उन्नाव में पारा 43 डिग्री, अस्पतालों में बढ़े मरीज:भीषण गर्मी से जनजीवन प्रभावित, डॉक्टरों ने बचाव की सलाह दी

उन्नाव में पारा 43 डिग्री, अस्पतालों में बढ़े मरीज:भीषण गर्मी से जनजीवन प्रभावित, डॉक्टरों ने बचाव की सलाह दी

उन्नाव जिले में शनिवार को भीषण गर्मी और तेज धूप ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दीं। सुबह से ही आसमान से आग बरसती रही और दोपहर होते-होते सड़कें सूनी नजर आने लगीं। मौसम विभाग के अनुसार, शनिवार को जिले का अधिकतम तापमान 43 डिग्री सेल्सियस जबकि न्यूनतम तापमान 29 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। लगातार बढ़ रही गर्मी और लू के थपेड़ों ने आम जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित किया है। दोपहर के समय शहर की प्रमुख सड़कें और बाजार खाली दिखाई दिए। जो लोग बाहर निकले भी, वे सिर और चेहरे को कपड़े से ढंककर चलते नजर आए। चौराहों और बाजारों में लगे अधिकांश वाटर कूलर खराब पड़े होने से राहगीरों को पीने के पानी के लिए परेशानी हुई। कई जगह लोग बोतलबंद पानी खरीदकर प्यास बुझाने को मजबूर दिखे। नगर पालिका की ओर से सार्वजनिक स्थानों पर पर्याप्त पेयजल व्यवस्था न होने से लोगों में नाराजगी भी देखी गई। गर्मी का असर सबसे ज्यादा बच्चों, बुजुर्गों और बीमार लोगों पर पड़ रहा है। जिला अस्पताल समेत निजी अस्पतालों में उल्टी, दस्त, बुखार, डिहाइड्रेशन और हीट स्ट्रोक के मरीजों की संख्या बढ़ गई है। जिला अस्पताल की ओपीडी में सुबह से ही मरीजों की लंबी कतारें लगी रहीं। डॉक्टरों के मुताबिक, तेज धूप में अधिक देर रहने और शरीर में पानी की कमी होने से लोग तेजी से बीमार पड़ रहे हैं। चिकित्सकों ने लोगों को पर्याप्त मात्रा में पानी पीने, हल्का भोजन करने और दोपहर 12 बजे से शाम 4 बजे तक धूप में निकलने से बचने की सलाह दी है। इसके साथ ही बच्चों और बुजुर्गों का विशेष ध्यान रखने को कहा गया है। स्वास्थ्य विभाग ने भी गर्मी को देखते हुए अस्पतालों में अतिरिक्त इंतजाम करने के निर्देश दिए हैं। वहीं, बिजली की बढ़ती मांग के कारण शहर और ग्रामीण क्षेत्रों में कई जगह लो वोल्टेज और कटौती की समस्या भी सामने आ रही है। लोगों का कहना है कि बिजली कटौती से कूलर और पंखे बंद होने पर रात में भी राहत नहीं मिल पा रही है।

​ 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *