करनाल में घरौंडा क्षेत्र के गांव कोहंड के एक व्यक्ति ने पानीपत के जलमाणा गांव के एक व्यक्ति पर 3 लाख रुपए ब्याज पर दिलाने के नाम पर कथित तौर पर गलत शपथ पत्र तैयार कराने और उसकी जमीन का 11 लाख रुपए में इकरारनामा कराने का आरोप लगाया है। शिकायतकर्ता के अनुसार उसे केवल 50 हजार रुपए मिले, जबकि दस्तावेजों में अधिक रकम का उल्लेख किया गया। मामला सामने आने के बाद थाना घरौंडा पुलिस ने शिकायत पर केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। 3 लाख रुपए की जरूरत थी, परिचित महिला ने मनदीप से मिलवाया
गांव कोहंड निवासी रामनिवास ने पुलिस अधीक्षक करनाल को दी शिकायत में बताया कि वह मेहनत-मजदूरी करता है और घरेलू खर्च के लिए करीब 3 लाख रुपए ब्याज पर लेना चाहता था। मार्च 2026 में उसकी परिचित धर्मबहन पूनम उर्फ शबीना ने उसे मनदीप शर्मा पुत्र कृष्ण शर्मा निवासी गांव जलमाणा, तहसील बापौली, जिला पानीपत से मिलवाया।
रामनिवास के अनुसार बीती 19 मार्च को मनदीप ने फोन कर उसे पैसे लेने के लिए तहसील घरौंडा आने को कहा। इसके बाद रामनिवास अपनी पत्नी सरोज और बेटे अमन सैनी के साथ तहसील घरौंडा पहुंचा। शिकायत के मुताबिक मनदीप ने उसे ऑनलाइन 2 हजार रुपए का स्टांप निकलवाने को कहा और बताया कि पैसे के लेन-देन के लिए शपथ पत्र तैयार करना होगा। शपथ पत्र में बड़ी रकम लिखवाने का लगाया आरोप
रामनिवास का आरोप है कि वह कम पढ़ा-लिखा है और उसे दस्तावेज में लिखी गई पूरी जानकारी का पता नहीं था। उसके अनुसार मनदीप ने ऐसा शपथ पत्र तैयार करवाया, जिसमें 2-2 लाख रुपए नकद और 11 लाख रुपए उसके दो बैंक खातों में डालने का उल्लेख किया गया। शिकायत में दोनों खातों के नंबर भी दिए गए हैं।
रामनिवास के मुताबिक उसे अगले दिन 3 लाख रुपए देने का भरोसा देकर शपथ पत्र पर उसके, उसकी पत्नी सरोज और बेटे अमन सैनी के हस्ताक्षर करवा लिए गए। इसके बाद वे घर लौट आए। दो-तीन दिन बाद जब उसने मनदीप से पैसे मांगे तो उसने एक-दो दिन में रकम भेजने की बात कही। खाते में पहले 100, फिर 49,900 रुपए भेजे
शिकायत के अनुसार 24 मार्च 2026 को मनदीप ने रामनिवास के खाते में ऑनलाइन 100 रुपए भेजे। इसके बाद बीती 26 मार्च को 49,900 रुपए और खाते में डाले गए। रामनिवास का कहना है कि उसने मनदीप को कई बार फोन कर बताया कि उसने 3 लाख रुपए ब्याज पर मांगे थे, लेकिन उसे सिर्फ 50 हजार रुपए ही मिले हैं। शिकायतकर्ता के अनुसार मनदीप हर बार पैसे नहीं होने की बात कहकर बाद में रकम देने का आश्वासन देता रहा। कुछ समय बाद उसने फोन उठाना भी बंद कर दिया। रामनिवास ने पुलिस को बताया कि उसने इस संबंध में बैंक स्टेटमेंट और अन्य दस्तावेज सबूत के तौर पर उपलब्ध कराने की बात कही है। जुलाई में जमीन के एग्रीमेंट की जानकारी मिली
