धार जिले के राजगढ़ में एक किशोरी को शादी का झांसा देकर दुष्कर्म करने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। आरोपी द्वारा अचानक संपर्क तोड़ लेने से आहत होकर पीड़िता ने अमझेरा तालाब में कूदकर अपनी जान देने की कोशिश की। हालांकि, मौके पर मौजूद स्थानीय लोगों की सूझबूझ से उसे सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। पुलिस ने इस मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि मुख्य आरोपी की तलाश जारी है। पुलिस के अनुसार, पीड़िता पिछले करीब दो साल से धार जिले के उमरिया बड़ा निवासी निलेश डावर के संपर्क में थी। दोनों के बीच मोबाइल पर बातचीत होती थी, जो धीरे-धीरे प्रेम संबंध में बदल गई। इस बीच, किशोरी की सगाई तय हो गई और उसकी शादी 2 अप्रैल 2026 को होनी निश्चित हुई थी। जब निलेश को इस सगाई की भनक लगी, तो उसने किशोरी को शादी न करने और खुद उससे शादी करने का झांसा देकर अपने जाल में फंसा लिया। आठ दिनों तक बंधक बनाकर किया दुष्कर्म बीती 24 मार्च को जब किशोरी अपने पिता के साथ राजगढ़ में शादी के कपड़े खरीदने आई थी, तभी निलेश के कहने पर उसका दोस्त बलराम बाइक लेकर पहुंचा और किशोरी को बहला-फुसलाकर धार ले गया। आरोप है कि धार में निलेश ने किशोरी को शीतल दीदी और आकाश नामक व्यक्तियों के कमरे पर बंधक बनाकर रखा। वहां करीब आठ दिनों तक उसका लगातार शोषण किया गया। इसके बाद भी निलेश हर तीन-चार दिन में आकर पीड़िता से मिलता था। इस पूरे घटनाक्रम की जानकारी निलेश के दोस्त गोपाल को भी थी, जो अक्सर वहां आता-जाता था। संपर्क टूटने पर उठाया आत्मघाती कदम कुछ समय बाद निलेश ने किशोरी का मोबाइल अपने पास रख लिया और उससे पूरी तरह संपर्क तोड़ दिया। करीब दो महीने तक निलेश का कोई सुराग न मिलने से परेशान होकर किशोरी उसे ढूंढते हुए अमझेरा पहुंची। जब निलेश वहां नहीं मिला, तो हताश होकर उसने अमझेरा तालाब में छलांग लगा दी। अमझेरा थाना प्रभारी राजू मकवाना ने बताया कि तालाब के पास मौजूद स्थानीय लोगों ने तत्परता दिखाते हुए किशोरी को सुरक्षित बाहर निकाला और तुरंत अस्पताल पहुंचाया, जिससे उसकी जान बच गई। पॉक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज, दो गिरफ्तार 27 अगस्त को पीड़िता ने अपने परिजनों के साथ अमझेरा थाने पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई। अमझेरा पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जीरो एफआईआर दर्ज कर केस राजगढ़ थाने स्थानांतरित कर दिया। राजगढ़ थाना प्रभारी समीर पाटीदार ने बताया कि पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मामले में सह-आरोपी आकाश और गोपाल को गिरफ्तार कर लिया है। मुख्य आरोपी निलेश डावर की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की एक विशेष टीम गठित की गई है जो लगातार दबिश दे रही है। आरोपियों के खिलाफ पॉक्सो (POCSO) एक्ट और भारतीय न्याय संहिता (BNS) की गंभीर धाराओं के तहत मामला दर्ज कर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।

