RAS Result 2024: एक ही मोहल्ले के तीन युवाओं ने एक साथ किया कमाल, आरएएस में गाड़ा सफलता का झंडा, उत्सव जैसा माहौल

RAS Result 2024: एक ही मोहल्ले के तीन युवाओं ने एक साथ किया कमाल, आरएएस में गाड़ा सफलता का झंडा, उत्सव जैसा माहौल

देवगढ़। राजस्थान राज्य एवं अधीनस्थ सेवाएं संयुक्त प्रतियोगी परीक्षा 2024 के परिणाम घोषित होते ही देवगढ़ शहर में खुशी की लहर दौड़ गई। इस बार शहर के एक ही मोहल्ले के तीन युवाओं ने सफलता हासिल कर एक अनोखी मिसाल पेश की है।

यह वीडियो भी देखें

सफल अभ्यर्थियों में संजय कुमार नराणिया के पुत्र वियांश ने दूसरे प्रयास में 351वीं रैंक प्राप्त की है, जबकि विजय नराणिया के पुत्र विकास कुमार ने पहले ही प्रयास में 383वीं रैंक हासिल कर शानदार प्रदर्शन किया। खास बात यह है कि दोनों अभ्यर्थी एक ही परिवार से जुड़े हुए हैं। इसके साथ ही वेदप्रकाश जोशी की पुत्री प्रज्ञा ने भी पहले प्रयास में 807वीं रैंक हासिल कर क्षेत्र का नाम रोशन किया है।

क्षेत्र में खुशी का माहौल

एक ही मोहल्ले से तीन युवाओं के चयन की खबर मिलते ही पूरे देवगढ़ में उत्सव जैसा माहौल बन गया। परिजन, मित्र और शुभचिंतक एक-दूसरे को बधाई देने में जुट गए। घर-घर मिठाइयां बांटी गईं और इस सफलता को ऐतिहासिक उपलब्धि के रूप में देखा जा रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यह सफलता क्षेत्र के युवाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत बनेगी। तीनों सफल अभ्यर्थियों ने अपनी उपलब्धि का श्रेय माता-पिता के मार्गदर्शन, शिक्षकों के सहयोग और अपनी लगातार मेहनत को दिया है।

झाड़ोली गांव की भी चर्चा

इसी कड़ी में सिरोही जिले के झाड़ोली गांव की भी चर्चा हो रही है, जहां एक ही परिवार के तीन सगे भाई-बहनों ने आरएएस परीक्षा में चयनित होकर मिसाल कायम की है। इस परिवार में सबसे छोटे परमवीर सिंह ने 24वीं रैंक, बहन सेजल कुंवर ने 120वीं और बड़े भाई महिपाल सिंह ने 931वीं रैंक प्राप्त की है। इस तरह की सफलताएं प्रदेश में युवाओं को आगे बढ़ने की प्रेरणा दे रही हैं।

दिनेश बिश्नोई की प्रथम रैंक

प्रदेश स्तर पर भी इस बार कई प्रतिभाओं ने उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है। बाड़मेर के दिनेश बिश्नोई ने प्रथम रैंक हासिल कर टॉपर बनने का गौरव पाया। वीरेंद्र चारण दूसरे स्थान पर रहे, जबकि नवनीत शर्मा ने तीसरी रैंक प्राप्त की। इसके अलावा रवीन्द्र सिंह चौथे और विकास सियाग पांचवें स्थान पर रहे। इन सभी सफल अभ्यर्थियों ने अपनी मेहनत और समर्पण से यह मुकाम हासिल किया है। देवगढ़ के इन युवाओं की सफलता ने यह साबित कर दिया है कि यदि लक्ष्य स्पष्ट हो और मेहनत ईमानदारी से की जाए, तो किसी भी मुकाम को हासिल किया जा सकता है। यह उपलब्धि पूरे क्षेत्र के लिए गर्व का विषय बन गई है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *