मंडला जिले के ग्राम घुरनेर में हुई 45 वर्षीय महिला तुलसा बाई की अंधी हत्या की गुत्थी पुलिस ने 24 घंटे में सुलझा ली है। महिला की हत्या उसके पति चंद्रिका प्रसाद और बेटे मनोहर प्रसाद ने मिलकर की थी। पुलिस ने शनिवार को दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश कर दिया। 15 साल से चल रहे घरेलू विवाद में मारा पुलिस जांच में सामने आया कि तुलसा बाई का अपने पति से पिछले 15-20 वर्षों से विवाद चल रहा था और वे अलग रह रहे थे। 15 अप्रैल की शाम पुराने विवाद को लेकर फिर झगड़ा हुआ। इस दौरान बेटे ने मां को जमीन पर पटक दिया और पति ने गला दबाने के बाद पत्थर से सिर कुचलकर हत्या कर दी। एफएसएल और डॉग स्क्वॉड की मदद से मिले सुराग 17 अप्रैल को महिला का शव घर में मिलने के बाद मुकेश पटेल की सूचना पर पुलिस ने मर्ग कायम किया था। एसपी रजत सकलेचा के निर्देश पर गठित टीम ने घटनास्थल पर एफएसएल और डॉग स्क्वॉड की मदद से साक्ष्य जुटाए। संदेह के आधार पर जब पति और बेटे से पूछताछ की गई, तो उन्होंने जुर्म स्वीकार कर लिया। साक्ष्य छिपाने के लिए बदले कपड़े और धोए हाथ वारदात के बाद आरोपियों ने सबूत मिटाने के उद्देश्य से अपने खून से सने कपड़े बदल लिए थे और हाथ धो लिए थे। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से हत्या में प्रयुक्त पत्थर और छिपाए गए खून से सने कपड़े बरामद कर लिए हैं। निवास पुलिस ने 24 घंटे में पकड़ा थाना प्रभारी गोपाल घासले के नेतृत्व वाली टीम ने एक दिन में हत्या की गुत्थी सुलझाई। TI ने बताया कि घरेलू हिंसा और आपसी रंजिश इस जघन्य हत्याकांड की मुख्य वजह रही। अधिकारियों ने साक्ष्य जुटाकर आरोपियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की है।


