जमकर तालियां बजाईं और पूरा परिसर उत्साह से गूंज उठा। अपने संबोधन में रवि किशन ने कल्याणपुर जैसे छोटे से गांव में इतने भव्य स्तर पर दुर्गापूजा के आयोजन की सराहना की। उन्होंने कहा कि यहां तैयार किया गया पूजा पंडाल अपनी भव्यता और कलात्मकता के कारण विशेष आकर्षण का केंद्र बना हुआ है। स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर मलेशिया के ट्विन टावर और ब्रिटिश पार्लियामेंट की तर्ज पर बनाई गई संरचनाएं लोगों को आकर्षित कर रही हैं। इनके साथ भगवान भोलेनाथ के शिवलिंग का स्वरूप भी दर्शाया गया है, जो श्रद्धालुओं के लिए आस्था और आकर्षण का केंद्र है। रवि किशन ने कहा कि इस तरह के आयोजन केवल धार्मिक आस्था तक सीमित नहीं हैं, बल्कि स्थानीय कारीगरों के हुनर को प्रदर्शित करने और उन्हें रोजगार उपलब्ध कराने का भी माध्यम हैं। पंडाल निर्माण में कारीगरों की मेहनत, कला और रचनात्मकता दिखाई देती है। ऐसे आयोजनों से स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर पैदा होते हैं और लोगों की प्रतिभा को पहचान मिलती है। धार्मिक और सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित करना सराहनीय उन्होंने कहा कि यदि बिहार में इसी तरह रोजगार के अवसर बढ़ें और स्थानीय स्तर पर लोगों को काम मिले, तो युवाओं को रोजगार की तलाश में दिल्ली और मुंबई जैसे बड़े शहरों की ओर पलायन करने की जरूरत नहीं पड़ेगी। सांसद ने आयोजन समिति के प्रमुख डॉ. नीतीश दुबे और उनकी पूरी टीम की सराहना करते हुए कहा कि स्थानीय लोगों तथा कारीगरों के सहयोग से इतने बड़े स्तर पर धार्मिक और सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित करना सराहनीय प्रयास है। पवन सिंह के भक्ति गीतों पर झूम उठा पूरा परिसर देर रात भोजपुरी सुपरस्टार गायक पवन सिंह के मंच पर पहुंचते ही दर्शकों का उत्साह चरम पर पहुंच गया। उन्हें देखने के लिए लोग बेताब नजर आए। पवन सिंह ने मां दुर्गा की आराधना से जुड़े भक्ति गीतों की प्रस्तुति शुरू की, तो पूरा वातावरण भक्तिमय हो गया। दर्शक तालियां बजाकर और जयकारे लगाकर उनका उत्साह बढ़ाने लगे। पवन सिंह की लोकप्रियता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि उनकी प्रस्तुति शुरू होते ही परिसर में मौजूद भीड़ और अधिक उत्साहित हो गई। उन्हें करीब से देखने और उनकी आवाज में गीत सुनने के लिए दर्शक मंच की ओर बढ़ने लगे। इस दौरान भीड़ का दबाव बढ़ने से बैरिकेडिंग टूटने की स्थिति उत्पन्न हो गई। बेकाबू भीड़ के कारण बीच में रोकना पड़ा कार्यक्रम कार्यक्रम के दौरान लगातार बढ़ती भीड़ को देखते हुए आयोजक समिति के सदस्यों और जिला प्रशासन की टीम ने लोगों को नियंत्रित करने का प्रयास किया। हालांकि, बड़ी संख्या में लोगों के एक साथ मंच की ओर बढ़ने के कारण स्थिति संभालना मुश्किल होने लगा। बैरिकेडिंग पर बढ़ते दबाव और सुरक्षा संबंधी चुनौतियों को देखते हुए पवन सिंह की प्रस्तुति बीच में ही रोकने का निर्णय लिया गया। कार्यक्रम रोके जाने के बाद परिसर में मौजूद लोगों को धीरे-धीरे बाहर निकाला गया। सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने की चुनौती कल्याणपुर में इस वर्ष तैयार किया गया भव्य पूजा पंडाल भी लोगों के बीच चर्चा का विषय बना रहा। मलेशिया के ट्विन टावर और ब्रिटिश पार्लियामेंट की तर्ज पर बनाई गई संरचनाओं को देखने के लिए मुंगेर के अलावा भागलपुर, बांका, जमुई और खगड़िया सहित आसपास के कई जिलों से लोग पहुंचे थे। कल्याणपुर में आयोजित इस कार्यक्रम ने एक ओर जहां श्रद्धालुओं की आस्था और स्थानीय कारीगरों की कलात्मक प्रतिभा को प्रदर्शित किया, वहीं दूसरी ओर भारी भीड़ के कारण सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने की चुनौती भी सामने आई।

