भास्कर न्यूज | ब्रह्मपुर गायघाट स्थित धर्मावती नदी पर बने पुल की संपर्क सड़क इन दिनों बदहाल स्थिति में है। पुल के दोनों किनारे बड़े बड़े गड्ढे किसी बड़ी दुर्घटना को न्योता दे रहे है।ये गड्ढे किसी भी समय गंभीर दुर्घटना का कारण बन सकते हैं। स्थानीय लोगों के अनुसार, पुल से जुड़ी यह सड़क गायघाट से सीधे चक्की गांव को जोड़ती है तो कई गांवों के लिए मुख्य आवागमन मार्ग है, जहां से रोजाना सैकड़ों लोग आना-जाना करते हैं। लेकिन सड़क पर जगह-जगह गहरे गड्ढे बन जाने से राहगीरों और वाहन चालकों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। खासकर रात के समय या बारिश के दौरान यह स्थिति और भी खतरनाक हो जाती है। पानी भर जाने के कारण गड्ढों की गहराई का अंदाजा नहीं लग पाता, जिससे बाइक और साइकिल सवार अक्सर असंतुलित होकर गिर जाते हैं। ग्रामीणों का कहना है कि कई बार छोटे-मोटे हादसे भी हो चुके हैं। ग्रामीणों ने बताया कि स्थानीय विधायक शंभूनाथ यादव अपने गांव चक्की इसी पुल से होकर आते जाते है लेकिन उनका ध्यान इस पर क्यों नहीं जाता सोचने वाली बात है। ग्रामीणों ने इस समस्या की जानकारी कई बार संबंधित विभाग और प्रशासन को दी गई है, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। इससे लोगों में नाराजगी भी देखी जा रही है। भास्कर न्यूज | ब्रह्मपुर गायघाट स्थित धर्मावती नदी पर बने पुल की संपर्क सड़क इन दिनों बदहाल स्थिति में है। पुल के दोनों किनारे बड़े बड़े गड्ढे किसी बड़ी दुर्घटना को न्योता दे रहे है।ये गड्ढे किसी भी समय गंभीर दुर्घटना का कारण बन सकते हैं। स्थानीय लोगों के अनुसार, पुल से जुड़ी यह सड़क गायघाट से सीधे चक्की गांव को जोड़ती है तो कई गांवों के लिए मुख्य आवागमन मार्ग है, जहां से रोजाना सैकड़ों लोग आना-जाना करते हैं। लेकिन सड़क पर जगह-जगह गहरे गड्ढे बन जाने से राहगीरों और वाहन चालकों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। खासकर रात के समय या बारिश के दौरान यह स्थिति और भी खतरनाक हो जाती है। पानी भर जाने के कारण गड्ढों की गहराई का अंदाजा नहीं लग पाता, जिससे बाइक और साइकिल सवार अक्सर असंतुलित होकर गिर जाते हैं। ग्रामीणों का कहना है कि कई बार छोटे-मोटे हादसे भी हो चुके हैं। ग्रामीणों ने बताया कि स्थानीय विधायक शंभूनाथ यादव अपने गांव चक्की इसी पुल से होकर आते जाते है लेकिन उनका ध्यान इस पर क्यों नहीं जाता सोचने वाली बात है। ग्रामीणों ने इस समस्या की जानकारी कई बार संबंधित विभाग और प्रशासन को दी गई है, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। इससे लोगों में नाराजगी भी देखी जा रही है।


