औरंगाबाद नगर परिषद क्षेत्र में सड़क निर्माण की गुणवत्ता को लेकर बुधवार को मोहल्लेवासियों का गुस्सा फूट पड़ा। वार्ड 15 और 10 के बीच पुरानी जीटी रोड स्थित जामा मस्जिद से टिकरी रोड स्थित महावीर मंदिर को जोड़ने वाली सड़क का निर्माण लोगों ने रोक दिया। लोगों ने निर्माण में इस्तेमाल हो रहे पेवर ब्लॉक और बेस तैयार करने में इस्तेमाल सामग्री की गुणवत्ता पर सवाल उठाए। कांग्रेस नेता मो.शाहनवाज रहमान और सल्लू खान के नेतृत्व में मोहल्लेवासियों ने प्रदर्शन कर पहले की तरह पीसीसी सड़क बनाने की मांग की। लोगों का आरोप था कि निर्माण कार्य में निर्धारित मानकों का पालन नहीं किया जा रहा है। सड़क में लगाए जा रहे पेवर ब्लॉक की गुणवत्ता भी संतोषजनक नहीं है। प्रदर्शन कर रहे लोगों ने निर्माण सामग्री दिखाते हुए कहा कि बालू की जगह डस्ट का इस्तेमाल किया जा रहा है। उनका कहना था कि यह सड़क शहर के महत्वपूर्ण रास्तों में शामिल है। ऐसे में कमजोर निर्माण होने पर कुछ ही समय में सड़क खराब हो सकती है। दो माह पहले पाइप बिछाने के लिए तोड़ी गई थी सड़क मोहल्लेवासियों ने बताया कि करीब दो महीने पहले डब्ल्यूटीपी योजना के तहत पाइप बिछाने के लिए सड़क को तोड़ा गया था। पाइप बिछाने का काम पूरा होने के बाद अब सड़क को दोबारा बनाया जा रहा है। स्थानीय लोगों के मुताबिक, पाइप बिछाने से पहले इस जगह पीसीसी सड़क थी। अब उसकी जगह पेवर ब्लॉक लगाया जा रहा है। इसी को लेकर लोगों में नाराजगी है। लोगों का कहना है कि जिस सड़क पर पहले पीसीसी निर्माण था, वहां अब पेवर ब्लॉक लगाया जा रहा है। वह भी कथित तौर पर मानक के अनुरूप नहीं है। ऐसे में सड़क की मजबूती और उसकी उम्र को लेकर सवाल खड़े हो रहे हैं। लोगों ने मांग की कि सड़क का निर्माण इस तरह कराया जाए कि लंबे समय तक लोगों को परेशानी नहीं हो। मुख्य सड़क पर जाम लगे तो यही वैकल्पिक रास्ता स्थानीय लोगों के अनुसार, जामा मस्जिद से महावीर मंदिर तक जाने वाली यह सड़क काफी महत्वपूर्ण है। इस रास्ते से बड़ी संख्या में लोग रोजाना आवागमन करते हैं। टिकरी रोड के रास्ते बाइपास और धर्मशाला की ओर जाने के लिए भी यह प्रमुख मार्ग है। पुरानी जीटी रोड पर जाम लगने की स्थिति में लोग इस सड़क का वैकल्पिक मार्ग के रूप में इस्तेमाल करते हैं। ऐसे में सड़क कमजोर होने या जल्द टूटने की स्थिति में लोगों की परेशानी बढ़ सकती है। मोहल्लेवासियों का कहना है कि अधिक आवाजाही वाले इस रास्ते के निर्माण में गुणवत्ता से किसी तरह का समझौता नहीं होना चाहिए। लोगों ने नगर परिषद से की शिकायत, डीएम को भी दिया आवेदन सड़क निर्माण की गुणवत्ता पर सवाल उठने के बाद मोहल्लेवासियों ने नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी से शिकायत की। मुख्य पार्षद को भी मामले की जानकारी दी गई। इसके बाद लोगों ने निर्माण में इस्तेमाल किए जा रहे पेवर ब्लॉक की गुणवत्ता को लेकर डीएम को आवेदन दिया। कांग्रेस नेता मो. शाहनवाज रहमान और सल्लू खान ने कहा कि सड़क निर्माण की गुणवत्ता की जांच कराए बिना काम आगे नहीं बढ़ना चाहिए। उन्होंने कहा कि सरकारी राशि से होने वाले निर्माण में निर्धारित मानकों का पालन जरूरी है। यदि सड़क निर्माण में घटिया सामग्री का इस्तेमाल होता है तो इसका सीधा असर सड़क की मजबूती पर पड़ेगा। जैनुल अंसारी ने कहा कि यह रास्ता काफी व्यस्त है। इसलिए यहां मजबूत और टिकाऊ सड़क का निर्माण होना जरूरी है। लोगों ने मांग की कि निर्माण के दौरान इस्तेमाल होने वाली सामग्री की नियमित जांच और निगरानी हो। डीएम के संज्ञान के बाद हटाए जा रहे पेवर ब्लॉक मोहल्लेवासियों के विरोध और आवेदन के बाद मामला डीएम के संज्ञान में पहुंचा। डीएम ने मामले को गंभीरता से लेते हुए निर्माण में इस्तेमाल किए जा रहे पेवर ब्लॉक की गुणवत्ता की जांच कराने और आवश्यक कार्रवाई का निर्देश दिया। इसके बाद सड़क निर्माण में लगाए गए पेवर ब्लॉक को हटाने का काम शुरू कर दिया गया है। प्रशासन की ओर से गुणवत्ता वाले पेवर ब्लॉक का इस्तेमाल करने का निर्देश दिया गया है। इसके बाद मोहल्लेवासियों ने राहत की बात कही है। हालांकि, स्थानीय लोगों का कहना है कि केवल खराब पेवर ब्लॉक हटाना पर्याप्त नहीं है। सड़क निर्माण में बेस से लेकर ऊपर तक इस्तेमाल होने वाली सभी सामग्री की गुणवत्ता की जांच होनी चाहिए। निर्माण कार्य निर्धारित मानकों के अनुसार कराया जाए और काम पूरा होने तक इसकी निगरानी की जाए। लोगों की मांग- पहले जैसी मजबूत पीसीसी सड़क बने मोहल्लेवासियों की मुख्य मांग है कि सड़क का निर्माण पहले की तरह पीसीसी से कराया जाए। लोगों का कहना है कि यह मार्ग महत्वपूर्ण और अधिक आवाजाही वाला है, इसलिए यहां ऐसा निर्माण होना चाहिए जो लंबे समय तक टिक सके। लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि सड़क निर्माण की तकनीकी जांच कराई जाए और निर्माण में इस्तेमाल सामग्री के मानक की भी जांच हो। साथ ही, पाइप बिछाने के बाद सड़क की स्थिति को देखते हुए उसकी मजबूती सुनिश्चित की जाए, ताकि निर्माण पूरा होने के कुछ समय बाद ही सड़क दोबारा खराब न हो। औरंगाबाद नगर परिषद क्षेत्र में सड़क निर्माण की गुणवत्ता को लेकर बुधवार को मोहल्लेवासियों का गुस्सा फूट पड़ा। वार्ड 15 और 10 के बीच पुरानी जीटी रोड स्थित जामा मस्जिद से टिकरी रोड स्थित महावीर मंदिर को जोड़ने वाली सड़क का निर्माण लोगों ने रोक दिया। लोगों ने निर्माण में इस्तेमाल हो रहे पेवर ब्लॉक और बेस तैयार करने में इस्तेमाल सामग्री की गुणवत्ता पर सवाल उठाए। कांग्रेस नेता मो.शाहनवाज रहमान और सल्लू खान के नेतृत्व में मोहल्लेवासियों ने प्रदर्शन कर पहले की तरह पीसीसी सड़क बनाने की मांग की। लोगों का आरोप था कि निर्माण कार्य में निर्धारित मानकों का पालन नहीं किया जा रहा है। सड़क में लगाए जा रहे पेवर ब्लॉक की गुणवत्ता भी संतोषजनक नहीं है। प्रदर्शन कर रहे लोगों ने निर्माण सामग्री दिखाते हुए कहा कि बालू की जगह डस्ट का इस्तेमाल किया जा रहा है। उनका कहना था कि यह सड़क शहर के महत्वपूर्ण रास्तों में शामिल है। ऐसे में कमजोर निर्माण होने पर कुछ ही समय में सड़क खराब हो सकती है। दो माह पहले पाइप बिछाने के लिए तोड़ी गई थी सड़क मोहल्लेवासियों ने बताया कि करीब दो महीने पहले डब्ल्यूटीपी योजना के तहत पाइप बिछाने के लिए सड़क को तोड़ा गया था। पाइप बिछाने का काम पूरा होने के बाद अब सड़क को दोबारा बनाया जा रहा है। स्थानीय लोगों के मुताबिक, पाइप बिछाने से पहले इस जगह पीसीसी सड़क थी। अब उसकी जगह पेवर ब्लॉक लगाया जा रहा है। इसी को लेकर लोगों में नाराजगी है। लोगों का कहना है कि जिस सड़क पर पहले पीसीसी निर्माण था, वहां अब पेवर ब्लॉक लगाया जा रहा है। वह भी कथित तौर पर मानक के अनुरूप नहीं है। ऐसे में सड़क की मजबूती और उसकी उम्र को