आजकल हम सभी तकनीकी दुनिया से जुड़े हुए हैं। हर सुविधा का आनंद ले रहे हैं। हम सभी हर जगह QR कोड स्कैन करने के आदी हो चुके हैं। फिर चाहे 10 रुपये का काम हो या हजारों, लाखों का हम सब हर काम के लिए ऑनलाइन का सहरा सबसे ज्यादा लेते हैं, लेकिन इन सभी चीजों से स्कैम भी काफी बढ़ रहा है। आजकल आपने देखा होगा कि रेस्टोरेंट, कैफे और दुकानों में क्यूआर कोड स्कैन करके मेन्यू देखना काफी आम है, हालांकि यह सुविधा अब बड़ा साइबर खतरा बनता जा रहा है। पुणे की एक महिला के साथ हुए घटना ने क्यूआर कोड सुरक्षा पर और भी गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
महिला ने केवल रेस्टोरेंट का डिजिटल मेन्यू देखने के लिए क्यूआर स्कैन किया था, लेकिन कुछ ही घंटों बाद उनके फोन पर अश्लील मैसेज आने लगे। बाद में पता चला कि मैसेज भेजने वाला उस रेस्टोरेंट का वेटर था।
जानें पूरा मामला क्या है?
आपको बता दें कि ऋषिका दत्ता पुणे के एफसी रोड स्थित एक रेस्टोरेंट में खाना खाने गई थी। वहां टेबल पर उन्हें क्यूआर कोड को स्कैन कर डिजिटल मेन्यू खोलने को दिया गया। जिसके बाद रात में उनके फोन पर अंजान नंबर से लगातार अश्लील मैसेज आने लगे। फिर पता चला कि मैसेज भेजने वाला उस रेस्टोरेंट का वेटर था। महिला ने आरोप लगाया कि उनक मोबाइल नंबर रेस्टोरेंट के डिजिटल मेन्यू सिस्टम से लीक हुआ है।
क्यूआर कोड से आपका नंबर कैसे लीक हो सकता है?
साइबर एक्सपर्ट ने बताया कि क्यूआप कोड स्कैन करते समय अक्सर यूजर्स बिना सोचे अपना मोबाइल नंबर दर्ज कर देते हैं। खासतौर पर QR स्कैन करने पर वेबसाइट खुलती है, वहां पर मेन्यू या ऑर्डर के लिए मोबाइल नंबर मांगा जाता है फिर यह डेटा रेस्टोरेंट सिस्टम में सेव हो जाता है। यदि सिस्टम सुरक्षित न हो या कर्मचारी को एक्सेस मिल जाए, तो ग्राहक की जानकारी लीक हो सकती है।
फर्जी क्यूआर कोड भी बन रहा बड़ा खतरा
एक्सपर्ट ने बताया है कि कई मामलों में साइबर अपराधी असली क्यूआर कोड के ऊपर नकली क्यूआर कोड चिपका देते हैं। ऐसा QR स्कैन करते ही यूजर फर्जी वेबसाइट पर पहुंच जाता है। जिससे फोन की जानकारी चोरी हो सकती है और बैंकिंग डिटेल्स तक खतरे में पड़ सकती हैं। इतना ही नहीं, इससे तो आपके फोन में मालवेयर भी इंस्टॉल हो सकता है।
QR Code स्कैन करते समय रखें ये सावधानियां
हर जगह ऑनलाइन पैसों का लेन-देन करते हैं, तो इन बातों का ध्यान रखें-
– पेपर मेन्यू मांगे- जितना संभव हो सके, उतना रेस्टोरेंट में पेपर वाला मेन्यू मांगे और अपना नंबर तो भूलकर भी किसी को न दें।
– परमिशन चेक करें- यदि QR स्कैन करने के बाद कोई वेबसाइट आपके कैमरा, कॉन्टैक्ट्स या लोकेशन की अनुमति मांगे, तो उसे तुरंत Deny कर दें।
– URL की जांच- स्कैन करने के दौरान ब्राउजर में देखें कि लिंक आधिकारिक है या नहीं। संदिग्ध दिखने वाले लिंक पर अपनी कोई भी जानकारी शेयर न करें।


