जौनपुर में एक व्यक्ति की पीट-पीटकर हत्या कर दी गई। मृतक की पत्नी अपने तीन बच्चों और ग्रामीणों के साथ बुधवार दोपहर 12 बजे से कलेक्ट्रेट परिसर में धरने पर बैठ गई है। पत्नी ने ग्राम प्रधान और उसके साथियों पर हत्या का आरोप लगाया है। शाहगंज क्षेत्र के मजडीहा गांव निवासी गुलावती देवी ने बताया कि उनके पति चंदन राजभर दिहाड़ी मजदूर थे। गुलावती स्वयं ग्राम प्रधान मो. साजिद उर्फ चुन्नू के मुर्गी फार्म की देखरेख करती थीं। गुलावती के आरोप के अनुसार, 16 जुलाई की रात करीब 9 बजे ग्राम प्रधान ने उन्हें तीन दिनों तक जबरन अपने पास रोक लिया था। जब उनके पति चंदन राजभर को इसकी जानकारी हुई, तो वे ग्राम प्रधान के घर पूछताछ करने गए। वहां ग्राम प्रधान मो. साजिद उर्फ चुन्नू, मन्नान पुत्र सुलेमान, सहजाद पुत्र इसरार और उनके साथियों ने मिलकर चंदन राजभर को बुरी तरह पीटा। मारपीट में चंदन को गंभीर चोटें आईं, जिसके बाद ग्राम प्रधान और उनके साथी उन्हें रास्ते में छोड़कर चले गए। चंदन किसी तरह अपने घर पहुंचे, लेकिन उनका तत्काल इलाज नहीं हो सका और वे घर में अकेले तड़पते रहे। जब गुलावती को इस बारे में पता चला, तो वह अपने पति को शाहगंज अस्पताल ले गईं। चोटों की गंभीरता को देखते हुए डॉक्टरों ने उन्हें सदर अस्पताल रेफर कर दिया, जहां भर्ती होने के एक दिन बाद चंदन राजभर की मौत हो गई। गुलावती का आरोप है कि उनके पति की मौत का कारण ग्राम प्रधान और उनके साथियों द्वारा की गई मारपीट और गंभीर चोटें हैं। उन्होंने थाना शाहगंज में घटना की सूचना दी थी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। गुलावती ने यह भी आरोप लगाया है कि ग्राम प्रधान ने पुलिस की मिलीभगत से उनके पति का मनमाने तरीके से पोस्टमार्टम कराया है। पुलिस ने उनकी एफआईआर भी दर्ज नहीं की है और न ही आरोपियों के खिलाफ कोई कार्रवाई की जा रही है। उनकी मांग है कि आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की जाए, पति का री-पोस्टमार्टम कराया जाए और उन्हें 50 लाख रुपये की आर्थिक सहायता मिले।