रामनिवास के अनुसार बीती 14-15 जुलाई के आसपास ओमबीर और अमित उसके पास आए। दोनों ने उसे एक एग्रीमेंट दिखाया और कहा कि उसने मनदीप के नाम जमीन का एग्रीमेंट करवाया है। रामनिवास ने इससे इनकार करते हुए कहा कि उसने जमीन बेचने या एग्रीमेंट करने के लिए हस्ताक्षर नहीं किए थे, बल्कि 3 लाख रुपए ब्याज पर लेने के लिए शपथ पत्र पर हस्ताक्षर किए थे।
शिकायत में आरोप लगाया गया है कि ओमबीर और अमित ने उसे बताया कि मनदीप ने उसकी जमीन का इकरारनामा तरुण जावा पुत्र आरके जावा निवासी दिल्ली के साथ कराया है। इसके बदले 11 लाख रुपए आरटीजीएस के माध्यम से प्राप्त किए गए हैं। शिकायतकर्ता के अनुसार जमीन की रजिस्ट्री के लिए बीती 15 जुलाई की तारीख निर्धारित की गई थी। यह जानकारी मिलने के बाद वह सदमे में आ गया और उसने परिवार को पूरी बात बताई। संपर्क करने पर घर पर नहीं मिला मनदीप
रामनिवास ने बताया कि इसके बाद उसके परिवार और रिश्तेदारों ने मनदीप शर्मा से संपर्क करने का प्रयास किया, लेकिन वह न तो अपने घर पर मिला और न ही फोन उठाया। शिकायत में आरोप है कि किसी अन्य व्यक्ति के माध्यम से उन्हें जान से नुकसान पहुंचाने और झूठे मुकदमों में फंसाने की धमकियां भी दी गईं।
शिकायतकर्ता ने पुलिस को यह भी बताया कि मनदीप के गांव में उसके बारे में पूछताछ करने पर उसे कथित तौर पर पता चला कि मनदीप पर पहले भी फर्जी दस्तावेज तैयार कर लोगों की जमीन हड़पने जैसे आरोप लगे हैं। शिकायत में दावा किया गया है कि वह दो बार जेल जा चुका है तथा उसके खिलाफ 2-3 आपराधिक मामले और 8-10 सिविल मामले अदालतों में विचाराधीन हैं। इन दावों की पुष्टि पुलिस जांच के बाद ही हो सकेगी। तरुण जावा से भी 11 लाख लेने का आरोप
रामनिवास ने शिकायत में आरोप लगाया कि उसके साथ कथित धोखाधड़ी के अलावा मनदीप ने तरुण जावा के साथ भी धोखाधड़ी की। आरोप है कि मनदीप ने तरुण जावा से जमीन के इकरारनामे के संबंध में 11 लाख रुपए आरटीजीएस के माध्यम से प्राप्त किए। शिकायतकर्ता ने पुलिस को मनदीप की वीडियो रिकॉर्डिंग, आवाज की रिकॉर्डिंग, बैंक स्टेटमेंट और अन्य दस्तावेज सबूत के रूप में देने की बात कही है। पुलिस ने मनदीप और राहुल के खिलाफ केस दर्ज किया
यह शिकायत बीती 13 अगस्त को रामनिवास की ओर से पुलिस अधीक्षक करनाल को दी गई थी। शिकायत की जांच और कार्यालय पुलिस अधीक्षक करनाल से परमिशन मिलने के बाद थाना घरौंडा पुलिस ने बीती रात यानी 12 सितंबर को मुकदमा दर्ज किया। मामले में मनदीप शर्मा और राहुल शर्मा को आरोपी बनाया गया है। मामले की जांच एसआई मनजीत को सौंपी गई है। पुलिस अब मामले की जांच कर रही है। तथ्यों के आधार पर आगामी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।

