मथुरा नगर क्षेत्र में महाविद्या देवी मंदिर के सामने बनी एक नई सड़क निर्माण के मात्र आठ महीने के भीतर ही जर्जर हो गई है। लाखों रुपये की लागत से बनी यह सड़क कई स्थानों से फट गई है और इसमें गहरे गड्ढे बन गए हैं। इससे राहगीरों को आवागमन में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। स्थानीय लोगों में इस पर गहरा रोष है। स्थानीय निवासी हेमन्त कुमार शर्मा ने आरोप लगाया है कि सड़क निर्माण में घटिया सामग्री का उपयोग किया गया, जिसके कारण यह इतनी जल्दी टूट गई। उन्होंने निर्माण कार्य में गुणवत्ता मानकों की अनदेखी और भ्रष्टाचार की आशंका जताई है। क्षेत्र के अन्य निवासियों ने भी इसी तरह के आरोप लगाते हुए संबंधित अधिकारियों पर लापरवाही का आरोप लगाया है। निवासियों के अनुसार, बरसात के बाद से सड़क की स्थिति और खराब हो गई है। जगह-जगह दरारें पड़ गई हैं और कई हिस्से धंस गए हैं। इससे स्थानीय लोगों के साथ-साथ मंदिर आने वाले श्रद्धालुओं को भी भारी असुविधा हो रही है। विशेष रूप से बुजुर्ग, महिलाएं और बाहर से आने वाले श्रद्धालु इस मार्ग पर चलने में असुरक्षित महसूस कर रहे हैं। स्थानीय दुकानदारों ने बताया कि सड़क की खराब स्थिति का सीधा असर उनके व्यापार पर पड़ रहा है। ग्राहक इस रास्ते से आने से कतरा रहे हैं, जिससे उनकी आय प्रभावित हो रही है। व्यापारियों ने प्रशासन से इस समस्या का शीघ्र समाधान करने की मांग की है। नाराज लोगों ने प्रशासन के प्रति अपनी नाराजगी व्यक्त करते हुए चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही सड़क की मरम्मत नहीं कराई गई, तो वे विरोध प्रदर्शन करने को मजबूर होंगे। अब देखना यह होगा कि प्रशासन इस गंभीर मामले पर क्या कार्रवाई करता है और दोषी अधिकारियों या ठेकेदारों के खिलाफ क्या कदम उठाता है।


