जालौन में पिछले कई दिनों से रुक-रुककर हो रही बारिश के चलते उरई शहर के निचले इलाकों में जलभराव और जल निकासी की समस्या बढ़ने लगी है। शुक्रवार को तिलक नगर मोहल्ले में बारिश के कारण नाले का जलस्तर अचानक बढ़ गया। तेज बहाव के चलते नाले पर बने पुल के ऊपर से पानी बहने लगा। इससे राहगीरों और दोपहिया वाहन चालकों के लिए खतरा पैदा हो गया। सूचना मिलते ही सदर एसडीएम उत्तम कुमार तिवारी मौके पर पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया। पुल पर बैरीकेडिंग कर आवागमन रोकने के निर्देश
एसडीएम ने तिलक नगर पहुंचकर नाले और पुल का स्थलीय निरीक्षण किया। उन्होंने नाले में पानी के तेज बहाव और पुल के ऊपर से गुजर रहे पानी की स्थिति देखी। मौके पर मौजूद अधिकारियों से जलस्तर और आसपास के हालात की जानकारी ली। पानी का बहाव तेज होने के कारण पुल से आवागमन दुर्घटना का कारण बन सकता है। इसे देखते हुए एसडीएम ने नगर पालिका के अधिशासी अधिकारी और कोतवाली प्रभारी निरीक्षक को तत्काल सुरक्षा व्यवस्था करने के निर्देश दिए। उन्होंने पुल पर बैरीकेडिंग कर लोगों की आवाजाही रोकने, विशेषकर दोपहिया वाहन चालकों और पैदल राहगीरों को पुल पार करने से रोकने को कहा। निचले इलाकों में जल निकासी पर नजर रखने के निर्देश
एसडीएम ने कहा कि बारिश के दौरान किसी भी स्तर पर लापरवाही नहीं होनी चाहिए। जलभराव वाले स्थानों पर सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम किए जाएं। उन्होंने नगर पालिका अधिकारियों को शहर के निचले इलाकों में जल निकासी व्यवस्था पर लगातार नजर रखने के निर्देश दिए। साथ ही संवेदनशील स्थानों पर कर्मचारियों की निगरानी सुनिश्चित करने और जलभराव या तेज बहाव की स्थिति में तत्काल कार्रवाई करने को कहा। बेतवा नदी के जलस्तर का भी लिया जायजा
तिलक नगर के निरीक्षण के बाद एसडीएम उत्तम कुमार तिवारी ने बेतवा नदी के जलस्तर का भी जायजा लिया। उन्होंने नदी के बढ़ते जलस्तर और आसपास के क्षेत्रों की स्थिति की जानकारी अधिकारियों से ली। लगातार बारिश को देखते हुए नदी के जलस्तर पर निरंतर निगरानी रखने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जलस्तर में तेजी से बढ़ोतरी होने पर संभावित प्रभावित क्षेत्रों में समय रहते सुरक्षा और राहत संबंधी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। एसडीएम की अपील- तेज बहाव वाले पानी में जाने का जोखिम न लें
प्रशासन ने संवेदनशील स्थानों पर सुरक्षा व्यवस्था को लेकर कार्रवाई शुरू कर दी है। एसडीएम ने आमजन से अपील की कि बारिश के दौरान तेज बहाव वाले पानी में जाने या उसे पार करने का जोखिम न उठाएं। प्रशासन की ओर से लगाए गए बैरियर और सुरक्षा संबंधी निर्देशों का पालन करें, ताकि किसी भी अप्रिय घटना को रोका जा सके।

