किशनगंज के धरमगंज स्थित सरदार गोपाल सिंह मध्य विद्यालय के समीप महिला के गले से सोने की चेन छीनकर भाग रहे आरोपी को स्थानीय लोगों ने पकड़ लिया। भागने के दौरान आरोपी की बाइक अनियंत्रित होकर दुर्घटनाग्रस्त हो गई, जिससे वह घायल हो गया। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर आरोपी को हिरासत में लिया। जांच के दौरान घटना में प्रयुक्त बाइक भी चोरी की निकली। गिरफ्तार आरोपी की पहचान पश्चिम बंगाल के जलपाईगुड़ी जिले के फाटापुकूर झंझुपाड़ा निवासी 24 वर्षीय संजू ग्वाला, पिता संजीत ग्वाला के रूप में हुई है। पुलिस ने आरोपी के विरुद्ध टाउन थाने में केस दर्ज कर शनिवार को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया। मौके पर पहुंची पुलिस, बाइक जब्त जानकारी के अनुसार, महिला बाजार से अपने घर लौट रही थी। इसी दौरान धरमगंज स्थित सरदार गोपाल सिंह मध्य विद्यालय के समीप आरोपी ने महिला के गले से सोने की चेन छीन ली और बाइक से भागने लगा। भागने के क्रम में उसकी बाइक अनियंत्रित होकर दुर्घटनाग्रस्त हो गई। हादसे में आरोपी घायल हो गया। महिला के शोर मचाने पर मौके पर पहुंचे स्थानीय लोगों ने उसे पकड़ लिया और उसकी पिटाई कर दी। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और आरोपी के साथ बीआर 01 एफडी 5052 नंबर की पल्सर 180 बाइक को जब्त कर लिया। चेसिस नंबर के आधार पर जांच घायल आरोपी को सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया। इलाज के बाद पुलिस उसे थाने ले आई। घटना के बाद पीड़ित पक्ष की ओर से थाने में शिकायत दर्ज नहीं कराई गई। इसके बाद पुलिस ने मामले को स्वतः संज्ञान में लिया। एसआई धीरज कुमार की लिखित शिकायत के आधार पर टाउन थाने में आरोपी संजू ग्वाला के विरुद्ध केस दर्ज किया गया। पुलिस मामले की आगे की जांच में जुटी पुलिस ने जब्त बाइक के नंबर का ट्रैफिक चालान मशीन से सत्यापन किया तो पता चला कि बीआर 01 एफडी 5052 नंबर अपाचे बाइक का है, जबकि जब्त वाहन बजाज पल्सर 180 था। इसके बाद पुलिस ने बाइक के चेसिस नंबर के आधार पर जांच की। जांच में बाइक पश्चिम बंगाल के बसीरहाट निवासी अरूप घोष, पिता विमल घोष की निकली। पुलिस ने अरूप घोष से फोन पर संपर्क किया तो उन्होंने बताया कि उनकी डब्ल्यूबी 64 यू 5228 नंबर की बजाज पल्सर 180 बाइक करीब 10 दिन पहले चोरी हो गई थी। उन्होंने इसकी सूचना स्थानीय पुलिस को भी दी थी। किशनगंज पुलिस ने बाइक बरामद होने की जानकारी वाहन मालिक को दे दी है। फिलहाल पुलिस मामले की आगे की जांच में जुटी है। किशनगंज के धरमगंज स्थित सरदार गोपाल सिंह मध्य विद्यालय के समीप महिला के गले से सोने की चेन छीनकर भाग रहे आरोपी को स्थानीय लोगों ने पकड़ लिया। भागने के दौरान आरोपी की बाइक अनियंत्रित होकर दुर्घटनाग्रस्त हो गई, जिससे वह घायल हो गया। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर आरोपी को हिरासत में लिया। जांच के दौरान घटना में प्रयुक्त बाइक भी चोरी की निकली। गिरफ्तार आरोपी की पहचान पश्चिम बंगाल के जलपाईगुड़ी जिले के फाटापुकूर झंझुपाड़ा निवासी 24 वर्षीय संजू ग्वाला, पिता संजीत ग्वाला के रूप में हुई है। पुलिस ने आरोपी के विरुद्ध टाउन थाने में केस दर्ज कर शनिवार को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया। मौके पर पहुंची पुलिस, बाइक जब्त जानकारी के अनुसार, महिला बाजार से अपने घर लौट रही थी। इसी दौरान धरमगंज स्थित सरदार गोपाल सिंह मध्य विद्यालय के समीप आरोपी ने महिला के गले से सोने की चेन छीन ली और बाइक से भागने लगा। भागने के क्रम में उसकी बाइक अनियंत्रित होकर दुर्घटनाग्रस्त हो गई। हादसे में आरोपी घायल हो गया। महिला के शोर मचाने पर मौके पर पहुंचे स्थानीय लोगों ने उसे पकड़ लिया और उसकी पिटाई कर दी। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और आरोपी के साथ बीआर 01 एफडी 5052 नंबर की पल्सर 180 बाइक को जब्त कर लिया। चेसिस नंबर के आधार पर जांच घायल आरोपी को सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया। इलाज के बाद पुलिस उसे थाने ले आई। घटना के बाद पीड़ित पक्ष की ओर से थाने में शिकायत दर्ज नहीं कराई गई। इसके बाद पुलिस ने मामले को स्वतः संज्ञान में लिया। एसआई धीरज कुमार की लिखित शिकायत के आधार पर टाउन थाने में आरोपी संजू ग्वाला के विरुद्ध केस दर्ज किया गया। पुलिस मामले की आगे की जांच में जुटी पुलिस ने जब्त बाइक के नंबर का ट्रैफिक चालान मशीन से सत्यापन किया तो पता चला कि बीआर 01 एफडी 5052 नंबर अपाचे बाइक का है, जबकि जब्त वाहन बजाज पल्सर 180 था। इसके बाद पुलिस ने बाइक के चेसिस नंबर के आधार पर जांच की। जांच में बाइक पश्चिम बंगाल के बसीरहाट निवासी अरूप घोष, पिता विमल घोष की निकली। पुलिस ने अरूप घोष से फोन पर संपर्क किया तो उन्होंने बताया कि उनकी डब्ल्यूबी 64 यू 5228 नंबर की बजाज पल्सर 180 बाइक करीब 10 दिन पहले चोरी हो गई थी। उन्होंने इसकी सूचना स्थानीय पुलिस को भी दी थी। किशनगंज पुलिस ने बाइक बरामद होने की जानकारी वाहन मालिक को दे दी है। फिलहाल पुलिस मामले की आगे की जांच में जुटी है।

