किशनगंज के पहाड़कट्टा थाना क्षेत्र के बांसवाड़ी गांव में 25 वर्षीय विवाहिता रोशनी परवीन का शव संदिग्ध परिस्थितियों में फंदे से लटका मिला है। मृतका के मायके वालों ने ससुराल पक्ष पर दहेज के लिए प्रताड़ित करने और हत्या का आरोप लगाया है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा है और मामले की जांच शुरू कर दी है। रोशनी परवीन की पहचान सदर प्रखंड क्षेत्र के कुलामुनी पंचायत अंतर्गत कुलामनी गांव निवासी स्वर्गीय अब्दुल रहमान की पुत्री के रूप में हुई है। हैसियत के अनुसार दहेज दिया था उनकी शादी पांच वर्ष पूर्व बांसवाड़ी गांव निवासी नुरुल हक के बेटे परवेज आलम के साथ हुई थी। उनके दो बेटियां हैं, जिनमें से एक की उम्र करीब दो वर्ष है और दूसरी बच्ची महज डेढ़ माह की है। मृतका के भाई मो. सरफराज आलम ने आरोप लगाया है कि शादी के समय अपनी हैसियत के अनुसार दहेज दिया गया था। हालांकि, शादी के कुछ समय बाद से ही रोशनी के ससुराल वालों ने कथित तौर पर बुलेट मोटरसाइकिल और नगद रुपये की मांग शुरू कर दी थी। रोशनी को प्रताड़ित किया जाता था मायके वालों का कहना है कि मांग पूरी न होने पर रोशनी को प्रताड़ित किया जाता था। मृतका के भाई ने यह भी बताया कि बुलेट के पैसे बाद में दिए गए थे। इन विवादों को सुलझाने के लिए कई बार दोनों पक्षों के बीच पंचायती भी हुई थी। मंगलवार रात परिजनों को रोशनी के फंदे से लटके होने की सूचना मिली। घटना की सूचना मिलने पर परिजन और स्थानीय लोग मौके पर पहुंचे और पुलिस को सूचित किया। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल भेज दिया है। पुलिस मामले की गहनता से जांच कर रही है। विवाहिता की मौत आत्महत्या है या इसके पीछे कोई अन्य कारण है, यह जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा। किशनगंज के पहाड़कट्टा थाना क्षेत्र के बांसवाड़ी गांव में 25 वर्षीय विवाहिता रोशनी परवीन का शव संदिग्ध परिस्थितियों में फंदे से लटका मिला है। मृतका के मायके वालों ने ससुराल पक्ष पर दहेज के लिए प्रताड़ित करने और हत्या का आरोप लगाया है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा है और मामले की जांच शुरू कर दी है। रोशनी परवीन की पहचान सदर प्रखंड क्षेत्र के कुलामुनी पंचायत अंतर्गत कुलामनी गांव निवासी स्वर्गीय अब्दुल रहमान की पुत्री के रूप में हुई है। हैसियत के अनुसार दहेज दिया था उनकी शादी पांच वर्ष पूर्व बांसवाड़ी गांव निवासी नुरुल हक के बेटे परवेज आलम के साथ हुई थी। उनके दो बेटियां हैं, जिनमें से एक की उम्र करीब दो वर्ष है और दूसरी बच्ची महज डेढ़ माह की है। मृतका के भाई मो. सरफराज आलम ने आरोप लगाया है कि शादी के समय अपनी हैसियत के अनुसार दहेज दिया गया था। हालांकि, शादी के कुछ समय बाद से ही रोशनी के ससुराल वालों ने कथित तौर पर बुलेट मोटरसाइकिल और नगद रुपये की मांग शुरू कर दी थी। रोशनी को प्रताड़ित किया जाता था मायके वालों का कहना है कि मांग पूरी न होने पर रोशनी को प्रताड़ित किया जाता था। मृतका के भाई ने यह भी बताया कि बुलेट के पैसे बाद में दिए गए थे। इन विवादों को सुलझाने के लिए कई बार दोनों पक्षों के बीच पंचायती भी हुई थी। मंगलवार रात परिजनों को रोशनी के फंदे से लटके होने की सूचना मिली। घटना की सूचना मिलने पर परिजन और स्थानीय लोग मौके पर पहुंचे और पुलिस को सूचित किया। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल भेज दिया है। पुलिस मामले की गहनता से जांच कर रही है। विवाहिता की मौत आत्महत्या है या इसके पीछे कोई अन्य कारण है, यह जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा।

