कूनो नेशनल पार्क में मादा चीता निर्वा के शावक KNG22 की गोली मारकर हत्या के मामले में जांच तेज हो गई है। एसटीएफ ने तीन संदेहियों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की है। वारदात में इस्तेमाल बंदूक की तलाश की जा रही है। फोरेंसिक टीम भी जल्द घटनास्थल पर पहुंचकर सबूत जुटाएगी। दो रेंजर, एक डिप्टी रेंजर और बीट गार्ड निलंबित चीते की सुरक्षा और निगरानी में लापरवाही सामने आने पर सीसीएफ ग्वालियर ने शुक्रवार को चार वनकर्मियों को सस्पेंड कर दिया। इनमें दो रेंजर, एक डिप्टी रेंजर और एक बीट गार्ड शामिल हैं। सस्पेंड किए गए कर्मचारियों में पहाड़गढ़, मुरैना वनमंडल के रेंजर आकाश तोमर, मुरैना वनमंडल के कन्हार में पदस्थ डिप्टी रेंजर कीर्ति कुमार शांडिल्य, मुरैना वनमंडल के कालाखेत के बीट गार्ड दिनेश मरैया और श्योपुर के विजयपुर पूर्व में पदस्थ रेंजर जाहर सिंह गौड़ शामिल हैं। बंदूक और वारदात में शामिल लोगों की तलाश एसटीएफ हिरासत में लिए गए तीनों संदेहियों से पूछताछ कर रही है। जांच में यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि शावक को किस बंदूक से गोली मारी गई और वारदात में कौन-कौन शामिल था। बंदूक की तलाश भी जारी है। फोरेंसिक टीम घटनास्थल की जांच कर घटना से जुड़े सबूत जुटाएगी। जांच में शावक की हत्या के साथ ही उसकी सुरक्षा और ट्रैकिंग में हुई चूक का भी पता लगाया जाएगा। ——————– यह खबर भी पढ़ें… मुरैना में कूनो के चीते को गोली मारी:शरीर से निकले 5 छर्रे, चीता स्टेट का पहला मामला; बछड़ों का किया था शिकार कूनो नेशनल पार्क से निकलकर मुरैना पहुंचे 19 महीने के मादा चीते को गोली मार दी गई। गोली लगने से चीते की मौत होने की चर्चा है, लेकिन वन विभाग ने पुष्टि नहीं की है। जानकारी के मुताबिक रविवार को बछड़ों का शिकार करने के बाद चीते पर हमला किया गया था। पहले जानकारी सामने आई थी कि ग्रामीणों ने चीते को लाठी-डंडों से पीटकर घायल कर दिया था। जबलपुर वेटरनरी कॉलेज की डॉक्टर डॉ. शोभा जावरे ने बताया कि ऑपरेशन के दौरान चीते के शरीर से पांच छर्रे निकाले गए हैं। पढ़ें पूरी खबर