लेकर सवाल खड़े हो रहे हैं। लोगों ने मांग की कि सड़क का निर्माण इस तरह कराया जाए कि लंबे समय तक लोगों को परेशानी नहीं हो। मुख्य सड़क पर जाम लगे तो यही वैकल्पिक रास्ता स्थानीय लोगों के अनुसार, जामा मस्जिद से महावीर मंदिर तक जाने वाली यह सड़क काफी महत्वपूर्ण है। इस रास्ते से बड़ी संख्या में लोग रोजाना आवागमन करते हैं। टिकरी रोड के रास्ते बाइपास और धर्मशाला की ओर जाने के लिए भी यह प्रमुख मार्ग है। पुरानी जीटी रोड पर जाम लगने की स्थिति में लोग इस सड़क का वैकल्पिक मार्ग के रूप में इस्तेमाल करते हैं। ऐसे में सड़क कमजोर होने या जल्द टूटने की स्थिति में लोगों की परेशानी बढ़ सकती है। मोहल्लेवासियों का कहना है कि अधिक आवाजाही वाले इस रास्ते के निर्माण में गुणवत्ता से किसी तरह का समझौता नहीं होना चाहिए। लोगों ने नगर परिषद से की शिकायत, डीएम को भी दिया आवेदन सड़क निर्माण की गुणवत्ता पर सवाल उठने के बाद मोहल्लेवासियों ने नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी से शिकायत की। मुख्य पार्षद को भी मामले की जानकारी दी गई। इसके बाद लोगों ने निर्माण में इस्तेमाल किए जा रहे पेवर ब्लॉक की गुणवत्ता को लेकर डीएम को आवेदन दिया। कांग्रेस नेता मो. शाहनवाज रहमान और सल्लू खान ने कहा कि सड़क निर्माण की गुणवत्ता की जांच कराए बिना काम आगे नहीं बढ़ना चाहिए। उन्होंने कहा कि सरकारी राशि से होने वाले निर्माण में निर्धारित मानकों का पालन जरूरी है। यदि सड़क निर्माण में घटिया सामग्री का इस्तेमाल होता है तो इसका सीधा असर सड़क की मजबूती पर पड़ेगा। जैनुल अंसारी ने कहा कि यह रास्ता काफी व्यस्त है। इसलिए यहां मजबूत और टिकाऊ सड़क का निर्माण होना जरूरी है। लोगों ने मांग की कि निर्माण के दौरान इस्तेमाल होने वाली सामग्री की नियमित जांच और निगरानी हो। डीएम के संज्ञान के बाद हटाए जा रहे पेवर ब्लॉक मोहल्लेवासियों के विरोध और आवेदन के बाद मामला डीएम के संज्ञान में पहुंचा। डीएम ने मामले को गंभीरता से लेते हुए निर्माण में इस्तेमाल किए जा रहे पेवर ब्लॉक की गुणवत्ता की जांच कराने और आवश्यक कार्रवाई का निर्देश दिया। इसके बाद सड़क निर्माण में लगाए गए पेवर ब्लॉक को हटाने का काम शुरू कर दिया गया है। प्रशासन की ओर से गुणवत्ता वाले पेवर ब्लॉक का इस्तेमाल करने का निर्देश दिया गया है। इसके बाद मोहल्लेवासियों ने राहत की बात कही है। हालांकि, स्थानीय लोगों का कहना है कि केवल खराब पेवर ब्लॉक हटाना पर्याप्त नहीं है। सड़क निर्माण में बेस से लेकर ऊपर तक इस्तेमाल होने वाली सभी सामग्री की गुणवत्ता की जांच होनी चाहिए। निर्माण कार्य निर्धारित मानकों के अनुसार कराया जाए और काम पूरा होने तक इसकी निगरानी की जाए। लोगों की मांग- पहले जैसी मजबूत पीसीसी सड़क बने मोहल्लेवासियों की मुख्य मांग है कि सड़क का निर्माण पहले की तरह पीसीसी से कराया जाए। लोगों का कहना है कि यह मार्ग महत्वपूर्ण और अधिक आवाजाही वाला है, इसलिए यहां ऐसा निर्माण होना चाहिए जो लंबे समय तक टिक सके। लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि सड़क निर्माण की तकनीकी जांच कराई जाए और निर्माण में इस्तेमाल सामग्री के मानक की भी जांच हो। साथ ही, पाइप बिछाने के बाद सड़क की स्थिति को देखते हुए उसकी मजबूती सुनिश्चित की जाए, ताकि निर्माण पूरा होने के कुछ समय बाद ही सड़क दोबारा खराब न हो।

