गोपालगंज के बैकुंठपुर प्रखंड के शीतलपुर में बुधवार सुबह करीब सात बजे जमींदारी बांध टूटने से निचले इलाकों में बाढ़ का पानी तेजी से फैल गया। पानी कई गांवों और करीब चार पंचायतों तक पहुंच गया, जिससे ग्रामीणों में अफरा-तफरी मच गई। स्थिति की जानकारी मिलते ही डीएम समीर सौरभ और एसपी विनय तिवारी मौके पर पहुंचे और हालात का जायजा लिया। बांध टूटते ही निचले इलाकों में तेजी से फैला पानी शीतलपुर में बांध टूटने के बाद पानी का बहाव निचले इलाकों की ओर हो गया। कई गांव इसकी चपेट में आ गए। प्रशासन ने प्रभावित लोगों से सुरक्षित और ऊंचे स्थानों पर जाने की अपील की है। जिस सड़क पर बाढ़ का पानी ओवरफ्लो कर रहा है, वहां फिलहाल आवागमन नियंत्रित किया जा रहा है। चार पंचायतें प्रभावित, कम्युनिटी किचन शुरू डीएम समीर सौरभ ने बताया कि बांध टूटने से करीब चार पंचायतें प्रभावित हुई हैं। प्रभावित लोगों के लिए तत्काल कम्युनिटी किचन शुरू किया गया है। पॉलीथिन समेत अन्य जरूरी सामान उपलब्ध कराने की व्यवस्था की गई है। मेडिकल टीमों को भी प्रभावित इलाकों में लगाया गया है, ताकि लोगों की स्वास्थ्य जांच की जा सके। पानी घटने के संकेत, कुचायकोट में भी कम हुआ स्तर डीएम ने बताया कि बाढ़ का पानी अब धीरे-धीरे कम होना शुरू हुआ है। कुचायकोट इलाके में भी पानी का स्तर पहले की तुलना में नीचे आया है। प्रशासन को उम्मीद है कि अगले कुछ घंटों में शीतलपुर इलाके में भी पानी का स्तर कम होना शुरू हो जाएगा। तटबंधों की निगरानी बढ़ी, पुलिस की पेट्रोलिंग जारी एसपी विनय तिवारी ने बताया कि पानी का स्तर बढ़ने के साथ ही तटबंधों की निगरानी और पुलिस पेट्रोलिंग बढ़ा दी गई थी। चौकीदार से लेकर थानाध्यक्ष, डीएसपी और अन्य पुलिस पदाधिकारियों को लगातार गश्त और निगरानी के निर्देश दिए गए हैं। प्रभावित इलाकों में अगले कई दिनों तक पुलिस बल की मौजूदगी और पेट्रोलिंग जारी रहेगी। पानी कम होने के बाद खुलेगा आवागमन प्रशासन के अनुसार, सड़क पर पानी का बहाव कम होने के बाद ही लोगों को सुरक्षित तरीके से आवागमन की अनुमति दी जाएगी। डीएम और एसपी ने मौके पर अधिकारियों से स्थिति की जानकारी ली और प्रभावित लोगों से बातचीत कर उन्हें हरसंभव मदद का भरोसा दिया। गोपालगंज के बैकुंठपुर प्रखंड के शीतलपुर में बुधवार सुबह करीब सात बजे जमींदारी बांध टूटने से निचले इलाकों में बाढ़ का पानी तेजी से फैल गया। पानी कई गांवों और करीब चार पंचायतों तक पहुंच गया, जिससे ग्रामीणों में अफरा-तफरी मच गई। स्थिति की जानकारी मिलते ही डीएम समीर सौरभ और एसपी विनय तिवारी मौके पर पहुंचे और हालात का जायजा लिया। बांध टूटते ही निचले इलाकों में तेजी से फैला पानी शीतलपुर में बांध टूटने के बाद पानी का बहाव निचले इलाकों की ओर हो गया। कई गांव इसकी चपेट में आ गए। प्रशासन ने प्रभावित लोगों से सुरक्षित और ऊंचे स्थानों पर जाने की अपील की है। जिस सड़क पर बाढ़ का पानी ओवरफ्लो कर रहा है, वहां फिलहाल आवागमन नियंत्रित किया जा रहा है। चार पंचायतें प्रभावित, कम्युनिटी किचन शुरू डीएम समीर सौरभ ने बताया कि बांध टूटने से करीब चार पंचायतें प्रभावित हुई हैं। प्रभावित लोगों के लिए तत्काल कम्युनिटी किचन शुरू किया गया है। पॉलीथिन समेत अन्य जरूरी सामान उपलब्ध कराने की व्यवस्था की गई है। मेडिकल टीमों को भी प्रभावित इलाकों में लगाया गया है, ताकि लोगों की स्वास्थ्य जांच की जा सके। पानी घटने के संकेत, कुचायकोट में भी कम हुआ स्तर डीएम ने बताया कि बाढ़ का पानी अब धीरे-धीरे कम होना शुरू हुआ है। कुचायकोट इलाके में भी पानी का स्तर पहले की तुलना में नीचे आया है। प्रशासन को उम्मीद है कि अगले कुछ घंटों में शीतलपुर इलाके में भी पानी का स्तर कम होना शुरू हो जाएगा। तटबंधों की निगरानी बढ़ी, पुलिस की पेट्रोलिंग जारी एसपी विनय तिवारी ने बताया कि पानी का स्तर बढ़ने के साथ ही तटबंधों की निगरानी और पुलिस पेट्रोलिंग बढ़ा दी गई थी। चौकीदार से लेकर थानाध्यक्ष, डीएसपी और अन्य पुलिस पदाधिकारियों को लगातार गश्त और निगरानी के निर्देश दिए गए हैं। प्रभावित इलाकों में अगले कई दिनों तक पुलिस बल की मौजूदगी और पेट्रोलिंग जारी रहेगी। पानी कम होने के बाद खुलेगा आवागमन प्रशासन के अनुसार, सड़क पर पानी का बहाव कम होने के बाद ही लोगों को सुरक्षित तरीके से आवागमन की अनुमति दी जाएगी। डीएम और एसपी ने मौके पर अधिकारियों से स्थिति की जानकारी ली और प्रभावित लोगों से बातचीत कर उन्हें हरसंभव मदद का भरोसा दिया।

